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रामवृक्ष का डीएनए टेस्ट सीबीआई को सौंपे जाने की तैयारी
अमर उजाला ब्यूरो, मथुरा
Updated Mon, 17 Apr 2017 11:52 PM IST
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ramvriksha yadav (file photo)
- फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला
शुरू हो गई है। अभी तक यह परीक्षण पुलिस की लखनऊ स्थित विधि विधान प्रयोगशाला में चल रहा था। पुलिस सूत्रों का कहना है कि अनौपचारिक रूप से किए गए परीक्षण के दौरान रामवृक्ष और उसके बेटे विवेक यादव का डीएनए मिला नहीं था। इसके चलते लैब के अफसर घबरा गए। केस की जांच कर रही सीबीआई को खत लिखा जा चुका है कि वह डीएनए सैंपल ले जाए और खुद टेस्ट करा ले।
पुलिस ने रामवृक्ष की हड्डी का सैंपल भेजा था। उसके बेटे विवेक के खून और बाल के सैंपल भेजे गए थे। इनसे डीएनए रिकवर किया जा चुका है। यह पहले स्टेज का टेस्ट होता है। इसके बाद सिर्फ दोनों डीएनए का परीक्षण किया जाना रह जाता है। इसमें दो ही रिजल्ट संभव हैं या तो दोनों सैंपल का मिलान होगा या नहीं होगा।
लैब सूत्रों का कहना है कि अनौपचारिक रूप से टेस्ट करके देखा जा चुका है। इसमें मिलान नहीं हुआ था। इसके बाद औपचारिक टेस्ट नहीं किया गया। लैब अधिकारियों ने कह दिया कि टेस्ट के लिए जरूरी केमिकल खत्म हो गया है।
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इसी में एक महीने का समय काट दिया। उधर, पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जा चुकी है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि लैब अधिकारी चाहते हैं कि डीएनए टेस्ट भी सीबीआई खुद कराए। इस रिपोर्ट से उन पुलिस अफसरों की गर्दन फंस सकती है जो रामवृक्ष की मौत का दावा कर चुके हैं । उन्होंने जवाहर बाग हिंसा में मारे गए लोगों में से एक के शव को रामवृक्ष का बताया था।
रामवृक्ष यादव का डीएनए टेस्ट अभी पूरा नहीं हुआ है। पुलिस की ओर से भेजे गए दोनों सैंपलों से डीएनए निकाला जा चुका है। सीबीआई चाहे तो वह इनका परीक्षण अपने स्तर से करा सकती है - डा. श्याम बिहारी उपाध्याय ( डायरेक्टर, विधि विज्ञान प्रयोगशाला, लखनऊ )
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पुलिस ने रामवृक्ष की हड्डी का सैंपल भेजा था। उसके बेटे विवेक के खून और बाल के सैंपल भेजे गए थे। इनसे डीएनए रिकवर किया जा चुका है। यह पहले स्टेज का टेस्ट होता है। इसके बाद सिर्फ दोनों डीएनए का परीक्षण किया जाना रह जाता है। इसमें दो ही रिजल्ट संभव हैं या तो दोनों सैंपल का मिलान होगा या नहीं होगा।
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लैब सूत्रों का कहना है कि अनौपचारिक रूप से टेस्ट करके देखा जा चुका है। इसमें मिलान नहीं हुआ था। इसके बाद औपचारिक टेस्ट नहीं किया गया। लैब अधिकारियों ने कह दिया कि टेस्ट के लिए जरूरी केमिकल खत्म हो गया है।
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इसी में एक महीने का समय काट दिया। उधर, पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जा चुकी है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि लैब अधिकारी चाहते हैं कि डीएनए टेस्ट भी सीबीआई खुद कराए। इस रिपोर्ट से उन पुलिस अफसरों की गर्दन फंस सकती है जो रामवृक्ष की मौत का दावा कर चुके हैं । उन्होंने जवाहर बाग हिंसा में मारे गए लोगों में से एक के शव को रामवृक्ष का बताया था।
रामवृक्ष यादव का डीएनए टेस्ट अभी पूरा नहीं हुआ है। पुलिस की ओर से भेजे गए दोनों सैंपलों से डीएनए निकाला जा चुका है। सीबीआई चाहे तो वह इनका परीक्षण अपने स्तर से करा सकती है - डा. श्याम बिहारी उपाध्याय ( डायरेक्टर, विधि विज्ञान प्रयोगशाला, लखनऊ )