{"_id":"69ab3e549acaddbed4019acb","slug":"voting-rights-of-thousands-of-nepali-women-are-in-danger-maharajganj-news-c-206-1-mhg1001-172788-2026-03-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: नेपाल मूल की हजारों महिलाओं के मताधिकार पर संकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: नेपाल मूल की हजारों महिलाओं के मताधिकार पर संकट
विज्ञापन
नेपाल से विवाह कर जनपद में बसने वाली हजारों महिलाओं के नाम मतदाता सूची में नहीं किए गए शामिल
कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप समस्या का समाधान निकालने की मांग की
महराजगंज। विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत तैयार ड्राफ्ट मतदाता सूची में नेपाल से विवाह कर जनपद में बसने वाली हजारों महिलाओं के नाम शामिल नहीं किए गए हैं। इन महिलाओं ने पिछले चुनावों में मतदान भी किया था और उनका नाम पुरानी मतदाता सूची में दर्ज है। मामले को लेकर कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को शुक्रवार को ज्ञापन सौंपा।
एसआईआर नियमों के अनुसार 2003 की मतदाता सूची में नेपाली मूल की हजारों महिलाओं के माता-पिता का उल्लेख अनिवार्य होने की शर्त के कारण वह आवश्यक दस्तावेज नहीं उपलब्ध करा सकीं। इस वजह से उनका नाम मतदाता सूची से बाहर कर दिया गया है।
कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष विजय सिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को कलक्ट्रेट परिसर में जिलाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने जिलाधिकारी को समस्या से अवगत कराते हुए पत्र सौंपा और मांग किया कि भारत निर्वाचन आयोग तथा उत्तर प्रदेश मुख्य निर्वाचन अधिकारी समस्या का त्वरित समाधान निकालें। विजय सिंह ने बताया कि अधिकतर प्रभावित महिलाएं नौतनवा और निचलौल तहसील की हैं। यदि इनका नाम मतदाता सूची में नहीं जुड़ा तो आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों में इन क्षेत्रों के वोटिंग प्रतिशत पर सीधा असर पड़ेगा।
विज्ञापन
ज्ञापन देने के दौरान त्रिभुवन मिश्रा, झिनकू चौधरी, कपिल देव शुक्ला, विनोद सिंह, उदय प्रताप सिंह और विराज वीर अभिमन्यु मौजूद रहे।
विज्ञापन
कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप समस्या का समाधान निकालने की मांग की
महराजगंज। विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत तैयार ड्राफ्ट मतदाता सूची में नेपाल से विवाह कर जनपद में बसने वाली हजारों महिलाओं के नाम शामिल नहीं किए गए हैं। इन महिलाओं ने पिछले चुनावों में मतदान भी किया था और उनका नाम पुरानी मतदाता सूची में दर्ज है। मामले को लेकर कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को शुक्रवार को ज्ञापन सौंपा।
एसआईआर नियमों के अनुसार 2003 की मतदाता सूची में नेपाली मूल की हजारों महिलाओं के माता-पिता का उल्लेख अनिवार्य होने की शर्त के कारण वह आवश्यक दस्तावेज नहीं उपलब्ध करा सकीं। इस वजह से उनका नाम मतदाता सूची से बाहर कर दिया गया है।
विज्ञापन
कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष विजय सिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को कलक्ट्रेट परिसर में जिलाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने जिलाधिकारी को समस्या से अवगत कराते हुए पत्र सौंपा और मांग किया कि भारत निर्वाचन आयोग तथा उत्तर प्रदेश मुख्य निर्वाचन अधिकारी समस्या का त्वरित समाधान निकालें। विजय सिंह ने बताया कि अधिकतर प्रभावित महिलाएं नौतनवा और निचलौल तहसील की हैं। यदि इनका नाम मतदाता सूची में नहीं जुड़ा तो आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों में इन क्षेत्रों के वोटिंग प्रतिशत पर सीधा असर पड़ेगा।
विज्ञापन
ज्ञापन देने के दौरान त्रिभुवन मिश्रा, झिनकू चौधरी, कपिल देव शुक्ला, विनोद सिंह, उदय प्रताप सिंह और विराज वीर अभिमन्यु मौजूद रहे।