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बदलें नजरिया, 24 घंटे तैयार है पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
Updated Tue, 12 Sep 2017 01:39 AM IST
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kaushambi
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पुलिस के प्रति अपनी नकारात्मक सोच में बदलाव लाएं। पुलिस आपकी सेवा के लिए है। आधुनिक संसाधनों से पुलिस लैस हो चुकी है और 24 घंटे आपकी मदद करने के लिए तैयार है। साइबर क्राइम हो या संगठित अपराधी हों, पुलिस निपटने में पूरी तरह से सक्षम हैं। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से सोमवार को बीएस मेहता विद्याश्रम में आयोजित पुलिस की पाठशाला में सीओ (सिराथू) अंशुमान मिश्र ने छात्रों को पुलिस की कार्यशैली की जानकारी दी, साथ ही छात्रों से आह्वान किया कि वह शांति व्यवस्था बनाए रखने में पूरी मदद करें।
पुलिस की छवि मददगार के रूप में अभिभावक पेश करें। अक्सर सुनने में आता है कि अभिभावक बच्चों से कहते हैं कि परेशान करोगे तो पुलिस आ जाएगी। यह डरावना चेहरा बच्चों के सामने न रखा जाए। इससे बच्चों में नकारात्मक भाव आते हैं। दस साल में पुलिस महकमे में बड़ा बदलाव आया है। आधुनिक सुविधाएं मिली हैं, जिसका लाभ आम जनता को पुलिस दे रही है। अपराधियों का नेटवर्क भी टूटा है। 100-डॉयल पुलिस 15 मिनट में सूचना देने पर पहुंच रही है। इस समय को और कम किया जा रहा है। इंटरनेट यूजर सावधान रहें। खासतौर से छात्र व छात्राएं। इंटनरेट पर कतई अपनी फोटो शेयर न करें। आप मोबाइल फार्मेट कर देते हैं या फोटो डिलीट कर देते हैं, लेकिन फोटो फिर भी रहती है।
फेसबुक पर पूरी सावधानी बरतें। खासतौर से छात्राएं। आपकी लापरवाही का फायदा कोई भी शातिर उठाकर फोटो का दुरुपयोग कर सकता है। सोच-समझकर फोटो व संदेश फारवर्ड करें। ब्लू व्हेल गेम का जिक्र करते हुए कहा कि अपनी सोच सकारात्मक रखें और ऐसे काल्पनिक खेलों से दूर रहें। पुलिस 99 फीसदी लोगों के लिए नहीं हैं। वह सिर्फ उन एक फीसदी लोगों के लिए है जो अपराधी हैं। पाठशाला के पहले छात्राओं ने सीओ अंशुमान मिश्र का स्वागत किया। इस मौके पर प्रधानाचार्य संजय श्रीवास्तव, ठा. सुधाकर सिंह, ओपी त्रिपाठी, नसीम अहमद, अवधेश मिश्र आदि उपस्थित रहे।
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पुलिस की छवि मददगार के रूप में अभिभावक पेश करें। अक्सर सुनने में आता है कि अभिभावक बच्चों से कहते हैं कि परेशान करोगे तो पुलिस आ जाएगी। यह डरावना चेहरा बच्चों के सामने न रखा जाए। इससे बच्चों में नकारात्मक भाव आते हैं। दस साल में पुलिस महकमे में बड़ा बदलाव आया है। आधुनिक सुविधाएं मिली हैं, जिसका लाभ आम जनता को पुलिस दे रही है। अपराधियों का नेटवर्क भी टूटा है। 100-डॉयल पुलिस 15 मिनट में सूचना देने पर पहुंच रही है। इस समय को और कम किया जा रहा है। इंटरनेट यूजर सावधान रहें। खासतौर से छात्र व छात्राएं। इंटनरेट पर कतई अपनी फोटो शेयर न करें। आप मोबाइल फार्मेट कर देते हैं या फोटो डिलीट कर देते हैं, लेकिन फोटो फिर भी रहती है।
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फेसबुक पर पूरी सावधानी बरतें। खासतौर से छात्राएं। आपकी लापरवाही का फायदा कोई भी शातिर उठाकर फोटो का दुरुपयोग कर सकता है। सोच-समझकर फोटो व संदेश फारवर्ड करें। ब्लू व्हेल गेम का जिक्र करते हुए कहा कि अपनी सोच सकारात्मक रखें और ऐसे काल्पनिक खेलों से दूर रहें। पुलिस 99 फीसदी लोगों के लिए नहीं हैं। वह सिर्फ उन एक फीसदी लोगों के लिए है जो अपराधी हैं। पाठशाला के पहले छात्राओं ने सीओ अंशुमान मिश्र का स्वागत किया। इस मौके पर प्रधानाचार्य संजय श्रीवास्तव, ठा. सुधाकर सिंह, ओपी त्रिपाठी, नसीम अहमद, अवधेश मिश्र आदि उपस्थित रहे।
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