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Maharajganj News: बिहार सामान्य निर्वाचन के मतदाता पुनरीक्षण पर सवाल
Mon, 28 Jul 2025 08:00 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Mon, 28 Jul 2025 08:00 PM IST
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महराजगंज। कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष शरद कुमार सिंह ने बिहार सामान्य निर्वाचन मतदाता सूची पुनरीक्षण पर सवाल उठाया है। सोमवार को उन्होंने इसको लेकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी कार्यालय में सौंपा।
ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने कहा कि संविधान में संघ और राज्य क्षेत्र के अधिकार और शक्तियों का स्पष्ट उल्लेख है। राज्य की जनसंख्या के अनुसार ही लोक सभा और राज्य निर्वाचन की सीट तय करने का प्रावधान लिखा गया है। जनसंख्या का ब्योरा पुरानी जनगणना के दौरान प्रकाशित सुसंगत आंकड़ों को मानने का भी नियम लिखा गया है।
बावजूद बिहार पुनर्गठन अधिनियम 2000 का अनुपालन मतदाता सूची पुनरीक्षण में नहीं किया जा रहा है। ऐसे में राष्ट्रपति को इसमें दखल देने की जरूरत है। राष्ट्रपति निर्वाचन रीति में भी संविधान में लिखा है कि जहां तक साध्य हो राष्ट्रपति के निर्वाचन में भिन्न-भिन्न राज्यों के प्रतिनिधित्व के तापमान में एकरूपता होगी।
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राज्यों के आपस में एकरूपता, समतुल्यता प्राप्ति के लिए संसद व राज्य विधानसभा को अधिकार है। बीते दिनों बिहार की जातिगत जनगणना में भी नियमों की अनदेखी की गई। ज्ञापन देने वालों में गोपाल शाही, महेंद्र सिंह, तेजेंद्र पांडेय, घनश्याम वर्मा शामिल रहे।
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ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने कहा कि संविधान में संघ और राज्य क्षेत्र के अधिकार और शक्तियों का स्पष्ट उल्लेख है। राज्य की जनसंख्या के अनुसार ही लोक सभा और राज्य निर्वाचन की सीट तय करने का प्रावधान लिखा गया है। जनसंख्या का ब्योरा पुरानी जनगणना के दौरान प्रकाशित सुसंगत आंकड़ों को मानने का भी नियम लिखा गया है।
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बावजूद बिहार पुनर्गठन अधिनियम 2000 का अनुपालन मतदाता सूची पुनरीक्षण में नहीं किया जा रहा है। ऐसे में राष्ट्रपति को इसमें दखल देने की जरूरत है। राष्ट्रपति निर्वाचन रीति में भी संविधान में लिखा है कि जहां तक साध्य हो राष्ट्रपति के निर्वाचन में भिन्न-भिन्न राज्यों के प्रतिनिधित्व के तापमान में एकरूपता होगी।
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राज्यों के आपस में एकरूपता, समतुल्यता प्राप्ति के लिए संसद व राज्य विधानसभा को अधिकार है। बीते दिनों बिहार की जातिगत जनगणना में भी नियमों की अनदेखी की गई। ज्ञापन देने वालों में गोपाल शाही, महेंद्र सिंह, तेजेंद्र पांडेय, घनश्याम वर्मा शामिल रहे।