फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   Umchha uproar over quota selection, pradhan beaten up

उमरछा में कोटे के चयन को लेकर हंगामा, प्रधान को पीटा

Thu, 06 Jan 2022 08:12 PM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 06 Jan 2022 08:12 PM IST
विज्ञापन
Umchha uproar over quota selection, pradhan beaten up
मूरतगंज विकास खंड के उमरछा गांव के कोटे की दुकान के चयन में चल रही खुली बैठक के बाद ग्रामीणों ने जमकर हंगामा काटा। नाराज ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान और अधिकारियों की मिलीभगत से कोटे के चयन में अनियमितता का आरोप लगाया। विवाद बढ़ने पर ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान और उसके दो अन्य साथियों की पिटाई भी कर दी। पिटाई से नाराज ग्राम प्रधान ने भी स्थानीय पुलिस पर लापरवाही करने का आरोप लगाते हुए शिकायत अधिकारियों से की। प्रकरण को लेकर गांव में तनाव है।
विज्ञापन

उमरछा गांव में रमाकांत त्रिपाठी ग्राम प्रधान हैं। गांव के कोटे की दुकान ग्राम प्रधान के सगे भतीजे के नाम से थी। पिछले दिनों कोटेदार के सरकारी शिक्षक बन जाने के बाद दुकान निरस्त कर दी गई। इसके बाद नई दुकान चयन के लिए बुधवार को गांव में खुली बैठक हुई। बैठक में आपूर्ति विभाग के अधिकारी, पंचायत सचिव समेत सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।
विज्ञापन

कोटा चयन के लिए गांव के दो स्वयं सहायता समूहों की तरफ से आवेदन दिए गए। इसमें अधिकारियों ने चुनाव के बाद ग्राम प्रधान के पक्ष से आए आवेदन का चयन कर दिया। इस पर दूसरे पक्ष के नाराज ग्रामीणों ने मिलीभगत कर कोटा चयन में अनियमितता बरतने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। इस दौरान मौके पर मौजूद ग्राम प्रधान ने विरोध किया तो नाराज ग्रामीणों ने उन्हें और उनके दो अन्य साथियों की पिटाई कर दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके बाद गांव में अफरातफरी मच गई। पिटाई से नाराज ग्राम प्रधान और उसके साथियों ने पुलिस प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अधिकारियों से शिकायत की है। मामले में पुलिस ने जहां घटना की जांच कर कार्रवाई करने की बात कही है वहीं दूसरे पक्ष के लोगों ने कोटा चयन में मनमानी का आरोप लगाते हुए दोबारा खुली बैठक कराने की मांग की है।
महगांव में खुली बैठक में नहीं पहुंचे अधिकारी, हंगामा
मूरतगंज विकास खंड के महगांव में आठ महीने से रिक्त चल रही कोटे की दुकान के लिए बृहस्पतिवार को आयोजित होने वाली खुली बैठक में अधिकारी ही नहीं पहुंचे। इससे नाराज ग्रामीणों ने हंगामा करते हुए अधिकारियों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। सूचना पर पहुंची चरवा पुलिस ने ग्रामीणों को समझाबुझाकर शांत कराया।
महगांव स्थित कोटे की दुकान अरसी जाफरी के नाम से आवंटित थी। पिछले दिनों हुए पंचायत चुनाव में कोटेदार के जिला पंचायत सदस्य चुने जाने के बाद दुकान निरस्त हो गई। पिछले आठ महीने से दुकान निरस्त है। ग्रामीणों को राशन के लिए परेशान होना पड़ रहा है। ग्रामीणों के नई दुकान की मांग पर बृहस्पतिवार को पूर्व माध्यमिक विद्यालय में खुली बैठक आयोजित की गई थी।

इसमें गांव के सैकड़ों लोग तो पहुंचे लेकिन दुकान चयन करने वाले पंचायत सचिव व अन्य अधिकारी ही नहीं पहुंचे। बैठक में काफी देर तक अधिकारियों का इंतजार करने के बाद ग्रामीण नाराज होकर हंगामा करने लगे। सूचना पर पहुंची चरवा पुलिस ने समझाबुझाकर सभी को शांत कराया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed