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तत्कालीन सीओ पलिया को हटाना एसपी को पड़ा महंगा
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लखीमपुर खीरी। पलिया के तत्कालीन सीओ राकेश नायक के विरुद्ध कार्रवाई एसपी पूनम को महंगी पड़ी। शासन ने जांच में दोषी पाए तत्कालीन सीओ को निलंबित कर दिया, लेकिन उसका असर एसपी पर भी पड़ा। उन्हें पीएसी आगरा के लिए स्थानांतरित कर दिया गया। एसपी ने रविवार को चार्ज नए एसपी सतेंद्र कुमार को सौंप दिया और आगरा के लिए रवाना हो गईं।
जिले में बढ़ते अपराध पर कंट्रोल करने के साथ ही टॉप टेन अपराधियों के खिलाफ तत्कालीन एसपी ने कार्रवाई शुरू कर दी थी। इसको लेकर आईजी जोन की मीटिंग में भी चर्चा हुई। आईजी ने जिले के क्राइम कंट्रोल पर संतुष्टि जताई थी, लेकिन थाने स्तर पर शिकायतों के निस्तारण को लेकर खिन्न भी नजर आईं थीं। इधर बालू खनन के मामले में पलिया के तत्कालीन सीओ राकेश नायक कार्यक्षेत्र बदलकर सीओ ट्रैफिक बना दिया था, लेकिन उन्होंने चार्ज नहीं लिया था। बल्कि वह बीमार होकर जिला अस्पताल में भर्ती हो गए थे। इसी दौरान ड्राइवर पर रिवाल्वर तानने का आरोप लगा, जिस पर तत्कालीन एसपी पूनम ने उनका रिवाल्वर मालखाने में जमा करा दिया था और मामले की जांच तत्कालीन एएसपी को दी थी। इसी दौरान आईजी जोन लक्ष्मी सिंह ने पूरे प्रकरण की एसपी से रिपोर्ट तलब की। शासन ने दो जुलाई की रात तत्कालीन सीओ को महिला अधिकारी से छेड़छाड़ सहित अन्य आरोपों में निलंबित कर दिया था। इसके बाद से एसपी के खिलाफ भी कार्रवाई की अटकलें तेज हो गईं थीं। अंतत: शासन ने 25 जुलाई की रात एसपी पूनम का तबादला 15वीं बटालियन पीएसी आगरा कर दिया था।
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जिले में बढ़ते अपराध पर कंट्रोल करने के साथ ही टॉप टेन अपराधियों के खिलाफ तत्कालीन एसपी ने कार्रवाई शुरू कर दी थी। इसको लेकर आईजी जोन की मीटिंग में भी चर्चा हुई। आईजी ने जिले के क्राइम कंट्रोल पर संतुष्टि जताई थी, लेकिन थाने स्तर पर शिकायतों के निस्तारण को लेकर खिन्न भी नजर आईं थीं। इधर बालू खनन के मामले में पलिया के तत्कालीन सीओ राकेश नायक कार्यक्षेत्र बदलकर सीओ ट्रैफिक बना दिया था, लेकिन उन्होंने चार्ज नहीं लिया था। बल्कि वह बीमार होकर जिला अस्पताल में भर्ती हो गए थे। इसी दौरान ड्राइवर पर रिवाल्वर तानने का आरोप लगा, जिस पर तत्कालीन एसपी पूनम ने उनका रिवाल्वर मालखाने में जमा करा दिया था और मामले की जांच तत्कालीन एएसपी को दी थी। इसी दौरान आईजी जोन लक्ष्मी सिंह ने पूरे प्रकरण की एसपी से रिपोर्ट तलब की। शासन ने दो जुलाई की रात तत्कालीन सीओ को महिला अधिकारी से छेड़छाड़ सहित अन्य आरोपों में निलंबित कर दिया था। इसके बाद से एसपी के खिलाफ भी कार्रवाई की अटकलें तेज हो गईं थीं। अंतत: शासन ने 25 जुलाई की रात एसपी पूनम का तबादला 15वीं बटालियन पीएसी आगरा कर दिया था।
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