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मथुरा में नहीं चलता है १० रुपये का सिक्का
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मथुरा। मथुरा जनपद में 10 रुपये के सिक्के का चलन नहीं है। यहां आम दुकानदार से लेकर ऑटो चालक तक इस भारतीय मुद्रा का लेन-देन नहीं करते हैं। इस स्थिति से अंजाम बाहर से आने वाले लोगों को साफ बता दिया जाता है कि 10 रुपये के सिक्का यहां नहीं चलता है।
धर्म नगरी मथुरा की आबादी 30 लाख से अधिक है। यहां चार करोड़ से अधिक लोगों का आगमन प्रतिवर्ष होता है। इन सबके बीच में 10 रुपये का सिक्का यहां चलन से बाहर है। यह स्थिति पिछले कई वर्षों से जनपद में बनी हुई है। इससे यहां के लोग तो भलीभांति परिचित हो गए हैं, लेकिन बाहर से आने वालों को इस समस्या से जूझना पड़ता है, जब दुकानदार और ऑटो चालक यह सिक्का लेने से साफ मना कर देता है।
कुछ समय तो बैंकों का रुख भी यहीं था, लेकिन प्रशासनिक अधिकारियों के दिशानिर्देशों के बाद बैंक ने एक निर्धारित मात्रा में सिक्के जमा करना शुरू कर दिया है, लेकिन आम चलन में जिला प्रशासन 10 रुपये के सिक्के को प्रभावी नहीं बना सका है।
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बृहस्पतिवार को चाह कठौती कुआं निवासी नितिन कुमार सिंह कर्दम ने इसकी शिकायत डीएम नवनीत सिंह चहल से की है। कहा है कि भारतीय मुद्रा 10 रुपये के सिक्का पिछले चार साल से यहां प्रचलन में नहीं है। इससे बाहर से आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भारतीय मुद्रा के चलन से इंकार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उन्होंने डीएम से की है। डीएम नवनीत सिंह चहल ने बताया कि कोई भी व्यक्ति १० रुपये का सिक्का लेने से मना नहीं कर सकता है। मामले की जांच कराएंगे।
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धर्म नगरी मथुरा की आबादी 30 लाख से अधिक है। यहां चार करोड़ से अधिक लोगों का आगमन प्रतिवर्ष होता है। इन सबके बीच में 10 रुपये का सिक्का यहां चलन से बाहर है। यह स्थिति पिछले कई वर्षों से जनपद में बनी हुई है। इससे यहां के लोग तो भलीभांति परिचित हो गए हैं, लेकिन बाहर से आने वालों को इस समस्या से जूझना पड़ता है, जब दुकानदार और ऑटो चालक यह सिक्का लेने से साफ मना कर देता है।
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कुछ समय तो बैंकों का रुख भी यहीं था, लेकिन प्रशासनिक अधिकारियों के दिशानिर्देशों के बाद बैंक ने एक निर्धारित मात्रा में सिक्के जमा करना शुरू कर दिया है, लेकिन आम चलन में जिला प्रशासन 10 रुपये के सिक्के को प्रभावी नहीं बना सका है।
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बृहस्पतिवार को चाह कठौती कुआं निवासी नितिन कुमार सिंह कर्दम ने इसकी शिकायत डीएम नवनीत सिंह चहल से की है। कहा है कि भारतीय मुद्रा 10 रुपये के सिक्का पिछले चार साल से यहां प्रचलन में नहीं है। इससे बाहर से आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भारतीय मुद्रा के चलन से इंकार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उन्होंने डीएम से की है। डीएम नवनीत सिंह चहल ने बताया कि कोई भी व्यक्ति १० रुपये का सिक्का लेने से मना नहीं कर सकता है। मामले की जांच कराएंगे।