फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   Premanand Maharaj Ashram Rules Changed After Disciple Death

यूपी: संत प्रेमानंद के शिष्य की मौत के बाद बदल गए आश्रम के नियम, इन कार्यों पर लगी पाबंदी; आया नया अपडेट

Wed, 30 Sep 2026 12:46 PM IST
Dhirendra Singh संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा Published by: Dhirendra Singh Updated Wed, 30 Sep 2026 12:46 PM IST
सार

संत प्रेमानंद के शिष्य दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारीशरण की मौत के बाद केलिकुंज आश्रम में सख्ती बढ़ गई है और दीक्षित परिकरों के लिए नए नियम बनाए जाने की बात सामने आई है। पुलिस 30 से अधिक लोगों से पूछताछ कर चुकी है और मोबाइल, डायरी, फिंगरप्रिंट व अन्य साक्ष्यों की फोरेंसिक जांच कराई जा रही है।

विज्ञापन
Premanand Maharaj Ashram Rules Changed After Disciple Death
संत प्रेमानंद महाराज - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

वृंदाव के संत प्रेमानंद के शिष्य की मौत की घटना जहां पुलिस एक एक बिंदु पर पड़ताल कर रही है, वहीं आश्रम में भी सख्ती नजर आ रही है। संत प्रेमानंद महाराज यमुना विहार गुंज में हैं, लेकिन केलिकुंज में घटना के बाद सख्ती का माहौल है। गली में लोगों को बेवजह खड़ा नहीं होने दिया जा रहा है। आश्रम से जुडे़ सूत्र बताते हैं कि जल्द ही दीक्षित परिकरों के लिए के लिए नए नियम बनाए जाएंगे।
विज्ञापन


 

संत के शिष्य रसिक दुलारीशरण की मौत के बाद जांच में जुटी पुलिस ने अब तक 30 से अधिक लोगों से पूछताछ की है, लेकिन किसी नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है। पुलिस की खुद समझ नहीं आ रहा है कि दुलारीशरण ने ऐसा क्यों किया, आत्महत्या करने से पहले उसने अपने प्राइवेट पार्ट को क्यों काटा। परिजन की बातों पर गौर किया जाए तो आश्रम के जिम्मेदारों पर बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

मृतक के भाई मनीष और जीजा सोनू ने कहा कि संत के आश्रम के जिम्मेदारों ने उन्हें धोखे में रखा। ऑटो चालक से जब उन्होंने बात कराई तो उन्होंने कह दिया कि सीधे आश्रम लेकर आ जाओ। वह आश्रम पहुंचे, लेकिन संत प्रेमानंद महाराज से उनका संपर्क नहीं हो पाया। उनके शिष्य कर दर्दनाक मौत के बावजूद महाराज आश्रम में अन्य लोगों से तो मिल रहे थे, लेकिन मृतक के परिजनों से बात करना जरूरी नहीं समझा। उन्हें तो यह सब साजिश लग रही है। पुलिस इस मामले में निष्पक्ष जांच करे तो रहस्य खुल सकेगा। सीओ सदर संदीप सिंह का कहना है कि पुलिस मामले की जांच कर रही है।


 
विज्ञापन

संत प्रेमानंद के शिष्य की मौत की एसआईटी या मजिस्ट्रियल जांच की मांग
संत प्रेमानंद के शिष्य दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी शरण की संदिग्ध परिस्थिति में हुई मौत के मामले की एसआईटी या मजिस्ट्रियल जांच की मांग उठने लगी है। सामाजिक कार्यकर्ता प्रहलाद कृष्ण शुक्ला ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को पत्र लिखकर एसआईटी या मजिस्ट्रियल जांच कराए जाने के मांग की है।

 

उन्होंने बताया कि संत प्रेमानंद के शिष्य रसिक दुलारीशरण की पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार उनके शरीर सात स्थान पर चोटें थीं, इसके अलावा प्राइवेट पार्ट भी कटा हुआ था। अधिक रक्त बहना मौत का कारण पाया गया है। उन्होंने कहा कि संत प्रेमानंद एवं श्रीहित राधाकेलि कुंज ट्रस्ट की ओर किसी भी व्यक्ति का कोई भी वक्तव्य दीपक की मौत के मामले में नहीं आया हैं, यह काफी संदेहास्पद है। मृतक के परिजन ने इसे आत्महत्या मानने से इंकार करते हुए पुलिस को लिखित शिकायत देकर बड़ी साजिश की आशंका जताई है। उनका कहना है कि 2 वर्षों से दीपक से उनका कोई संपर्क नहीं था। आश्रम प्रबंधन उसे परिजनों से मिलने भी नहीं देता था।

 

पुलिस को सूचना घटना हो जाने के लगभग 2 घंटे बाद अस्पताल से मिली। आश्रम में रहने वाले साधकों ने घटना के बाद आश्रम के सामने लगी सबमर्सिबल चलाकर पानी से सड़क पर पड़े खून को साफ किया। इससे पता चलता है कि मामला काफी गंभीर हैं और इस मामले में प्राप्त सबूतों को सुरक्षित रखते हुए गहनता से इस विषय की जांच अति आवश्यक है। उन्होंने बताया कि वह शीघ्र उक्त मामले में निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल करेंगे और एसआईटी और मजिस्ट्रियल जांच की मांग करेंगे।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed