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नौ घंटे ठप रही दो दर्जन गांव की बिजली
lalitpur
Updated Wed, 15 Jun 2016 01:16 AM IST
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- फोटो : demo pic
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ललितपुर। बिजली विभाग के राजघाट फीडर के अंतर्गत एक गांव में हाइटेंशन तार टूटने से दो दर्जन गांवों की बिजली नौ घंटे तक गुल रही।
गल्ला मंडी स्थित 66 केवी सब स्टेशन में स्थापित राजघाट फीडर के अंतर्गत दो दर्जन ग्रामीण क्षेत्रों में सप्लाई की जाती है। लेकिन कभी हाइटेंशन तार टूटने तो कभी ट्रांसफार्मर फुंकने के कारण इस क्षेत्र में घंटों बिजली बाधित बनी रहती है। रोस्टिंग के दौरान जहां पीक आवर में अल्टरनेट बिजली आपूर्ति की जाती है, तो वहीं बड़ा फाल्ट होने पर पांच से छह घंटे बिजली गुल होना तय होता है। ऐसे में राजघाट फीडर के ग्रामीण क्षेत्रों में आए दिन अंधेरा पसरा रहता है। मंगलवार की सुबह छह बजे राजघाट फीडर के अंतर्गत ग्राम सिलगन के पास से निकली हाइटेंशन लाइन के खंभे में लगा इंसुुलेटर तेज चिंगारियों के साथ बर्स्ट हो गया, जिससे 11 हजार केवी का तार टूट गया। इसके कारण इस फीडर के तहत आने वाले ग्राम दैलवारा, जखौरा, सिलगन, राजघाट, कालापहाड़, गनगौरा समेत 24 गांव की बिजली ठप हो गई।
जानकारी पर विद्युत कर्मियों द्वारा अधिकारियों को अवगत कराया गया, जिस पर अवर अभियंता द्वारा विद्युत स्टोर से नया इंसुलेटर और तार की मांग की गई, लेकिन स्टोर कर्मियों द्वारा छह घंटे बाद विद्युत सामग्री उपलब्ध कराई। इसके कारण लाइन जोड़ने के कार्य में करीब नौ घंटे लग गए। करीब तीन बजे क्षेत्रवासियों को बिजली आपूर्ति सुचारु कराई जा सकी। ऐसा नहीं है कि ऐसी समस्या पहली बार आई हो, आए दिन सामान की उपलब्धता समय से उपलब्ध नहीं होने के कारण खामियाजा आम उपभोक्ताओं को भुगतना होता है।
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गल्ला मंडी स्थित 66 केवी सब स्टेशन में स्थापित राजघाट फीडर के अंतर्गत दो दर्जन ग्रामीण क्षेत्रों में सप्लाई की जाती है। लेकिन कभी हाइटेंशन तार टूटने तो कभी ट्रांसफार्मर फुंकने के कारण इस क्षेत्र में घंटों बिजली बाधित बनी रहती है। रोस्टिंग के दौरान जहां पीक आवर में अल्टरनेट बिजली आपूर्ति की जाती है, तो वहीं बड़ा फाल्ट होने पर पांच से छह घंटे बिजली गुल होना तय होता है। ऐसे में राजघाट फीडर के ग्रामीण क्षेत्रों में आए दिन अंधेरा पसरा रहता है। मंगलवार की सुबह छह बजे राजघाट फीडर के अंतर्गत ग्राम सिलगन के पास से निकली हाइटेंशन लाइन के खंभे में लगा इंसुुलेटर तेज चिंगारियों के साथ बर्स्ट हो गया, जिससे 11 हजार केवी का तार टूट गया। इसके कारण इस फीडर के तहत आने वाले ग्राम दैलवारा, जखौरा, सिलगन, राजघाट, कालापहाड़, गनगौरा समेत 24 गांव की बिजली ठप हो गई।
जानकारी पर विद्युत कर्मियों द्वारा अधिकारियों को अवगत कराया गया, जिस पर अवर अभियंता द्वारा विद्युत स्टोर से नया इंसुलेटर और तार की मांग की गई, लेकिन स्टोर कर्मियों द्वारा छह घंटे बाद विद्युत सामग्री उपलब्ध कराई। इसके कारण लाइन जोड़ने के कार्य में करीब नौ घंटे लग गए। करीब तीन बजे क्षेत्रवासियों को बिजली आपूर्ति सुचारु कराई जा सकी। ऐसा नहीं है कि ऐसी समस्या पहली बार आई हो, आए दिन सामान की उपलब्धता समय से उपलब्ध नहीं होने के कारण खामियाजा आम उपभोक्ताओं को भुगतना होता है।
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