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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kasganj News ›   FIR registered against 10 people, including a *Lekhpal* and a *Tehsildar*, on charges of executing a fraudulent sale deed.

Kasganj News: फर्जी बैनामा कराने के आरोप में लेखपाल, तहसीलदार समेत 10 पर प्राथमिकी दर्ज

Thu, 25 Jun 2026 11:38 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Thu, 25 Jun 2026 11:38 PM IST
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कासगंज। अमांपुर थाना क्षेत्र की एक महिला ने साठगांठ करके फर्जी बैनामा कराने के आरोप में तहसीलदार, लेखपाल, निबंधक लिपिक समेत 10 आरोपियों पर प्राथमिकी दर्ज कराई है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) के आदेश पर सहावर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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अमांपुर थाना क्षेत्र में गांव नगला मईया निवासी गुड्डो देवी पत्नी अरविंद कुमार ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायालय में प्रार्थना पत्र दायर कर बताया था कि उन्होंने 16 अक्टूबर 2023 को मौजा फिरोजपुर सानी परगना तहसील सहावर स्थित आराजी गाटा संख्या 67/0.6520 हेक्टर का 1/6 भाग उसके असली मालिक नितिन कुमार पुत्र दिनेशचंद्र से बैनामा कराया था। बैनामा कराने के बाद उन्होंने राजस्व अभिलेखों में अपना दाखिल-खारिज भी करा लिया। इस जमीन पर बैंक से ऋण लेकर विधिवत रूप से काबिज होकर खेती कर रही थी।
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उनका आरोप है कि 6 दिसंबर 2025 को नितिन कुमार ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर उसके हिस्से की उसी जमीन का दोबारा फर्जी तरीके से अनीता देवी पत्नी धर्मेंद्र कुमार के हक में बैनामा कर दिया। आरोप लगाया कि इस धोखाधड़ी को अंजाम देने के लिए उपनिबंधक सूरज प्रताप सिंह, निबंधक लिपिक ज्ञानेंद्र विक्रम श्रीवास्तव, बैनामा लेखक हरी सिंह, गवाहान संजेश कुमार व मिथुन, तहसीलदार सहावर संदीप चौधरी और क्षेत्रीय लेखपाल विपिन कुमार ने कथित रूप से आपस में साठगांठ कर लिया। इन अधिकारियों और कर्मचारियों ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर गलत तरीके से अनीता देवी का दाखिल-खारिज मंजूर करा दिया।
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महिला का आरोप है कि 12 मार्च 2026 को आरोपी अनीता देवी, धर्मेंद्र कुमार व अन्य लोग उसकी जमीन पर अवैध कब्जा करने पहुंचे। पीड़िता ने इसका विरोध करते हुए अपना बैनामा दिखाया तो आरोपियों ने उनके बैनामे को फर्जी बता दिया। इसके बाद पीड़िता ने तहसील से दस्तावेज निकलवाए, तब उसे फर्जीवाड़े की जानकारी हुई।

पीड़िता ने पुलिस से इसकी शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। तब पीड़िता ने न्यायालय की शरण ली। कोर्ट के आदेश के बाद सहावर थाना पुलिस ने सभी 10 आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।

वर्जन
फर्द में विक्रेता नितिन कुमार का नाम था। उसके आधार पर ही बैनामा कराया गया था। फर्जीवाड़े के सभी आरोप निराधार है। -संदीप चौधरी, तहसीलदार सहावर
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