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थाने-चौकियों में लगा गंदगी का अंबार
अमर उजाला ब्यूरो मैनपुरी
Updated Sat, 25 Mar 2017 11:28 PM IST
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थाने-चौकियों में लगा गंदगी का अंबार
- फोटो : अमर उजाला
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मुख्यमंत्री के आदेश के बाद भी थाने चौकियों में गंदगी का अंबार है। शहर कोतवाली से लेकर एसपी कार्यालय तक हालात बदतर हैं। थाने में सैकड़ों वाहन कबाड़ हो चुके हैं। वहीं थाने के बाहर ही गंदगी में जानवरों ने डेरा जमा लिया है।
थाना कोतवाली में न तो टाप टेन अपराधियों की सूची चस्पा की गई है। न हीं उनके नाम की लिस्ट ही चस्पा की गई है। मनमाने ढंग से चल रहे कामकाज के बीच गंदगी और अव्यवस्थाओं का अंबार लगा हुआ है। थाने में कदम रखने से पहले ही बाहर चाहरदीवारी पर स्वच्छता अभियान का बोर्ड टंगा हुआ है। मगर हालात देखकर कोई भी मुंह फेर लेता है। पानी भरा हुआ है, जिसमें जानवर बैठे हैं। थाने के शौचालय का तो और भी बुरा हाल है। दरवाजे रस्सियों से बांधे हैं। थाना परिसर में साफ सफाई को लेकर भी कोई गंभीर नजर नहीं आता। थानों में बंद वाहनों में धूल मिट्टी जमी है। कई तो गलकर मिट्टी में तब्दील हो गए हैं। परिसर में पुलिसकर्मियों के आवास और मैस की हालत भी बदतर है। गंदगी के बीच रह रहे पुलिसकर्मी कभी भी संक्रामक रोगों की चपेट में आ सकते हैं। थाने के पिछले हिस्से में सैकड़ों वाहनों का कबाड़ लदा पड़ है। इस ओर भी अधिकारियों का कोई ध्यान नहीं है। सीओ कार्यालय पर नजर डालें तो यहां भी एक केबिन की खिड़की काफी समय से टूटी हुई है। जिसे संभलवाने की बजाय उस स्थान को गत्ते से कवर कर दिया गया है। परिसर में भी गंदगी का आलम है। एसपी कार्यालय में भी एक स्थान पर गड्ढा हो गया है कई दिन बीत गए इस ओर भी किसी का ध्यान नहीं गया। इसके अलावा कैलाश गेट चौकी, आगरा गेट चौकी, करहल गेट चौकी, गणेश बुर्ज चौकी, औंछा रोड चौकी भी बदहाल हैं। वहां सफाई तो दूर चौकी भवन ही किसी दिन हादसे का सबब बन सकते हैं।
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थाना कोतवाली में न तो टाप टेन अपराधियों की सूची चस्पा की गई है। न हीं उनके नाम की लिस्ट ही चस्पा की गई है। मनमाने ढंग से चल रहे कामकाज के बीच गंदगी और अव्यवस्थाओं का अंबार लगा हुआ है। थाने में कदम रखने से पहले ही बाहर चाहरदीवारी पर स्वच्छता अभियान का बोर्ड टंगा हुआ है। मगर हालात देखकर कोई भी मुंह फेर लेता है। पानी भरा हुआ है, जिसमें जानवर बैठे हैं। थाने के शौचालय का तो और भी बुरा हाल है। दरवाजे रस्सियों से बांधे हैं। थाना परिसर में साफ सफाई को लेकर भी कोई गंभीर नजर नहीं आता। थानों में बंद वाहनों में धूल मिट्टी जमी है। कई तो गलकर मिट्टी में तब्दील हो गए हैं। परिसर में पुलिसकर्मियों के आवास और मैस की हालत भी बदतर है। गंदगी के बीच रह रहे पुलिसकर्मी कभी भी संक्रामक रोगों की चपेट में आ सकते हैं। थाने के पिछले हिस्से में सैकड़ों वाहनों का कबाड़ लदा पड़ है। इस ओर भी अधिकारियों का कोई ध्यान नहीं है। सीओ कार्यालय पर नजर डालें तो यहां भी एक केबिन की खिड़की काफी समय से टूटी हुई है। जिसे संभलवाने की बजाय उस स्थान को गत्ते से कवर कर दिया गया है। परिसर में भी गंदगी का आलम है। एसपी कार्यालय में भी एक स्थान पर गड्ढा हो गया है कई दिन बीत गए इस ओर भी किसी का ध्यान नहीं गया। इसके अलावा कैलाश गेट चौकी, आगरा गेट चौकी, करहल गेट चौकी, गणेश बुर्ज चौकी, औंछा रोड चौकी भी बदहाल हैं। वहां सफाई तो दूर चौकी भवन ही किसी दिन हादसे का सबब बन सकते हैं।
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