कौशाम्बी : लॉकप की कुंडी खोलकर पुलिस अभिरक्षा से फरार हुआ बदमाश
महेवाघाट कोतवाली के घोघ पुरवा गांव के एक घर से हफ्ते भर पहले लाखों की गृहस्थी चोरी हो गई थी। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने संदेह के दायरे में आए तमाम युवकों से पूछताछ की। इसी क्रम में दो दिन पहले महेवाघाट गांव के ही सत्यम गर्ग को पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में लिया।
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चोरी के एक मामले में पूछताछ के लिए दो दिन पहले महेवाघाट कोतवाली लाया गया बदमाश शुक्रवार की रात लॉकप की कुंडी खोलकर फरार हो गया। सुबह जानकारी होने पर पुलिस कर्मियों के हाथ-पैर फूल गए। तमाम कवायद के बावजूद शनिवार की शाम तक पुलिस अभिरक्षा से फरार बदमाश का कोई सुराग नहीं लग सका था। इसे लेकर महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। हालांकि, पुलिस अफसर किसी बदमाश के फरार होने की बात से इंकार कर रहे हैं।
महेवाघाट कोतवाली के घोघ पुरवा गांव के एक घर से हफ्ते भर पहले लाखों की गृहस्थी चोरी हो गई थी। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने संदेह के दायरे में आए तमाम युवकों से पूछताछ की। इसी क्रम में दो दिन पहले महेवाघाट गांव के ही सत्यम गर्ग को पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। थाने लाकर कड़ाई से पूछताछ करने के बाद भी कोई सफलता नहीं मिली। शुक्रवार की रात पुलिसकर्मी सो रहे थे। इसी बीच लॉकप की कुंडी खोलकर सत्यम गर्ग बाहर निकला और छत के ऊपर चढ़कर पाइप के सहारे नीचे उतरकर भाग निकला।
सुबह जब लॉकप से पुलिस कर्मियों ने सत्यम को लॉकप से गायब देखा तो होश उड़ गए। मामला सुर्खियों में आने पर एसपी हेमराज मीणा ने सीओ सिटी योगेंद्र कृष्ण नारायण को जांच सौंपी। इस बाबत सीओ का कहना है कि मामले की जांच की गई है। थाने से कोई बदमाश नहीं भागा है। हालांकि, सत्यम गर्ग आपराधिक किस्म का है। उसके खिलाफ पहले से ही महेवाघाट कोतवाली के अलावा चित्रकूट जनपद में भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। उसकी तलाश काफी दिनों से की जा रही है।
स्टॉफ नर्स की लापरवाही से नवजात की मौत का आरोप
स्थानीय कस्बे के वार्ड नंबर 9 शिवाला पर मोहल्ला निवासी अखिलेश पांडेय ने बताया कि उसकी पत्नी मधु को शुक्रवार की शाम प्रसव पीड़ा हुई। इस पर परिजन उसे सीएचसी सिराथू ले गए। भोर करीब पांच बजे मधु ने शिशु को जन्म दिया। नवजात की हालत बिगड़ती देख उन्होंने अस्पताल में रहे कर्मचारियों को जानकारी दी। अखिलेश का आरोप है कि अस्पताल में कोई महिला चिकित्सक मौजूद नहीं थी। स्टाफ नर्स की लापरवाही से एक घंटे बाद नवजात की मौत हो गई। शनिवार को अखिलेश पांडेय ने मामले की शिकायत सैनी पुलिस से की। इस बाबत चिकित्सा अधीक्षक डॉ. हेमंत विशेन का कहना है कि नवजात की हालत बिगड़ने पर उसे जिला चिकित्सालय के लिए रेफर किया गया था। नवजात की मौत रास्ते में हुई है।