फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   distric hospital sncu

जिला अस्पताल: रविवार को गायब रहे स्टॉफ नर्स और चिकित्सक

Mon, 25 Jul 2016 12:35 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी Updated Mon, 25 Jul 2016 12:35 AM IST
विज्ञापन
distric hospital sncu
other
दोआबा के मरीजों को अच्छा इलाज मुहैया कराने वाला एक मात्र संयुक्त जिला चिकित्सालय रविवार को खुद बीमार हो जाता है। सीएमएस के अस्पताल से हटते ही स्टॉफ नर्स और डॉक्टर गायब हो जाते हैं। इतना ही नहीं सफाई कर्मी तक अस्पताल नहीं आते हैं। इसका खामियाजा अस्पताल के मरीजों को भुगतना पड़ता है।
विज्ञापन


संयुक्त जिला चिकित्सालय में तैनात चिकित्सकों, स्टॉफ नर्स और सफाई कर्मचारियों पर सीएमएस का कोई जोर नहीं रह गया है। इसके चलते अस्पताल में मरीजों को आए दिन अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ता है। रविवार को भी कुछ ऐसा ही नजारा अस्पताल में नजर आया। अस्पताल में स्टॉफ नर्स रंजना यादव और सरोज गौतम की ड्यूटी थी। दो में से एक भी अस्पताल में मौजूद नहीं रहे। इसके चलते मरीजों को कठिनाई का सामना करना पड़ा। यही हाल चिकित्सकों का रहा।
विज्ञापन


अस्पताल में किस चिकित्सक की ड्यूटी थी यह बताने वाला तक कोई नहीं था। इमरजेंसी में अकेले डॉ. सौभाग्य सिंह ऊंघ रहे थे। इतना ही नहीं रविवार होने की वजह से अस्पताल में एक भी सफाई कर्मी नहीं पहुंचा। इससे पूरा अस्पताल गंदगी से बजबजा रहा था। ऐसे में रविवार को बीमार रहे संयुक्त जिला चिकित्सालय में मरीजों को चिकित्सकीय सुविधा का कितना लाभ हुआ होगा सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


दो बच्चों की नहीं हो सकी एसएनसीयू
 संयुक्त जिला चिकित्सालय में संडे को एक किलकारी गूंजी। मऊ निवासी रागिनी पत्नी एसपी शुक्ल ने एक बच्चे को जना। 20 जुलाई को इमली गांव निवासी प्रिया पत्नी गोविंद पांडेय की डिलेवरी हुई। प्रिया के बेटे को पीलिया होने की आश्ंाका थी तो रागिनी के बच्चे का बदन नीला होता जा रहा था। दोनो बच्चों की एसएनसीयू (सिंक न्यू बार्न केयर यूनिट) में रखे जाने की जरूरत थी। लेकिन अस्पताल से स्टॉफ नर्स और चिकित्सकों के गायब रहने से कोई भी नवजात शिशुओं की देखभाल करने वाला नहीं रहा। ऐसे में यदि किसी नवजात के साथ कोई अनहोनी हो जाय तो इसका जिम्मेदार कौन होगा?

करोड़ खर्च होने के बाद भी मरीजों को नहीं मिल रहा लाभ
संयुक्त जिला चिकित्सालय में बच्चों की सेंकाई करने समेत कई कीमती मशीनें करोड़ों रुपये खर्च करने के बाद आई हैं। लेकिन कर्मियों की लापरवाही के चलते इनका लाभ अस्पताल आने वाले मरीजों को नहीं मिल रहा है। इतना ही नहीं प्रयोग में न लाए जाने से करोड़ों रुपये की मशीनें धीरे-धीरे कबाड़ हो रही है। जिम्मेदार हैं कि वह मामले में अपनी चुप्पी नहीं तोड़ रहे हैं।


अस्पताल में स्टॉफ द्वारा की जा रही लापरवाही की शिकायत कई बार मिल चुकी है। मुझे कार्रवाई का अधिकार नहीं है। इस बावत मैने कई पत्र सीएमओ को भेजे हैं लेकिन आज तक लापरवाह नर्स, चिकित्सकों और अन्य कर्मियों के खिलाफ शिकंजा नहीं कसा जा सका। अस्पताल में मौजूद रहने पर प्रयास रहता है कि मरीजों को अधिक से अधिक चिकित्सीय सुविधा का लाभ दिला सकूं।
रामजी पांडेय, सीएमएस
संयुक्त जिला चिकित्सालय
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed