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महोबा : हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए सभी को होना पड़ेगा दृढ़ संकल्पित- पुरी पीठाधीश्वर
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दिव्य धर्मसभा में बोलते पुरी पीठाधीश्वर निश्चलानंद सरस्वती महाराज।
- फोटो : MAHOBA
कबरई (महोबा)। कस्बे के विवेकनगर में बुधवार शाम दिव्य धर्म सभा का आयोजन किया गया। इसमें पुरी पीठाधीश्वर निश्चलानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए हर व्यक्ति को दस व्यक्तियों को जोड़ना होगा।
पुरी पीठाधीश्वर ने कहा कि सरकार के भरोसे न रहें। अपनी समस्याओं को मिलकर आपस में निराकरण करें। 80 फीसदी स्वयं के भरोसे, 16 फीसदी राज्य सरकार और चार फीसदी समस्याएं केंद्र से निस्तारित होती हैं। बताया कि आज जो कंप्यूटर युग चल रहा है।
उस कंप्यूटर का आविष्कार भी पुुरी पीठ की देन हैं। पुरी पीठ के 143वें शंकराचार्य ने वैदिक गणित की रचना की थी। उसी के तीन सूत्रों के आधार पर अंग्रेज शिष्यों ने आगे का अनुसंधान कर कंप्यूटर का आविष्कार किया।
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रामप्रकाश पाठक, कंचन पाठक, प्रभात पाठक, पालिका महोबा अध्यक्ष दिलाशा तिवारी, नगर पंचायत अध्यक्ष मूलचंद कुशवाहा, मंडल अध्यक्ष हुकुम सिंह, शांतनु तिवारी, मुरली मनोहर तिवारी, सुखलाल सिंह, वर्षा पाठक, साधना, सुशीला, विमला, चंद्रशेखर नामदेव, विजयपाल विश्वकर्मा मौजूद रहे।
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पुरी पीठाधीश्वर ने कहा कि सरकार के भरोसे न रहें। अपनी समस्याओं को मिलकर आपस में निराकरण करें। 80 फीसदी स्वयं के भरोसे, 16 फीसदी राज्य सरकार और चार फीसदी समस्याएं केंद्र से निस्तारित होती हैं। बताया कि आज जो कंप्यूटर युग चल रहा है।
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उस कंप्यूटर का आविष्कार भी पुुरी पीठ की देन हैं। पुरी पीठ के 143वें शंकराचार्य ने वैदिक गणित की रचना की थी। उसी के तीन सूत्रों के आधार पर अंग्रेज शिष्यों ने आगे का अनुसंधान कर कंप्यूटर का आविष्कार किया।
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रामप्रकाश पाठक, कंचन पाठक, प्रभात पाठक, पालिका महोबा अध्यक्ष दिलाशा तिवारी, नगर पंचायत अध्यक्ष मूलचंद कुशवाहा, मंडल अध्यक्ष हुकुम सिंह, शांतनु तिवारी, मुरली मनोहर तिवारी, सुखलाल सिंह, वर्षा पाठक, साधना, सुशीला, विमला, चंद्रशेखर नामदेव, विजयपाल विश्वकर्मा मौजूद रहे।