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Kushinagar News: बारिश से सहमे किसान, गेहूं और सरसों की फसलों पर संकट

Sun, 22 Mar 2026 02:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर Updated Sun, 22 Mar 2026 02:28 AM IST
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Farmers Shaken by Rain; Wheat and Mustard Crops at Risk
शनिवार को तेज हवा और हल्की बारिश में गिरा गेंहू की फसल । संवाद
पडरौना। शनिवार भोर से शुरू हुई बूंदबांदी दोपहर करीब दो बजे तक चलती रही। पूरे दिन रुक-रुक कर बूंदाबांदी से शहर की प्रमुख सड़कों पर कीचड़ फैल गया। इससे राहगीरों को परेशानी उठानी पड़ी। सबसे अधिक परेशानी साइकिल सवार और पैदल राहगीरों को हुई। कुछ स्थानों पर तेज हवा के साथ हल्की बारिश भी हुई। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि गेहूं की फसल गिरने और सरसों के दानों के बाली में ही अंकुरित होने का खतरा है। मौसम विभाग ने रविवार को भी हवा के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है।
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जिले में शुक्रवार सुबह से ही मौसम बदलने लगा था। आसमान में बादल छाने लगे थे। शाम को ऐसा लग रहा था कि कभी भी बारिश हो सकती है। शुक्रवार रात रात आठ बजे के बाद शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। शनिवार सुबह करीब पांच बजे के बाद शहर समेत जिले में हल्की हवा के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई। दोपहर करीब दो बजे तक हुई बूंदाबांदी के चलते शहर के बेलवा चंगी, कसेरा टोला, दरबार रोड, तिलक चौक, रामकोला रोड, रेलवे स्टेशन रोड, गुदरी बाजार और मेना बाजार समेत शहर की सभी सड़कों पर कीचड़ फैल गया।
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कुछ ग्रामीण इलाकों में तेज हवा के साथ हल्की बारिश भी हुई। इसके चलते खेत में लहलहा रही गेहूं की फसल गिर गई, जबकि खेत में काट कर रखी सरसों और राई की फसल भीग गई। किसानों का कहना है कि इस बारिश से सरसाें व गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका है। सरसों की फसल पक कर तैयार है। कई किसानों ने तिलहन की फसल को सूखने के लिए खेत में ही छोड़ दिया है। अचानक बदले मौसम से सरसों की फसल को नुकसान होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। गेहूं की फसल को भी नुकसान की आशंका जताई गई है। इस साल क्षेत्र में बड़े पैमाने पर सरसों की खेती की गई थी। किसानों को उम्मीद थी कि इस बार पैदावार अधिक होगी लेकिन बारिश ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
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लक्ष्मीगंज संवाद के अनुसार, बारिश से एक तरफ गेहूं की फसल को नुकसान होगा, वहीं क्षेत्र के गन्ना किसानों का कहना है कि बारिश होने से गन्ने की फसलों को फायदा हुआ है। जिन किसानों की गेहूं की फसल में अभी बाली नहीं पकड़ी है, उसमें बाली ठीक पड़ेगी। हवा चलने से गेहूं की फसल खेत में गिर जाती है तो नुकसान की आशंका रहेगी। क्षेत्र के लालाछपरा धोधरही, खोटही, पगार, फुलवरिया आदि गांव में शनिवार को बारिश हुई।
क्षेत्र के किसान गन्ने के अलावा गेहूं की भी फसल उगाते हैं। ओमप्रकाश चौधरी, आदित्य शर्मा, महेश शर्मा, महेंद्र सिंह, दिलीप मौर्य, रामचंद्र मौर्य, झगरू यादव, कमला गुप्ता आदि किसानों ने कहा कि वसंतकालीन गन्ने की बुआई चल रही है। खेतों में नमी से गन्ने की फसल को फायदा होगा। इस समय गन्ने की पेड़ी फसलों में खाद आदि का छिड़काव किया जा रहा है। गेहूं की फसल में कल्ले निकल गए हैं। बारिश से गेहूं की बालियां घनी होंगी।
पकड़ियार बाजार संवाद के अनुसार, बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खासकर दलहनी और तिलहनी फसलों को इस बारिश से भारी नुकसान हुआ है, जबकि गेहूं की फसल पर इसका असर मामूली बताया जा रहा है। वहीं, गन्ने की फसल के लिए यह बारिश फायदेमंद है।
क्षेत्र में मसूर और सरसों की फसलों की मड़ाई चल रही है। अचानक हुई बारिश और तेज हवा के चलते कई स्थानों पर फसलें खेतों में गिर जाने से गुणवत्ता प्रभावित होने के साथ ही सड़न और काले पड़ने की समस्या आ रही है।

गडहिया बसंतपुर के किसान मोहन ने बताया कि मसूर की फसल पूरी तरह तैयार थी, लेकिन बारिश के कारण फसल जमीन पर गिर गई, जिससे दाने खराब होने की चिंता सताने लगी है। चरिघरवा के किसान सीपीएन चौधरी ने बताया कि यदि आगे मौसम साफ रहा तो गेहूं की फसल सुरक्षित रह सकती है। लेकिन लगातार बारिश होने पर नुकसान बढ़ने की आशंका है। उन्होंने कहा कि काटकर छोड़ी तोरिया की फसल बारिश से भीग गई है।
किसान रमायन पटेल ने कहा कि गन्ने की फसल के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है। खेतों में नमी बढ़ने से गन्ने की बढ़वार में मदद मिलेगी और सिंचाई से भी राहत मिलेगी। बारिश से खेतों में पर्याप्त नमी हो गई है, जिससे गन्ने की फसल को फायदा होगा। गेहूं की फसल पर इस बारिश का असर सीमित बताया जा रहा है। कृषि के जानकारों के अनुसार, गेहूं अभी पूरी तरह नहीं पका था, जिससे ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है। कुछ स्थानों पर फसल के झुकने की समस्या जरूर देखी गई है, जिससे कटाई में दिक्कत आ सकती है। विशेषज्ञों ने किसानों को खेतों में जलभराव न होने देने और पानी की निकासी की व्यवस्था करने की सलाह दी है। साथ ही दलहनी और तिलहनी फसलों की जल्द कटाई करने का सुझाव दिया है।



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जिले में हुई 13.4 एमएम बारिश

पडरौना। शनिवार को को पूरे जिले में 13.4 एमएम बारिश दर्ज की गई। कृषि विज्ञान केंद्र सरगटिया श्रुति वी सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से पहाड़ों पर मूसलाधार बारिश हो रही है। उसका असर पठारी इलाकों में देखने को मिल रहा है। शनिवार को हुई बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। दैनिक तापमान 26.5 डिग्री से 1.6 डिग्री गिरकर 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। उन्होंने बताया कि रविवार को भी आसमान में बादल छाए रहेंगे। हवा के साथ हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान है। संवाद

शनिवार को तेज हवा और हल्की बारिश में गिरा गेंहू की फसल । संवाद

शनिवार को तेज हवा और हल्की बारिश में गिरा गेंहू की फसल । संवाद

शनिवार को तेज हवा और हल्की बारिश में गिरा गेंहू की फसल । संवाद

शनिवार को तेज हवा और हल्की बारिश में गिरा गेंहू की फसल । संवाद

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