फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   private employee will investigate in government teachers matter

निलंबित सरकारी शिक्षकों की जांच करेंगे प्राइवेट कर्मी

Tue, 02 Feb 2016 11:52 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा Updated Tue, 02 Feb 2016 11:52 PM IST
विज्ञापन
private employee will investigate in government teachers matter
क्लैंसी इंटर कालेज के सात शिक्षकों के निलंबन के बाद अब प्रबंध समिति ने उनकी जांच शुरू कर दी है। इसके लिए बनाई गई समिति में प्राइवेट लोगों को रखने से शिक्षकों और शिक्षक संघ ने विरोध किया है।
विज्ञापन


क्लैंसी इंटर कालेज के प्रबंधक एसएन सिंह ने सात शिक्षकों को एक साथ निलंबित कर दिया था। निलंबन करने का कारण प्रधानाचार्य से अभद्रता बताया गया था। जबकि इस आधार को कार्यवाहक प्रधानाचार्य संजय पॉल ने नकारते हुए डीआईओएस को पत्र सौंपा था।
विज्ञापन


निलंबन के विरोध में जिले के सभी शिक्षक संघों ने धरना प्रदर्शन भी किया गया था। इसके बाद डीएम ने इसमें दो सदस्यीय जांच टीम गठित कर दी थी। इस मामले में प्रबंध समिति से भी मामले की जांच कराई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रबंध समिति द्वारा बनाई गई तीन सदस्यीय समिति में शामिल चंदर मसीह इनग्राहम इंस्टीट्यूट में क्लर्क हैं, दूसरे सदस्य टीटू पीटर गाजियाबाद में पादरी और तीसरे सदस्य मसीह लाल भी पादरी हैं।

प्रधानाचार्य परिषद् के अध्यक्ष डॉ. अजयकृष्ण सारस्वत का कहना है कि सरकारी शिक्षकों की जांच प्राइवेट कर्मियों से कराया जाना नियमानुसार गलत है। जांच सदैव उच्च पद पर आसीन अथवा अधिक वेतनभोगी कर्मी से कराई जा सकती है।


कालेज प्रबंधक एसएन सिंह ने बताया कि जांच समिति का गठन प्रबंध समिति द्वारा किया गया है। समिति जांच के बाद जांच आख्या प्रबंध समिति को सौंपेगी। इसके बाद प्रबंध समिति ही इसमें कोई निर्णय लेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed