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बैंक खातों में दबी शौंचालयों की करोड़ों की रकम, कागजों में गांव ओडीएफ
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लखीमपुर खीरी। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत जनपद को भले ही खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) घोषित कर दिया गया है, लेकिन सच्चाई यह है कि अभी भी 52 ग्राम पंचायतों के प्रधान और सचिव मिलकर शौचालय बनवाने के लिए मिले 7.70 करोड़ से अधिक की धनराशि को दबाए बैठे हैं।
शुक्रवार को समीक्षा बैठक में डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने ऐसे प्रधानों और सचिवों को कड़ी फटकार लगाई। साथ ही निघासन ब्लॉक की ग्राम पंचायत लालपुर और मितौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत मितौली के खातों में क्रमश: 19.95 लाख और 26.29 लाख रुपये पड़े होने पर नाराजगी जताते हुए दोनों प्रधानों को 11 फरवरी 2020 तक लाभार्थियों को धनराशि का भुगतान करने का अल्टीमेटम दिया है अन्यथा पंचायत राज अधिनियम के तहत कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।
कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने 10 लाख से अधिक धनराशि दबाए रखने वाली 52 ग्राम पंचायतों के प्रधानों और सचिवों के साथ समीक्षा की। बैठक में ब्लॉक धौरहरा की ग्राम पंचायत अमेठी, ईसानगर की लाखुन, मितौली की कस्ता, निघासन की गुलरिया पत्थरशाह, बनवीरपुर, बौधीकलां, निघासन, सूरतनगर, पलिया की सरखनापूरब, पसगवां की काशीपुर, नकहा की बड़ागांव, कटकुसमा, बिल्हौरा के सचिव अनुपस्थित रहे। डीएम ने अनुपस्थित सचिवों और प्रधानों को नोटिस जारी करने के निर्देश डीपीआरओ अजय श्रीवास्तव को दिए। साथ ही 10 फरवरी 2020 को विकास भवन में बुलाकर समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। सीडीओ अरविंद सिंह ने कहा कि 11 फरवरी 2020 तक ग्राम निधि के छह खातों में पड़ी धनराशि को नियमानुसार लाभार्थियों के खातों में भेजा जाए और जो ग्राम पंचायतें पैसा लाभार्थियों के खातों में नहीं डालेंगी, उनके प्रधानों और सचिवों पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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शुक्रवार को समीक्षा बैठक में डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने ऐसे प्रधानों और सचिवों को कड़ी फटकार लगाई। साथ ही निघासन ब्लॉक की ग्राम पंचायत लालपुर और मितौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत मितौली के खातों में क्रमश: 19.95 लाख और 26.29 लाख रुपये पड़े होने पर नाराजगी जताते हुए दोनों प्रधानों को 11 फरवरी 2020 तक लाभार्थियों को धनराशि का भुगतान करने का अल्टीमेटम दिया है अन्यथा पंचायत राज अधिनियम के तहत कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।
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कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने 10 लाख से अधिक धनराशि दबाए रखने वाली 52 ग्राम पंचायतों के प्रधानों और सचिवों के साथ समीक्षा की। बैठक में ब्लॉक धौरहरा की ग्राम पंचायत अमेठी, ईसानगर की लाखुन, मितौली की कस्ता, निघासन की गुलरिया पत्थरशाह, बनवीरपुर, बौधीकलां, निघासन, सूरतनगर, पलिया की सरखनापूरब, पसगवां की काशीपुर, नकहा की बड़ागांव, कटकुसमा, बिल्हौरा के सचिव अनुपस्थित रहे। डीएम ने अनुपस्थित सचिवों और प्रधानों को नोटिस जारी करने के निर्देश डीपीआरओ अजय श्रीवास्तव को दिए। साथ ही 10 फरवरी 2020 को विकास भवन में बुलाकर समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। सीडीओ अरविंद सिंह ने कहा कि 11 फरवरी 2020 तक ग्राम निधि के छह खातों में पड़ी धनराशि को नियमानुसार लाभार्थियों के खातों में भेजा जाए और जो ग्राम पंचायतें पैसा लाभार्थियों के खातों में नहीं डालेंगी, उनके प्रधानों और सचिवों पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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