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Maharajganj News: क्लासरूम हो गया डिजिटल फिर भी नहीं बढ़ी बच्चों की उपस्थिति
Tue, 23 Jul 2024 05:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Tue, 23 Jul 2024 05:05 AM IST
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पूर्व माध्यमिक विद्यालय महाराजगंज प्रथम पर स्मार्ट क्लास के जरिए बच्चो को पढ़ाती शिक्षिका।
महराजगंज। परिषदीय स्कूलों में सरकार बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए लाख जतन कर रही है, लेकिन उपस्थिति नहीं बढ़ पा रही है। डिजिटल क्लासरूम भी बच्चों को आकर्षित नहीं कर पा रहे हैं। सोमवार को दो परिषदीय स्कूलों की पड़ताल में बच्चों की उपस्थिति कम मिली।
परिषदीय स्कूल में निशुल्क किताब, ड्रेस व जूता मोजा के लिए सरकार की ओर से व्यवस्था होती है। इसके अलावा रुचि बढ़ाने के लिए डिजिटल क्लासरुम की व्यवस्था भी है। बावजूद बच्चे स्कूल नहीं पहुंच रहे हैं। पूमावि महराजगंज प्रथम में 151 बच्चे नामांकित हैं, लेकिन सिर्फ 97 बच्चे ही उपस्थित मिले। बच्चों को पढ़ाते हुए शिक्षिका डिजिटल क्लासरुम में मिलीं। प्रधानाध्यापक बैजनाथ सिंह ने बताया कि उनके अलावा स्कूल में दो सहायक शिक्षक व दो अनुदेशक कार्यरत हैं। सभी मौजूद मिले बच्चे भी ड्रेस में उपस्थित थे। अनिल, राजीव, संदीप आदि बच्चों ने बताया कि शिक्षक बेहतर तरीके से पढ़ाते हैं, जिससे हम मन लगाकर पढ़ते हैं।
बच्चों ने बताया कि किताबें उन्हें सत्र शुरू होने के दौरान ही मिल गई थीं। कन्या पूमावि में 94 बच्चे नामांकित हैं। इसमें से महज 54 ही उपस्थित मिले। शिक्षिका यहां भी डिजिटल क्लास रूम में पढ़ाती मिलीं। बच्चियों की मांग पर वह कार्टून दिखाकर बच्चों का गणितीय ज्ञान बढ़ाती मिलीं।
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प्रधानाध्यापक नर्वदा ने बताया कि उनके अलावा एक शिक्षक व दो शिक्षिकाएं तैनात हैं जो पढ़ाई में बच्चों की रुचि पैदा करने के लिए प्रयास करती रहती हैं। बारिश के दिनों में परिसर में पानी भर जाता है जिसके कारण बच्चों ही नहीं शिक्षकों को भी आने-जाने में दिक्कत होती है।
सभी स्कूलों में उपस्थिती बढ़ाने के लिए प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए गए हैं। अब उपस्थिति की मानिटरिंग होगी। जहां वर्षा में परिसर में पानी भर जाता है वहां के प्रधानाध्यापक कार्यालय में प्रार्थनापत्र दे सकते हैं।
-श्रवण गुप्ता, बेसिक शिक्षा अधिकारी
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परिषदीय स्कूल में निशुल्क किताब, ड्रेस व जूता मोजा के लिए सरकार की ओर से व्यवस्था होती है। इसके अलावा रुचि बढ़ाने के लिए डिजिटल क्लासरुम की व्यवस्था भी है। बावजूद बच्चे स्कूल नहीं पहुंच रहे हैं। पूमावि महराजगंज प्रथम में 151 बच्चे नामांकित हैं, लेकिन सिर्फ 97 बच्चे ही उपस्थित मिले। बच्चों को पढ़ाते हुए शिक्षिका डिजिटल क्लासरुम में मिलीं। प्रधानाध्यापक बैजनाथ सिंह ने बताया कि उनके अलावा स्कूल में दो सहायक शिक्षक व दो अनुदेशक कार्यरत हैं। सभी मौजूद मिले बच्चे भी ड्रेस में उपस्थित थे। अनिल, राजीव, संदीप आदि बच्चों ने बताया कि शिक्षक बेहतर तरीके से पढ़ाते हैं, जिससे हम मन लगाकर पढ़ते हैं।
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बच्चों ने बताया कि किताबें उन्हें सत्र शुरू होने के दौरान ही मिल गई थीं। कन्या पूमावि में 94 बच्चे नामांकित हैं। इसमें से महज 54 ही उपस्थित मिले। शिक्षिका यहां भी डिजिटल क्लास रूम में पढ़ाती मिलीं। बच्चियों की मांग पर वह कार्टून दिखाकर बच्चों का गणितीय ज्ञान बढ़ाती मिलीं।
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प्रधानाध्यापक नर्वदा ने बताया कि उनके अलावा एक शिक्षक व दो शिक्षिकाएं तैनात हैं जो पढ़ाई में बच्चों की रुचि पैदा करने के लिए प्रयास करती रहती हैं। बारिश के दिनों में परिसर में पानी भर जाता है जिसके कारण बच्चों ही नहीं शिक्षकों को भी आने-जाने में दिक्कत होती है।
सभी स्कूलों में उपस्थिती बढ़ाने के लिए प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए गए हैं। अब उपस्थिति की मानिटरिंग होगी। जहां वर्षा में परिसर में पानी भर जाता है वहां के प्रधानाध्यापक कार्यालय में प्रार्थनापत्र दे सकते हैं।
-श्रवण गुप्ता, बेसिक शिक्षा अधिकारी