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Maharajganj News: पहचान के लिए जारी हुए क्यूआर सड़क पर गुमनाम दौड़ रहे ई-रिक्शा
Sun, 10 Aug 2025 01:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Sun, 10 Aug 2025 01:02 AM IST
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महराजगंज। जिला मुख्यालय पर ई-रिक्शा चालक मनमानी न कर सकें इसके लिए यातायात पुलिस ई-रिक्शा चालकों का पंजीकरण कर रही है। साथ ही क्यूआर कोड जारी कर उसे चस्पा कराने का निर्देश है।
मुख्यालय के 75 फीसदी व्यावसायिक प्रयोग वाले ई-रिक्शा चालकों का पंजीकरण व कोड तो जारी हो गया, लेकिन कुछ वाहनों पर ही क्यूआर कोड दिख रहे हैं।
करीब एक माह पूर्व कप्तान सोमेंद्र मीणा के निर्देशन में यातायात पुलिस ने ई-रिक्शा और ऑटो चालकों का पंजीकरण प्रारंभ किया। ई-रिक्शा चालकों का नाम, पता और रूट तय करते हुए क्यूआर कोड जारी किया गया।
यातायात पुलिस के मुताबिक सिर्फ मुख्यालय पर पंजीकृत 3310 ई-रिक्शा और ऑटो के लिए क्यूआर कोड जारी किया गया। इसकी एक प्रति ई-रिक्शा के सामने व एक प्रति अंदर चस्पा करना अनिवार्य किया गया था, जिससे कोई भी यात्री इसे स्कैन कर यह जान सकें कि जिस ई-रिक्शा में वह यात्रा कर रहा है उसका मालिक कौन है और उसका पता क्या है।
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इसके अलावा जांच के दौरान यातायात पुलिस इस क्यूआर कोड से रूट की जानकारी ले सकती कि उक्त रिक्शा किस रूट पर है। गलत रूट पर संचालन मिलने पर जुर्माने का प्रावधान किया गया था, लेकिन अधिकतर ई-रिक्शा चालकों ने इसे चस्पा ही नहीं कराया, जिसके कारण मनमानी रूटों पर इनका संचालन बेखौफ किया जा रहा है।
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मुख्यालय के 75 फीसदी व्यावसायिक प्रयोग वाले ई-रिक्शा चालकों का पंजीकरण व कोड तो जारी हो गया, लेकिन कुछ वाहनों पर ही क्यूआर कोड दिख रहे हैं।
करीब एक माह पूर्व कप्तान सोमेंद्र मीणा के निर्देशन में यातायात पुलिस ने ई-रिक्शा और ऑटो चालकों का पंजीकरण प्रारंभ किया। ई-रिक्शा चालकों का नाम, पता और रूट तय करते हुए क्यूआर कोड जारी किया गया।
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यातायात पुलिस के मुताबिक सिर्फ मुख्यालय पर पंजीकृत 3310 ई-रिक्शा और ऑटो के लिए क्यूआर कोड जारी किया गया। इसकी एक प्रति ई-रिक्शा के सामने व एक प्रति अंदर चस्पा करना अनिवार्य किया गया था, जिससे कोई भी यात्री इसे स्कैन कर यह जान सकें कि जिस ई-रिक्शा में वह यात्रा कर रहा है उसका मालिक कौन है और उसका पता क्या है।
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इसके अलावा जांच के दौरान यातायात पुलिस इस क्यूआर कोड से रूट की जानकारी ले सकती कि उक्त रिक्शा किस रूट पर है। गलत रूट पर संचालन मिलने पर जुर्माने का प्रावधान किया गया था, लेकिन अधिकतर ई-रिक्शा चालकों ने इसे चस्पा ही नहीं कराया, जिसके कारण मनमानी रूटों पर इनका संचालन बेखौफ किया जा रहा है।