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Mathura News: राजस्थान व हरियाणा सीमा से सटे जिले के 18 गांव रेड जोन में
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मथुरा। साइबर अपराध के लिए कुख्यात बन चुके गांव पुलिस ने रेड जोन में रखे हुए हैं। राजस्थान और हरियाणा की सीमा से सटे 18 गांव हॉट स्पॉट बन चुके हैं। कभी सोने की ईंट के बेचने के बहाने अपराध करने वाले टटलुओं ने खुद को अब बदल लिया है। वह साइबर ठगी में माहिर हो गए हैं। इनके घरों की महिलाएं भी साइबर ठगी में सहयोग करती हैं।
पुलिस के मुताबिक, राजस्थान की सीमा से सटे गोवर्धन थाने के गांव देवसेरस, मुड़सेरस, नगला अकातिया, दौलतपुर, मडौरा, मलसराय, भगौसा, कामा रोड, थाना बरसाना में हाथिया, उगला जानू, कोसीकलां थाने में शाहपुर, उटाबर, थाना शेरगढ़ में बिसंभरा, गुलालपुर, बाबूगढ़ सहित 18 गांव रेड जोन में शामिल हैं। इनमें रहने वाले लोग पहले टटलू बनकर सोने की ईंट के नाम ठगी करते थे।
इसके बाद जेवर साफ कराने के बहाने सोना चुराने के साथ ही नौकरी, ऑनलाइन लाटरी के नाम पर ठगी करने लगे। अब यह पूरी तरह साइबर अपराध की ओर मुड़ गए हैं। भरतपुर और हरियाणा में भी इनकी रिश्तेदारियां हैं। भरतपुर के कई गांव भी अब रेड जोन में आ चुके हैं। यह लोग ठगी करके दूसरे राज्यों में छुप जाते हैं। वहां के अपराधियों को यह लोग अपने यहां शरण देते हैं। यही कारण है कि पुलिस इन्हें आसानी से नहीं पकड़ पाती है।
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पुलिस के मुताबिक, राजस्थान की सीमा से सटे गोवर्धन थाने के गांव देवसेरस, मुड़सेरस, नगला अकातिया, दौलतपुर, मडौरा, मलसराय, भगौसा, कामा रोड, थाना बरसाना में हाथिया, उगला जानू, कोसीकलां थाने में शाहपुर, उटाबर, थाना शेरगढ़ में बिसंभरा, गुलालपुर, बाबूगढ़ सहित 18 गांव रेड जोन में शामिल हैं। इनमें रहने वाले लोग पहले टटलू बनकर सोने की ईंट के नाम ठगी करते थे।
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इसके बाद जेवर साफ कराने के बहाने सोना चुराने के साथ ही नौकरी, ऑनलाइन लाटरी के नाम पर ठगी करने लगे। अब यह पूरी तरह साइबर अपराध की ओर मुड़ गए हैं। भरतपुर और हरियाणा में भी इनकी रिश्तेदारियां हैं। भरतपुर के कई गांव भी अब रेड जोन में आ चुके हैं। यह लोग ठगी करके दूसरे राज्यों में छुप जाते हैं। वहां के अपराधियों को यह लोग अपने यहां शरण देते हैं। यही कारण है कि पुलिस इन्हें आसानी से नहीं पकड़ पाती है।
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