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70,000 किसानों को फसल बीमा के 42 करोड़
अमर उजाला मथुरा
Updated Thu, 18 Aug 2016 10:51 PM IST
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- फोटो : फाइल फोटो
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जिले के 70,000 से ज्यादा किसानों के खातों में 42 करोड़ रुपये जारी कर दिए गए हैं। यह रकम रबी की फसल प्रभावित होने पर फसल बीमा मुआवजा के तौर पर किसानों को दी गई है। इससे पहले भी जिले के किसानों को बीमा कंपनी ने खरीफ में हुए नुकसान पर 10 करोड़ रुपये जारी किए थे।
पिछली रबी की फसल के दौरान फरवरी और मार्च माह में बरसात से जिले में आलू और गेहूं की फसल प्रभावित हुई थी। इस सीजन में जिले के करीब 70,000 किसानों ने विभिन्न माध्यमों से फसल बीमा कराया था, जिन्हें अब मुआवजा की रकम जारी की गई है।
सीडीओ मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि फसल बीमा से किसानों को काफी हद तक आर्थिक मदद मिल रही है। वर्तमान में रबी की फसल के 42 करोड़ और इससे पूर्व खरीफ की फसल के 10 करोड़ रुपये किसानों को बीमा कंपनी ने दिए थे। सीडीओ मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि वर्तमान में बरसात से भी जिले के कई क्षेत्रों में फसल प्रभावित हुई है। बलदेव, छाता, नौहझील, मांट प्रभावित बताया जा रहा है। इसके सर्वे के आदेश दे दिए गए हैं।
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मुसीबत के रहे तीन साल
बीते तीन साल जिले के किसानों के लिए बुरे दौर के रूप में गुजरे हैं। तीन साल पहले ओलावृष्टि से जिले की संपूर्ण खरीफ फसल ही नष्ट हो गई थी।
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पिछली रबी की फसल के दौरान फरवरी और मार्च माह में बरसात से जिले में आलू और गेहूं की फसल प्रभावित हुई थी। इस सीजन में जिले के करीब 70,000 किसानों ने विभिन्न माध्यमों से फसल बीमा कराया था, जिन्हें अब मुआवजा की रकम जारी की गई है।
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सीडीओ मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि फसल बीमा से किसानों को काफी हद तक आर्थिक मदद मिल रही है। वर्तमान में रबी की फसल के 42 करोड़ और इससे पूर्व खरीफ की फसल के 10 करोड़ रुपये किसानों को बीमा कंपनी ने दिए थे। सीडीओ मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि वर्तमान में बरसात से भी जिले के कई क्षेत्रों में फसल प्रभावित हुई है। बलदेव, छाता, नौहझील, मांट प्रभावित बताया जा रहा है। इसके सर्वे के आदेश दे दिए गए हैं।
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मुसीबत के रहे तीन साल
बीते तीन साल जिले के किसानों के लिए बुरे दौर के रूप में गुजरे हैं। तीन साल पहले ओलावृष्टि से जिले की संपूर्ण खरीफ फसल ही नष्ट हो गई थी।