{"_id":"67d092ab9f1bba61790d9bf1","slug":"people-are-liking-readymade-chips-and-papad-on-holi-mathura-news-c-369-1-mt11007-126417-2025-03-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mathura News: होली पर लोगों को रेडीमेड चिप्स-पापड़ भा रहे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mathura News: होली पर लोगों को रेडीमेड चिप्स-पापड़ भा रहे
विज्ञापन
मथुरा। समय के साथ होली के त्योहार की परंपराएं भी बदल रही हैं। एक समय था जब त्योहार से महीने भर पहले महिलाएं घरों में चिप्स-पापड़ तैयार करती थीं, लेकिन अब इनकी जगह रेडीमेड चिप्स-पापड़ ने ले ली है। इस बार भी त्योहार से पहले बाजार में इनकी बिक्री शुरू हो गई है।
बाजारों में करीब 80 रुपये से 120 रुपये प्रति किलो तक के दामों पर इनकी बिक्री हो रही है। ज्यादातर परिवारों में होली पर इनका ही प्रयोग किया जा रहा है। इसके अलावा बाजार में मावा और मेवा की खरीदारी बढ़ भी गई है। गुजियों समेत होली के अन्य विशेष व्यंजनों में इनका खासा इस्तेमाल होता है। बीते साल से इस बार मावे का भाव 25 से 30 रुपये प्रति किलो तक बढ़ा है। बीते साल होली पर मावे का दाम 240 से 250 रुपये प्रति किलो था।
होली गेट स्थित एक डेयरी संचालक मनोज जैन ने बताया कि होली पर मावा के दाम बढ़े हैं। ऐसे में मिठाइयों के दाम में भी वृद्धि हुई है। मावा 280 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। ड्राईफ्रूट व्यापारी श्याम सुंदर अग्रवाल ने बताया कि बीते साल के मुकाबले मेवा के दामों में इस बार 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है। बीते साल होली पर बादाम 750 से 770 रुपये प्रति किलो थे लेकिन इस बार दाम बढ़कर 800-950 रुपये तक पहुंच गए हैं।
विज्ञापन
काजू 720 से बढ़कर 750-1150, किसमिस 220 से बढ़कर 250 रुपये प्रति किलो हो गई है। सबसे ज्यादा दाम चिरौंजी के बढ़े हैं। बीते साल होली पर 1750 रुपये प्रति किलो बिकने वाली चिरौंजी अब 1800 से लेकर 2050 रुपये प्रति किलो के दाम पर बिक रही है। इधर, महिलाओं का कहना है कि अब ज्यादातर महिलाएं कामकाजी हो गई हैं। इसलिए बाजार के रेडीमेड चिप्स-पापड़ को अधिक महत्व दिया जा रहा है। वहीं बंदरों के उत्पात के चलते महिलाएं खान-पान की वस्तुओं को धूप में सुखा नहीं पातीं हैं।
विज्ञापन
बाजारों में करीब 80 रुपये से 120 रुपये प्रति किलो तक के दामों पर इनकी बिक्री हो रही है। ज्यादातर परिवारों में होली पर इनका ही प्रयोग किया जा रहा है। इसके अलावा बाजार में मावा और मेवा की खरीदारी बढ़ भी गई है। गुजियों समेत होली के अन्य विशेष व्यंजनों में इनका खासा इस्तेमाल होता है। बीते साल से इस बार मावे का भाव 25 से 30 रुपये प्रति किलो तक बढ़ा है। बीते साल होली पर मावे का दाम 240 से 250 रुपये प्रति किलो था।
विज्ञापन
होली गेट स्थित एक डेयरी संचालक मनोज जैन ने बताया कि होली पर मावा के दाम बढ़े हैं। ऐसे में मिठाइयों के दाम में भी वृद्धि हुई है। मावा 280 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। ड्राईफ्रूट व्यापारी श्याम सुंदर अग्रवाल ने बताया कि बीते साल के मुकाबले मेवा के दामों में इस बार 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है। बीते साल होली पर बादाम 750 से 770 रुपये प्रति किलो थे लेकिन इस बार दाम बढ़कर 800-950 रुपये तक पहुंच गए हैं।
विज्ञापन
काजू 720 से बढ़कर 750-1150, किसमिस 220 से बढ़कर 250 रुपये प्रति किलो हो गई है। सबसे ज्यादा दाम चिरौंजी के बढ़े हैं। बीते साल होली पर 1750 रुपये प्रति किलो बिकने वाली चिरौंजी अब 1800 से लेकर 2050 रुपये प्रति किलो के दाम पर बिक रही है। इधर, महिलाओं का कहना है कि अब ज्यादातर महिलाएं कामकाजी हो गई हैं। इसलिए बाजार के रेडीमेड चिप्स-पापड़ को अधिक महत्व दिया जा रहा है। वहीं बंदरों के उत्पात के चलते महिलाएं खान-पान की वस्तुओं को धूप में सुखा नहीं पातीं हैं।