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Lalitpur News: ललितपुर के खरबूजे ने इंदौर, भोपाल में बनाई अपनी पहचान
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- मौसम के साथ न देने से इस वर्ष किसान मांग के अनुरूप नहीं कर पा रहे आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी
बिरधा (ललितपुर)। ललितपुर में एक समय वह था, कानपुर व अन्य जनपदों से खरबूजा आता था, लेकिन कुछ वर्षों में जनपद के किसानों ने बांध के किनारे खरबूजे की उन्नत फसल उगाकर जनपद में ही नहीं मध्य प्रदेश की भोपाल, इंदौर, सागर व विदिशा जैसी मंडियों में अपनी धाक जमा ली है। हालांकि इस बार पैदावार कमजोर होने से मांग के अनुसार किसान आपूर्ति नहीं कर पा रहे हैं। लेकिन न मंडी में मांग बढ़ने से किसानों को अपनी फसल के अच्छे दाम मिलने लगे हैं।
तहसील पाली अंतर्गत सजनाम बांध के डूब क्षेत्र में किसान खरबूज की खेती कर लाखों रुपये कमा रहे हैं, यहां का खरबूज इंदौर, भोपाल, सागर व विदिशा आदि मंडियों में जाता है, क्षेत्र में किसान हर साल खरबूज की खेती करते हैं, अच्छा खासा मुनाफा कमाते हैं। जिले में सभी बांधों के डूब क्षेत्र में खरबूज की अच्छी पैदावार होती है, प्रतिवर्ष जिला सहित अन्य जिलों की मंडियों में किसानों के खरबूज के ट्रैक्टरों की भीड़ लगी रहती है। हालांकि इस बार भी खरबूजे की पैदावार अन्य वर्षों की अपेक्षा अच्छी नहीं हुई है। लेकिन जनपद के खरबूजे की मांग मध्य प्रदेश में बढ़ने से किसानों को अब इस फसल से मुनाफा होने लगा है।
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जनपद में तीन किस्म का खरबूजा होता है पैदा
जिले में खरबूज की तीन प्रकार की किस्म मधुरस, लालपट्ठा, और नारियल की वैरायटी की पैदावार की जाती है। खरबूज की खेती गर्मियों के सीजन में की जाती है, शाम को तोड़ करके इसका फल सुबह मंडियों में बेचा जाता है, खरबूज जल्दी खराब हो जाता है, यह फल पकने के एक दिन बाद खराब हो जाता है। यहां का खरबूज का फल बहुत मीठा होता है, यह खरबूज गर्मियों में भूख और प्यास दोनों को मिटाता है और शरीर में पानी की कमी को दूर करता है।
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फोटो- 04
हम हर साल बांध के अंदर खरबूज की खेती करते हैं, जिसमे लागत ज्यादा आती हैं, लेकिन भाव अच्छा मिलने से नुकसान नहीं होता है।
धीरज पटेल कलौथरा
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फोटो- 06
खरबूज की फसल में मुनाफा तो अच्छा होता है, इस कार्य में मेहनत भी खूब होती है। जब कहीं इसका भाव मिल जाता है। क्योंकि जरा भी फल खराब हुआ, तो मंडी में भाव नहीं मिलता।
इरशाद शाह किसान
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फोटो- 05
खरबूज की फसल को रोग से बचाने के दवा डालनी पड़ रही है, जिससे उसकी लागत बढ़ गई है। लागत बढ़ने से अब मुनाफा कम हो गया है।
विजय राय किसान
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फोटो- 07
इस साल खरबूज की अच्छी पैदावार के आसार नजर आ रहे थे, मौसम के कारण कुछ पैदावार में भी कमी आई है। जिलास्तर पर अच्छा भाव नहीं मिलता है, मध्यप्रदेश की मंडियों का ही किसानों को सहारा है।
बफाती शाह किसान
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फोटो- 08
खरबूज की खेती में किसानों को अच्छा खासा मुनाफा होता है अगर खरबूज के पेड़ में कोई रोग ना लगे तो खरबूज से अधिक फायदा कोई भी फसल में नहीं होता है।
रामकिशोर किसान
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिरधा (ललितपुर)। ललितपुर में एक समय वह था, कानपुर व अन्य जनपदों से खरबूजा आता था, लेकिन कुछ वर्षों में जनपद के किसानों ने बांध के किनारे खरबूजे की उन्नत फसल उगाकर जनपद में ही नहीं मध्य प्रदेश की भोपाल, इंदौर, सागर व विदिशा जैसी मंडियों में अपनी धाक जमा ली है। हालांकि इस बार पैदावार कमजोर होने से मांग के अनुसार किसान आपूर्ति नहीं कर पा रहे हैं। लेकिन न मंडी में मांग बढ़ने से किसानों को अपनी फसल के अच्छे दाम मिलने लगे हैं।
तहसील पाली अंतर्गत सजनाम बांध के डूब क्षेत्र में किसान खरबूज की खेती कर लाखों रुपये कमा रहे हैं, यहां का खरबूज इंदौर, भोपाल, सागर व विदिशा आदि मंडियों में जाता है, क्षेत्र में किसान हर साल खरबूज की खेती करते हैं, अच्छा खासा मुनाफा कमाते हैं। जिले में सभी बांधों के डूब क्षेत्र में खरबूज की अच्छी पैदावार होती है, प्रतिवर्ष जिला सहित अन्य जिलों की मंडियों में किसानों के खरबूज के ट्रैक्टरों की भीड़ लगी रहती है। हालांकि इस बार भी खरबूजे की पैदावार अन्य वर्षों की अपेक्षा अच्छी नहीं हुई है। लेकिन जनपद के खरबूजे की मांग मध्य प्रदेश में बढ़ने से किसानों को अब इस फसल से मुनाफा होने लगा है।
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जनपद में तीन किस्म का खरबूजा होता है पैदा
जिले में खरबूज की तीन प्रकार की किस्म मधुरस, लालपट्ठा, और नारियल की वैरायटी की पैदावार की जाती है। खरबूज की खेती गर्मियों के सीजन में की जाती है, शाम को तोड़ करके इसका फल सुबह मंडियों में बेचा जाता है, खरबूज जल्दी खराब हो जाता है, यह फल पकने के एक दिन बाद खराब हो जाता है। यहां का खरबूज का फल बहुत मीठा होता है, यह खरबूज गर्मियों में भूख और प्यास दोनों को मिटाता है और शरीर में पानी की कमी को दूर करता है।
फोटो- 04
हम हर साल बांध के अंदर खरबूज की खेती करते हैं, जिसमे लागत ज्यादा आती हैं, लेकिन भाव अच्छा मिलने से नुकसान नहीं होता है।
धीरज पटेल कलौथरा
फोटो- 06
खरबूज की फसल में मुनाफा तो अच्छा होता है, इस कार्य में मेहनत भी खूब होती है। जब कहीं इसका भाव मिल जाता है। क्योंकि जरा भी फल खराब हुआ, तो मंडी में भाव नहीं मिलता।
इरशाद शाह किसान
फोटो- 05
खरबूज की फसल को रोग से बचाने के दवा डालनी पड़ रही है, जिससे उसकी लागत बढ़ गई है। लागत बढ़ने से अब मुनाफा कम हो गया है।
विजय राय किसान
फोटो- 07
इस साल खरबूज की अच्छी पैदावार के आसार नजर आ रहे थे, मौसम के कारण कुछ पैदावार में भी कमी आई है। जिलास्तर पर अच्छा भाव नहीं मिलता है, मध्यप्रदेश की मंडियों का ही किसानों को सहारा है।
बफाती शाह किसान
फोटो- 08
खरबूज की खेती में किसानों को अच्छा खासा मुनाफा होता है अगर खरबूज के पेड़ में कोई रोग ना लगे तो खरबूज से अधिक फायदा कोई भी फसल में नहीं होता है।
रामकिशोर किसान