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बेरोजगारी से आहत युवक ने फांसी लगाकर दी जान
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पिपरी कोतवाली के कादिलपुर गांव में बेरोजगारी से आहत युवक ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। सोमवार सुबह उसका कमरे में फांसी से लटकता शव मिला। घटना की जानकारी पर पुलिस पहुंची, लेकिन परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। बाद में पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर शव अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया। घटना से पीड़ित परिवार में कोहराम है।
कादिलपुर गांव निवासी रामचरन मजदूरी करता है। राम चरन के मुताबिक छोटे बेटे सुनील (28) पुत्र रामचरन ने पिछले दिनों इलाके के ही एक बालू कारोबारी से बालू खरीदा था। कुछ पैसा उसको दे दिया गया था और कुछ बकाया चल रहा था। एक सप्ताह से बालू कारोबारी पैसों के लिए सुनील पर दबाव बना रहा था। कोरोना के चलते सुनील का काम बंद था।
वह बीमार पत्नी का इलाज करा रहा था। पैसों की व्यवस्था न होने के कारण वह काफी तनाव में था। रविवार शाम खाना खाने के बाद सुनील अपने कमरे में सोने के लिए चला गया। सुबह होने पर जब घर के लोगों की नींद खुली तो सुनील का शव धन्नी के सहारे फांसी के फंदे से लटक रहा था। शव देखकर परिजनों रोने लगे। परिवार वालों की सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची।
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पुलिस ने शव के पोस्टमार्टम के लिए कार्रवाई शुरू की, लेकिन घरवालों ने इनकार कर दिया। बाद में पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर लाश परिजनों को सौंप दी। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।
सदमे में पोल से टकराया मृतक का भाई
चायल। मृतक सुनील के मौत की खबर पाकर उसका बड़ा भाई बड़ा भाई अनिल बदहवाश हो गया। वह एक जगह भवन निर्माण का काम कर रहा था। घटना की जानकारी के बाद वह फौरान बाइक से घर से लिए निकला। रास्ते में वह हड़बड़ाहट में बिजली के पोल से टकरा गया। घटना में अनिल को गंभीर चोटें आई हैं। इलाज के लिए उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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कादिलपुर गांव निवासी रामचरन मजदूरी करता है। राम चरन के मुताबिक छोटे बेटे सुनील (28) पुत्र रामचरन ने पिछले दिनों इलाके के ही एक बालू कारोबारी से बालू खरीदा था। कुछ पैसा उसको दे दिया गया था और कुछ बकाया चल रहा था। एक सप्ताह से बालू कारोबारी पैसों के लिए सुनील पर दबाव बना रहा था। कोरोना के चलते सुनील का काम बंद था।
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वह बीमार पत्नी का इलाज करा रहा था। पैसों की व्यवस्था न होने के कारण वह काफी तनाव में था। रविवार शाम खाना खाने के बाद सुनील अपने कमरे में सोने के लिए चला गया। सुबह होने पर जब घर के लोगों की नींद खुली तो सुनील का शव धन्नी के सहारे फांसी के फंदे से लटक रहा था। शव देखकर परिजनों रोने लगे। परिवार वालों की सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची।
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पुलिस ने शव के पोस्टमार्टम के लिए कार्रवाई शुरू की, लेकिन घरवालों ने इनकार कर दिया। बाद में पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर लाश परिजनों को सौंप दी। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।
सदमे में पोल से टकराया मृतक का भाई
चायल। मृतक सुनील के मौत की खबर पाकर उसका बड़ा भाई बड़ा भाई अनिल बदहवाश हो गया। वह एक जगह भवन निर्माण का काम कर रहा था। घटना की जानकारी के बाद वह फौरान बाइक से घर से लिए निकला। रास्ते में वह हड़बड़ाहट में बिजली के पोल से टकरा गया। घटना में अनिल को गंभीर चोटें आई हैं। इलाज के लिए उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।