{"_id":"62a7867fa456513bb954686d","slug":"dm-bad-feel-on-slow-progress-kushinagar-news-gkp4402194126","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यमंत्री के 37 महत्वपूर्ण बिंदु प्र ाथमिकता विकास कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुख्यमंत्री के 37 महत्वपूर्ण बिंदु प्र ाथमिकता विकास कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लक्ष्य के साक्षेप धीमी प्रगति मिलने पर डीएम ने लगाई फटकार
पडरौना (कुशीनगर)। मुख्यमंत्री के 37 महत्वपूर्ण प्राथमिकता विकास कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। इसकी अध्यक्षता डीएम एस. राजलिंगम ने की। विभिन्न विभागों के प्राथमिकता वाले कार्यों की समीक्षा करते हुए डीएम ने लक्ष्य के सापेक्ष धीमी गति मिलने पर अधिकारियों को फटकार लगाई।
बैठक के दौरान विद्युत निगम, पशुपालन, जिला पंचायत राज, स्वास्थ्य, जिला पूर्ति, जिला प्रोवेशन, आईसीडीएस, श्रम, उद्योग, लोक निर्माण विभाग, समाज कल्याण, गन्ना, कौशल विकास सहित अन्य विभागों के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। सभी संबंधित विभागाध्यक्षों से लक्ष्य के सापेक्ष हुई प्रगति के बारे में ब्यौरा जिलाधिकारी ने तलब किया। लक्ष्य के साक्षेप धीमी गति मिलने पर डीएम ने अधिकारियों को फटकार लगाई। इस क्रम में डीएम ने संबंधित विभागों को लक्ष्य प्राप्ति के लिए उठाए जाने वाले कदम के बारे में सलाह भी दी।
ठेकेदार नहीं कर रहे सहयोग, होगी कार्रवाई
विकास कार्य से संबंधित विभागों की समीक्षा में अधिकारियों ने काम में देरी होने के लिए ठेकेदारों को जिम्मेदार ठहराया। अधिकारियों ने यह बताया कि ठेकेदार काम नहीं कर रहे हैं। ऐसे ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश भी डीएम ने दिया। किसी विभाग में कोई मामला लंबित ना रहे। डीएम ने यह भी निर्देशित किया कि जनपद की रैंक में सुधार लाया जाए। उन्होंने बताया कि टीम भावना से काम करने पर जिले की रैकिंग सुधर जाएगी। डीएम ने सभी विभागाध्यक्षों को खुद ही इसकी मानीटरिंग करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
आईजीआरएस बनेगा गले की फांस
आईजीआरएस के मामले को लेकर जिलाधिकारी ने काफी सख्ती दिखाई। उन्होंने इस मामले में शासन गंभीर है। इसलिए किसी सूरत में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसलिए ध्यान दिया जाए, कोई भी प्रकरण लंबित न हो। समस्या का गुणवत्तापूर्ण और त्वरित निस्तारण किया जाए। सभी विभागाध्यक्ष आईजीआरएस पोर्टल को नियमित तौर पर स्वयं चेक करें। सभी संबंधित विभाग अपने डाटा की फीडिंग समय से करें। इस दौरान सीएमओ सुरेश पटारिया, डीपीआरओ अभय यादव, डीसी मनरेगा राकेश सिंह, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत विंध्याचल कुशवाहा, राष्ट्रीय अर्थ एवं संख्याधिकारी मो. नासेह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
पडरौना (कुशीनगर)। मुख्यमंत्री के 37 महत्वपूर्ण प्राथमिकता विकास कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। इसकी अध्यक्षता डीएम एस. राजलिंगम ने की। विभिन्न विभागों के प्राथमिकता वाले कार्यों की समीक्षा करते हुए डीएम ने लक्ष्य के सापेक्ष धीमी गति मिलने पर अधिकारियों को फटकार लगाई।
बैठक के दौरान विद्युत निगम, पशुपालन, जिला पंचायत राज, स्वास्थ्य, जिला पूर्ति, जिला प्रोवेशन, आईसीडीएस, श्रम, उद्योग, लोक निर्माण विभाग, समाज कल्याण, गन्ना, कौशल विकास सहित अन्य विभागों के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। सभी संबंधित विभागाध्यक्षों से लक्ष्य के सापेक्ष हुई प्रगति के बारे में ब्यौरा जिलाधिकारी ने तलब किया। लक्ष्य के साक्षेप धीमी गति मिलने पर डीएम ने अधिकारियों को फटकार लगाई। इस क्रम में डीएम ने संबंधित विभागों को लक्ष्य प्राप्ति के लिए उठाए जाने वाले कदम के बारे में सलाह भी दी।
विज्ञापन
ठेकेदार नहीं कर रहे सहयोग, होगी कार्रवाई
विकास कार्य से संबंधित विभागों की समीक्षा में अधिकारियों ने काम में देरी होने के लिए ठेकेदारों को जिम्मेदार ठहराया। अधिकारियों ने यह बताया कि ठेकेदार काम नहीं कर रहे हैं। ऐसे ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश भी डीएम ने दिया। किसी विभाग में कोई मामला लंबित ना रहे। डीएम ने यह भी निर्देशित किया कि जनपद की रैंक में सुधार लाया जाए। उन्होंने बताया कि टीम भावना से काम करने पर जिले की रैकिंग सुधर जाएगी। डीएम ने सभी विभागाध्यक्षों को खुद ही इसकी मानीटरिंग करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
आईजीआरएस बनेगा गले की फांस
आईजीआरएस के मामले को लेकर जिलाधिकारी ने काफी सख्ती दिखाई। उन्होंने इस मामले में शासन गंभीर है। इसलिए किसी सूरत में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसलिए ध्यान दिया जाए, कोई भी प्रकरण लंबित न हो। समस्या का गुणवत्तापूर्ण और त्वरित निस्तारण किया जाए। सभी विभागाध्यक्ष आईजीआरएस पोर्टल को नियमित तौर पर स्वयं चेक करें। सभी संबंधित विभाग अपने डाटा की फीडिंग समय से करें। इस दौरान सीएमओ सुरेश पटारिया, डीपीआरओ अभय यादव, डीसी मनरेगा राकेश सिंह, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत विंध्याचल कुशवाहा, राष्ट्रीय अर्थ एवं संख्याधिकारी मो. नासेह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।