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Maharajganj News: जमीन तक रख दी गिरवी...फिर भी नहीं मिल रही कर्ज से मुक्ति

Tue, 02 Sep 2025 01:30 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 02 Sep 2025 01:30 AM IST
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Even the land has been mortgaged... still not getting relief from the loan
ग्राम पंचायत मंसूरगंज में समूह की महिलाएं बैठी हुई।
महराजगंज। गांवों में अब समूह की महिलाएं फिर परेशान होने लगी हैं। समस्या से उबरने को लिया गया कर्ज मुसीबत बन गया है। इन दिनों एजेंट उनके घर पर जाकर दिनभर बैठकर रकम जमा करने के लिए दबाव बना रहे हैं। यही नहीं अपशब्दों का प्रयोग करने के साथ ही धमकी दी जा रही है। कई महिलाओं ने अपनी जमीन गिरवी रख दी, फिर भी कर्ज का बोझ कम नहीं हो रहा। पनियरा क्षेत्र के बैदा गांव की रहने वाली आरती ने बताया कि उसने बेटी के विवाह के लिए माइक्रो फाइनेंस कंपनी से दो किश्तों में 80 हजार रुपये का कर्ज लिया था। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। पति की अचानक तबीयत बिगड़ गई और इलाज में रकम खर्च हो गई। सड़क किनारे की चार डिसमिल जमीन बेचनी पड़ी। इसके बावजूद पति की जान नहीं बची। पति के निधन के बाद ब्रह्मभोज के खर्च और कर्ज की किस्तों को जमा करने में परेशानी होने लगी। आरती ने बताया कि कर्ज से उबरने के लिए 11 डिसमिल और जमीन बेच दी, लेकिन कर्ज का कुछ हिस्सा अभी भी बाकी है। आरती ने बताया कि हर रोज घर पर आकर बकाया राशि के लिए दबाव बनाते हैं।
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गाली-गलौज और धमकी देना उनके लिए आम बात हो गई है। मंसूरगंज की जानकी ने बताया कि उन्होंने भैंस खरीदने के लिए माइक्रो फाइनेंस कंपनी से 40 हजार रुपये का कर्ज लिया था। इसमें से 20 हजार रुपये से ज्यादा का भुगतान कर चुकी हैं, अब आर्थिक स्थिति खराब हो गई। जानकी बताती हैं कि एजेंट कुछ दिन पहले घर आया और बकाया राशि के लिए दबाव बनाने लगे। एक सप्ताह का समय मांगा लेकिन उन्होंने धमकी दी है कि अगर पैसे जमा नहीं हुए तो घर का सामान उठा ले जाएंगे।
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वहीं, बहरामपुर की गिरजा देवी की स्थिति भी कुछ ऐसी ही है। उन्होंने अपने मकान की छत डालने के लिए 90 हजार रुपये का कर्ज लिया था। लेकिन समूह के ऊंचे ब्याज दरों के कारण यह राशि बढ़कर एक लाख 60 हजार रुपये हो गई। बकाया चुकाने के लिए उन्होंने 75 डिसमिल जमीन गिरवी रख दी, लेकिन अभी भी कुछ राशि बाकी है।
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गिरजा बताती हैं कि एक सप्ताह पहले एजेंट घर आए और बकाया राशि के लिए दबाव बनाया। एक महीने का समय मांगा, लेकिन उन्होंने गाली-गलौज करते हुए धमकी दी। एजेंट घर पर आकर दिनभर बैठे रहते हैं। महिलाओं की ओर से अभी प्रकरण में कहीं शिकायत दर्ज नहीं कराई है।
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