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मनरेगा में खेल : फर्जी हाजिरी लगाने पर रोजगार सेवक का वेतन बाधित
Sat, 15 Feb 2025 12:45 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Sat, 15 Feb 2025 12:45 AM IST
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परतावल। क्षेत्र के ग्राम पंचायत तरकुलवा तिवारी व परसाखुर्द में मनरेगा मजदूरों की फर्जी हाजिरी लगाने के मामले में बीडीओ श्वेता मिश्रा ने रोजगार सेवक राजू प्रसाद का एक माह का वेतन बाधित कर दिया है। उन्होंने पत्र जारी कर यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि रोजगार सेवक राजू प्रसाद की ओर से ग्राम पंचायत परसाखुर्द में चल रहे मनरेगा कार्य छोटे ताल से बड़े ताल तक नाला खुदाई कार्य पर एक ही श्रमिक की फोटो व तरकुलवा तिवारी में श्रमिकों के मस्टररोल पर गलत हाजिरी लगाई है, जो मनरेगा आचार संहिता के नियम विरुद्ध है। परतावल ब्लाॅक के ग्राम सभा परसा खुर्द में छोटे ताल से बड़े ताल तक नाला खोदाई कार्य कराया जा रहा है।
हैरत की बात यह है कि जो फोटो पिछले नौ फरवरी को परसा खुर्द गांव में हो रहे कार्य पर मस्टर रोल 9759 पर अपलोड किया गया था वही फोटो 10 फरवरी को तरकुलवा तिवारी में हो रहे पोखरी से परसा सिवान तक कराए जा रहे मिट्टी कार्य में मस्टर रोल 9801 पर भी अपलोड किया गया है। जिम्मेदार विभागीय अधिकारियों की उदासीनता की वजह से रोजगार सेवक व ग्राम प्रधान मिलकर सरकारी धन का बंदरबांट करने में जुटे हैं। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद जिम्मेदारों की नींद खुली और उन्होंने कार्यस्थल का निरीक्षण किया।
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शुक्रवार को एपीओ मनरेगा दिलीप कुमार गौतम के साथ टीम परसा खुर्द के नाला खोदाई कार्य पर पहुंची। हैरत की बात यह है कि जिम्मेदार पहुंचे तो श्रमिक कार्य करते हुए पाए गए जबकि परसा खुर्द का मस्टररोल 13 फरवरी को ही समाप्त हो चुका है। नया मस्टररोल भी जारी नहीं किया गया है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि एपीओ के सामने जो श्रमिक बिना मस्टररोल जारी हुए कार्य करते पाए गए उनके श्रमांश का भुगतान कैसे होगा।
एपीओ मनरेगा दिलीप कुमार गौतम ने बताया कि मौके पर जाकर निरीक्षण किया गया। श्रमिक कार्य करते हुए पाए गए। जब उनसे मस्टररोल के बारे में पूछा गया तो उनके पास कोई जवाब नहीं मिला।त
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उन्होंने बताया कि रोजगार सेवक राजू प्रसाद की ओर से ग्राम पंचायत परसाखुर्द में चल रहे मनरेगा कार्य छोटे ताल से बड़े ताल तक नाला खुदाई कार्य पर एक ही श्रमिक की फोटो व तरकुलवा तिवारी में श्रमिकों के मस्टररोल पर गलत हाजिरी लगाई है, जो मनरेगा आचार संहिता के नियम विरुद्ध है। परतावल ब्लाॅक के ग्राम सभा परसा खुर्द में छोटे ताल से बड़े ताल तक नाला खोदाई कार्य कराया जा रहा है।
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हैरत की बात यह है कि जो फोटो पिछले नौ फरवरी को परसा खुर्द गांव में हो रहे कार्य पर मस्टर रोल 9759 पर अपलोड किया गया था वही फोटो 10 फरवरी को तरकुलवा तिवारी में हो रहे पोखरी से परसा सिवान तक कराए जा रहे मिट्टी कार्य में मस्टर रोल 9801 पर भी अपलोड किया गया है। जिम्मेदार विभागीय अधिकारियों की उदासीनता की वजह से रोजगार सेवक व ग्राम प्रधान मिलकर सरकारी धन का बंदरबांट करने में जुटे हैं। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद जिम्मेदारों की नींद खुली और उन्होंने कार्यस्थल का निरीक्षण किया।
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शुक्रवार को एपीओ मनरेगा दिलीप कुमार गौतम के साथ टीम परसा खुर्द के नाला खोदाई कार्य पर पहुंची। हैरत की बात यह है कि जिम्मेदार पहुंचे तो श्रमिक कार्य करते हुए पाए गए जबकि परसा खुर्द का मस्टररोल 13 फरवरी को ही समाप्त हो चुका है। नया मस्टररोल भी जारी नहीं किया गया है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि एपीओ के सामने जो श्रमिक बिना मस्टररोल जारी हुए कार्य करते पाए गए उनके श्रमांश का भुगतान कैसे होगा।
एपीओ मनरेगा दिलीप कुमार गौतम ने बताया कि मौके पर जाकर निरीक्षण किया गया। श्रमिक कार्य करते हुए पाए गए। जब उनसे मस्टररोल के बारे में पूछा गया तो उनके पास कोई जवाब नहीं मिला।त