{"_id":"6ae2508c9009db2d470736c7","slug":"farmers-heading-to-lay-siege-to-the-collectorate-stopped-at-semri-mathura-news-c-415-1-mnp1012-1300-2026-10-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mathura News: कलेक्ट्रेट घेरने निकले किसान सेमरी पर रोके","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mathura News: कलेक्ट्रेट घेरने निकले किसान सेमरी पर रोके
विज्ञापन
छाता (मथुरा)। बंद पड़ी छाता चीनी मिल को दोबारा चालू कराने की मांग को लेकर किसान बुधवार को सड़क पर उतर आए। बुधवार को मिल से सैकड़ों ट्रैक्टरों में सवार होकर हजारों की संख्या में किसान जिला मुख्यालय की ओर बढ़ तो पुलिस-प्रशासन सतर्क हो गया। गांव सेमरी के पास किसानों को पुलिस ने रोक दिया। यहां हुई वार्ता के बाद किसान धरना स्थल पर लौट गए।
भूतपूर्व सैनिक परिषद के बैनर तले ललित कर्मयोगी के नेतृत्व में किसान मिल परिसर में धरने पर बैठे हैं। बुधवार सुबह ग्रामीण इलाकों से महिलाएं हाथों में तिरंगा झंडा लेकर धरना स्थल पर जुटने लगीं। यहां से हजारों की संख्या में किसान बुधवार को पद्म फौजी की नेतृत्व में सैकड़ों ट्रैक्टरों पर सवार होकर जिलाधिकारी कार्यालय की तरफ चल पड़े। मथुरा-दिल्ली राजमार्ग पर गांव सेमरी में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने किसान को रोक दिया। यहां हुई वार्ता में किसान अपनी दो मुख्य मांगों पर अड़े रहे। इसमें छाता चीनी मिल को शुरू कराने और आंदोलन के दौरान जब्त सामान वापस लौटने की मांग शामिल रही।
आश्वासन पर बनी सहमति
लंबी वार्ता के बाद प्रशासन की ओर से दिए गए आश्वासनों पर सहमति बन गई। एसपी देहात आलोक राज नारायण ने किसानों को आश्वस्त किया कि एफआईआर में फाइनल रिपोर्ट लगाई जाएगी। जब्त सामान लौटाया जाएगा। एडीएम प्रशासन अमरेश ने बताया कि चीनी मिल के मुद्दे पर किसानों की 21 सदस्यीय समिति गठित की जाएगी। छाता शुगर मिल संघर्ष समिति के नेतृत्व में किसानों ने एडीएम को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान नगर पंचायत बरसाना के चेयरमैन प्रतिनिधि पदम फौजी, कुंवर नरेंद्र सिंह, करणी सेना के प्रदेश सचिव कन्हैया सिंह राजावत, ठाकुर छल्लो जादौन, ठाकुर वीरी सिंह, फत्तेपाल, पूरन सिंह, त्रिलोकी, भोला, भावना जादौन मौजूद रहे। इसके बाद किसान धरना स्थल पर लौट गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
भूतपूर्व सैनिक परिषद के बैनर तले ललित कर्मयोगी के नेतृत्व में किसान मिल परिसर में धरने पर बैठे हैं। बुधवार सुबह ग्रामीण इलाकों से महिलाएं हाथों में तिरंगा झंडा लेकर धरना स्थल पर जुटने लगीं। यहां से हजारों की संख्या में किसान बुधवार को पद्म फौजी की नेतृत्व में सैकड़ों ट्रैक्टरों पर सवार होकर जिलाधिकारी कार्यालय की तरफ चल पड़े। मथुरा-दिल्ली राजमार्ग पर गांव सेमरी में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने किसान को रोक दिया। यहां हुई वार्ता में किसान अपनी दो मुख्य मांगों पर अड़े रहे। इसमें छाता चीनी मिल को शुरू कराने और आंदोलन के दौरान जब्त सामान वापस लौटने की मांग शामिल रही।
विज्ञापन
आश्वासन पर बनी सहमति
लंबी वार्ता के बाद प्रशासन की ओर से दिए गए आश्वासनों पर सहमति बन गई। एसपी देहात आलोक राज नारायण ने किसानों को आश्वस्त किया कि एफआईआर में फाइनल रिपोर्ट लगाई जाएगी। जब्त सामान लौटाया जाएगा। एडीएम प्रशासन अमरेश ने बताया कि चीनी मिल के मुद्दे पर किसानों की 21 सदस्यीय समिति गठित की जाएगी। छाता शुगर मिल संघर्ष समिति के नेतृत्व में किसानों ने एडीएम को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान नगर पंचायत बरसाना के चेयरमैन प्रतिनिधि पदम फौजी, कुंवर नरेंद्र सिंह, करणी सेना के प्रदेश सचिव कन्हैया सिंह राजावत, ठाकुर छल्लो जादौन, ठाकुर वीरी सिंह, फत्तेपाल, पूरन सिंह, त्रिलोकी, भोला, भावना जादौन मौजूद रहे। इसके बाद किसान धरना स्थल पर लौट गए।
विज्ञापन