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सावधान! मामूली बुखार हो सकता है टायफाइड

Sun, 11 Nov 2018 12:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी Updated Sun, 11 Nov 2018 12:00 AM IST
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tified in kaushambi
fever
अगर आप मौसम के बदले मिजाज की वजह से सर्दी या फ्लू से पीड़ित हैं, तो बीमारी को हलके में नहीं लेना। यह बीमारी, टायफाइड हो सकती है। बीमारी की जद में रहने वाले लोगों को जहां खून की कमी हो सकती है वहीं ज्यादा दिन तक बुखार होने से जान भी जा सकती है। जिला अस्पताल में पखवाड़े भर के दौरान जांच में दौरान आए 615 लोगों के परीक्षण में 80 फीसद के करीब टायफाइड से पीड़ित मिले।
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इस वक्त दिन-रात के तापमान में भारी अंतर हो रहा है। मौसम के इस बदलाव ने लोगों को बुखार से पीड़ित कर रखा है। यह बुखार इतना तेज नहीं होता कि मरीज को पता चल सके। वह सर्दी की दवा खाता रहता है, लेकिन मरीज को अंदर से बुखार रहता है। इस बुखार को नजर अंदाज करना आगे चलकर हानिकारक हो सकता है। बुखार बना रहने से लोगों के खून में कमी हो जाती है। अक्सर लोग इस तरह की बीमारी को हलके अंदाज में ले लेते हैं। जिला अस्पताल के आंकड़ों पर गौर करें तो पिछले एक पखवाड़े के दौरान 615 लोगों को चिकित्सकों ने काफी दिनों से बुखार आने की समस्या को लेकर बिड्राल की जांच लिखी। जांच में पता चला कि 80 फीसद लोग टायफाइड से शिकार थे। इन लोगों को दवा का कोर्स कराकर सही किया गया।
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ऐसे फैलती है बीमारी
मंझनपुर। टायफाइड प्रदूषित पानी, खान-पान की दिक्कत से होता है। इसके अलावा अगर किसी को पहले कभी टायफाइड रहा हो तो वह इस मौसम में दोबारा प्रभावी हो सकता है। जिन लोगों को बुखार की शिकायत है तो वह जांच कराएं। ज्यादा दिन के बुखार की वजह से भी टायफाइड हो सकता है।
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ऐसे करें बचाव-
- सुबह-शाम के वक्त गरम कपड़े पहन कर निकलें।
- बच्चों और बुजुर्गो के लिए खास सावधानी की जरूरत है
- मार्निंग वॉक पर निकलने वाले दमा और श्वास के रोगी परहेज करें।
- हल्का और सुपाच्य भोजन लें।
- सर्दी को नजर अंदाज करना हानिकारक हो सकता है।

इनका कहना है
टायफाइड मुंह से फैलता है। जरूरी नहीं है कि किसी को तत्काल टायफाइड हुआ हो। शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता में कमी के कारण यह बीमारी फैलती है। इन दिनों बुखार पीड़ितों के खून की जांच में टाइफाइड की पुष्टि हो रही है।
डॉ. दीपक सेठ, सीएमएस जिला अस्पताल
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