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Mathura News: नवंबर में 6 तो दिसंबर में 7 दिन घोड़ी चढ़ेंगे दूल्हे
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मथुरा। देवउठनी एकादशी यानि बृहस्पतिवार को पांच माह के चातुर्मास की अवधि पूरी हो रही है। श्री हरि योग निद्रा से बाहर आने के साथ ही पिछले पांच माह से थमी शहनाइयां फिर से गूंजने लगेंगी। विवाह के साथ ही अन्य मांगलिक कार्य भी शुरू हो जाएंगे। युवाओं का दूल्हा बनकर घोड़ी चढ़ने का इंतजार भी अब खत्म हो जाएगा।
ज्योतिषाचार्य पं. अजय कुमार तैलंग ने बताया कि 23 से 30 नवंबर तक यानी 8 दिन में विवाह के 6 शुभ मुहूर्त हैं। इनमें 23 नवंबर को देवउठनी एकादशी जिसको देव प्रबोधिनी एकादशी भी बोलते हैं। यह मुहूर्त अनसूझा माना जाता है। नवंबर में 23 के साथ 24, 25, 27, 28, 29 को मिलाकर विवाह के कुल 6 शुभ मुहूर्त हैं। वहीं दिसंबर में कुल 7 विवाह के मुहूर्त होंगे। इनमें 5, 6, 7, 8, 9, 11 व 15 दिसंबर शामिल हैं।
16 दिसंबर से 14 जनवरी तक थम जाएंगे विवाह
16 दिसंबर से 14 जनवरी 2024 तक धनु के सूर्य खरमास में विवाह बंद रहेंगे। ज्योतिषाचार्य कामेश्वर चतुर्वेदी ने बताया कि हिंदू धर्म में विवाह को एक महत्वपूर्ण संस्कार माना गया है। सनातन धर्म में किसी भी जातक का विवाह कुंडली मिलान कर तय किया जाता है। मान्यता है कि कुंडली में गुणों के मिलान के साथ-साथ शुभ मुहूर्त में विवाह करने पर वर और वधु को सौभाग्य की प्राप्ति होती है। बताया कि 23 नवंबर को देवउठनी एकादशी मनाई जाएगी और 24 नवंबर को तुलसी विवाह होगा।
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ज्योतिषाचार्य पं. अजय कुमार तैलंग ने बताया कि 23 से 30 नवंबर तक यानी 8 दिन में विवाह के 6 शुभ मुहूर्त हैं। इनमें 23 नवंबर को देवउठनी एकादशी जिसको देव प्रबोधिनी एकादशी भी बोलते हैं। यह मुहूर्त अनसूझा माना जाता है। नवंबर में 23 के साथ 24, 25, 27, 28, 29 को मिलाकर विवाह के कुल 6 शुभ मुहूर्त हैं। वहीं दिसंबर में कुल 7 विवाह के मुहूर्त होंगे। इनमें 5, 6, 7, 8, 9, 11 व 15 दिसंबर शामिल हैं।
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16 दिसंबर से 14 जनवरी तक थम जाएंगे विवाह
16 दिसंबर से 14 जनवरी 2024 तक धनु के सूर्य खरमास में विवाह बंद रहेंगे। ज्योतिषाचार्य कामेश्वर चतुर्वेदी ने बताया कि हिंदू धर्म में विवाह को एक महत्वपूर्ण संस्कार माना गया है। सनातन धर्म में किसी भी जातक का विवाह कुंडली मिलान कर तय किया जाता है। मान्यता है कि कुंडली में गुणों के मिलान के साथ-साथ शुभ मुहूर्त में विवाह करने पर वर और वधु को सौभाग्य की प्राप्ति होती है। बताया कि 23 नवंबर को देवउठनी एकादशी मनाई जाएगी और 24 नवंबर को तुलसी विवाह होगा।
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