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देवगढ़ ओवर ब्रिज को 33 करोड़ के राज्यांश को मिली मंजूरी
Updated Thu, 11 Oct 2018 02:20 AM IST
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देवगढ़ ओवर ब्रिज को 33 करोड़ के राज्यांश को मिली मंजूरी
रेेलवे और राज्य सरकार मिलकर बनाएंगे देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज
चौबीस घंटे में सत्तरह घंटे बंद रहता है देवगढ़ रेलवे गेट, मिलेगी निजात
रेलवे पहले कर चुका मिट्टी की जांच व अन्य जांच प्रक्रियाएं
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। देवगढ़ रेलवे गेट पर बंद दिन में अधिकांश समय तक बंद होने के कारण लोगों द्वारा लंबे समय से की जा रही मांग को अब शीघ्र ही सरकार अमली जामा पहनाने जा रही है। राज्य सरकार ने देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए 33 करोड़ रुपये की राज्यांश की धनराशि को मंजूरी दे दी है। कई वर्षों से प्रस्तावित यह देवगढ़ ओवर ब्रिज रेलवे और राज्य सरकार द्वारा मिलकर बनाया जाना है।
ललितपुर-बीना रेल मार्ग पर देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग गेट का उपयोग शहर के हजारों स्थानीय नागरिकों के अलावा गेट के दूसरी ओर बसे मुहल्ला नेहरूनगर, जुगपुरा और करीब 60 से अधिक गांव के लोग आवागमन के दौरान करते हैं। जबकि ललितपुर रेलवे स्टेशन पर दोनों ओर से करीब दो सौ ट्रेनें हर रोज गुजरती हैं। जिसके चलते यह रेलवे गेट अलग-अलग समय में करीब 17 घंटे तक बंद रहता है। इसी बीच यदि मालगाड़ियों की संटिंग आदि का कार्य या फिर अन्य कारणों के चलते कोई ट्रेन गेट पर रुकती है और एक से डेढ़ घंटे का समय और भी लग जाता है। ऐसे में राहगीरों को कई बार आधा घंटा या फिर इससे अधिक समय तक रेलवे क्रॉसिंग पर गेट खुलने का इंतजार करना होता है। ऐसे में कई बार तो मरीजों को लेकर आ रहीं एंबुुलेंस भी यहां गेट बंद होने के कारण जाम में फंसी रहती हैं, जिससे मरीजों की जान को भी खतरा बना रहता है। इसके चलते जनपदवासी एवं स्थानीय सामाजिक व राजनैतिक संगठनों द्वारा वर्षों से देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग पर ओवर ब्रिज बनाए जाने की मांग कर रहे हैं। जिसके चलते शासन द्वारा उक्त ओवर ब्रिज बनाए जाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी पहले ही दी जा चुकी है। लेकिन रेलवे और राज्य सरकार को अपने-अपने हिस्से का ओवर ब्रिज अलग-अलग निधि से बनाया जाना है। जिसके लिए रेलवे ने पहले ही उक्त प्रस्ताव को मंजूरी दे दी थी और इसके लिए रेलवे गेट के पास तीन स्थानों पर बोरिंग कराकर मिट्टी की जांच को नमूना भी लैब भेज कर प्रक्रिया शुरु कर दी थी। लेकिन राज्य सरकार द्वारा लंबे समय से यह प्रस्ताव अटका हुआ था। लेकिन अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने उक्त रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए 33 करोड़ रुपए के राज्यांश की धनराशि को मंजूरी दे दी है। जिससे अब उक्त रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण की प्रक्रिया को शीघ्र ही गति मिल सकेगी। भारतीय जनता पार्टी द्वारा संसदीय कार्यालय पर आयोजित बैठक में देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए राज्यांश की धनराशि जारी करने पर खुशी व्यक्त की और इसके लिए सदर विधायक रामरतन कुशवाहा के इस प्रयास की सराहना की। बैठक में जिलाध्यक्ष जगदीश सिंह लोधी, पूर्व अध्यक्ष रमेश कुमार सिंह, सांसद प्रतिनिधि प्रदीप चौबे, अशोक गोस्वामी, सहकारी बैंक सभापति हरीराम निरंजन, महामंत्री बब्बूराजा बुंदेला, राजकुमार जैन, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष जेके सिंह, अनिल जैन अंचल, नपाध्यक्ष रजनी साहू उपस्थित रहे।
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रेेलवे और राज्य सरकार मिलकर बनाएंगे देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज
चौबीस घंटे में सत्तरह घंटे बंद रहता है देवगढ़ रेलवे गेट, मिलेगी निजात
रेलवे पहले कर चुका मिट्टी की जांच व अन्य जांच प्रक्रियाएं
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। देवगढ़ रेलवे गेट पर बंद दिन में अधिकांश समय तक बंद होने के कारण लोगों द्वारा लंबे समय से की जा रही मांग को अब शीघ्र ही सरकार अमली जामा पहनाने जा रही है। राज्य सरकार ने देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए 33 करोड़ रुपये की राज्यांश की धनराशि को मंजूरी दे दी है। कई वर्षों से प्रस्तावित यह देवगढ़ ओवर ब्रिज रेलवे और राज्य सरकार द्वारा मिलकर बनाया जाना है।
ललितपुर-बीना रेल मार्ग पर देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग गेट का उपयोग शहर के हजारों स्थानीय नागरिकों के अलावा गेट के दूसरी ओर बसे मुहल्ला नेहरूनगर, जुगपुरा और करीब 60 से अधिक गांव के लोग आवागमन के दौरान करते हैं। जबकि ललितपुर रेलवे स्टेशन पर दोनों ओर से करीब दो सौ ट्रेनें हर रोज गुजरती हैं। जिसके चलते यह रेलवे गेट अलग-अलग समय में करीब 17 घंटे तक बंद रहता है। इसी बीच यदि मालगाड़ियों की संटिंग आदि का कार्य या फिर अन्य कारणों के चलते कोई ट्रेन गेट पर रुकती है और एक से डेढ़ घंटे का समय और भी लग जाता है। ऐसे में राहगीरों को कई बार आधा घंटा या फिर इससे अधिक समय तक रेलवे क्रॉसिंग पर गेट खुलने का इंतजार करना होता है। ऐसे में कई बार तो मरीजों को लेकर आ रहीं एंबुुलेंस भी यहां गेट बंद होने के कारण जाम में फंसी रहती हैं, जिससे मरीजों की जान को भी खतरा बना रहता है। इसके चलते जनपदवासी एवं स्थानीय सामाजिक व राजनैतिक संगठनों द्वारा वर्षों से देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग पर ओवर ब्रिज बनाए जाने की मांग कर रहे हैं। जिसके चलते शासन द्वारा उक्त ओवर ब्रिज बनाए जाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी पहले ही दी जा चुकी है। लेकिन रेलवे और राज्य सरकार को अपने-अपने हिस्से का ओवर ब्रिज अलग-अलग निधि से बनाया जाना है। जिसके लिए रेलवे ने पहले ही उक्त प्रस्ताव को मंजूरी दे दी थी और इसके लिए रेलवे गेट के पास तीन स्थानों पर बोरिंग कराकर मिट्टी की जांच को नमूना भी लैब भेज कर प्रक्रिया शुरु कर दी थी। लेकिन राज्य सरकार द्वारा लंबे समय से यह प्रस्ताव अटका हुआ था। लेकिन अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने उक्त रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए 33 करोड़ रुपए के राज्यांश की धनराशि को मंजूरी दे दी है। जिससे अब उक्त रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण की प्रक्रिया को शीघ्र ही गति मिल सकेगी। भारतीय जनता पार्टी द्वारा संसदीय कार्यालय पर आयोजित बैठक में देवगढ़ रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण के लिए राज्यांश की धनराशि जारी करने पर खुशी व्यक्त की और इसके लिए सदर विधायक रामरतन कुशवाहा के इस प्रयास की सराहना की। बैठक में जिलाध्यक्ष जगदीश सिंह लोधी, पूर्व अध्यक्ष रमेश कुमार सिंह, सांसद प्रतिनिधि प्रदीप चौबे, अशोक गोस्वामी, सहकारी बैंक सभापति हरीराम निरंजन, महामंत्री बब्बूराजा बुंदेला, राजकुमार जैन, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष जेके सिंह, अनिल जैन अंचल, नपाध्यक्ष रजनी साहू उपस्थित रहे।
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