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Kasganj News: स्वाइन फ्लू के दो मरीज मिलने पर अलर्ट
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फोटो43जिला अस्पताल में स्वाइन फ्लू के लिए बनाया गया वार्ड ।संवाद
कासगंज। जिले में स्वाइन फ्लू के दो संदिग्ध मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। संक्रमण से बचाव के लिए शासन ने डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ के साथ गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के वैक्सीनेशन के निर्देश दिए हैं। जिला अस्पताल में वैक्सीनेशन की तैयारी शुरू कर दी गई है। अस्थमा, डायलिसिस, बीपी और शुगर के गंभीर मरीजों को प्राथमिकता दी जाएगी।
गंजडुंडवारा निवासी एक वृद्ध एवं एक महिला को बुखार की शिकायत होने पर परिजन इलाज को अलीगढ़ ले गए। इसके बाद वहां उनमें स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इसके बाद अलीगढ़ से सूचना जिले के स्वास्थ्य विभाग को मिली।
अलीगढ़ मंडल की रिपोर्ट के अनुसार, शनिवार तक मंडल में स्वाइन फ्लू के 14 मरीजों की पुष्टि हो चुकी है। इनमें अलीगढ़ जिले के नौ, कासगंज के दो, हाथरस के दो और एटा का एक मरीज शामिल है। विभाग ने जिले में दो मरीज सामने आने के बाद सतर्कता बढ़ा दी है।
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सीएमओ डॉ. अजय कुमार ने बताया कि स्वाइन फ्लू के संभावित संक्रमण को रोकने के लिए अस्पताल में जरूरी सावधानियां बरती जा रही हैं। आवश्यक दवाओं की डिमांड भी भेजी गई है।
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डाॅक्टरों से लेकर गंभरी मरीजों का होगा टीकाकरण
जिला अस्पताल में जांच के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं। इसके साथ ही आइसोलेशन वार्ड भी तैयार किया गया है ताकि आवश्यकता पड़ने पर मरीजों को भर्ती किया जा सके। जिला अस्पताल में टीकाकरण को लेकर आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ और चिह्नित गंभीर मरीजों को वैक्सीन लगाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके साथ ही डायलिसिस, अस्थमा, बीपी, शुगर के गंभीर मरीजों को वैक्सीन लगेगी।
ये है स्वाइन फ्लू
स्वाइन फ्लू इन्फ्लूएंजा-ए वायरस से होने वाला श्वसन संक्रमण है। इसे आमतौर पर एच1एन1 फ्लू भी कहा जाता है। संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने या सांस के जरिए निकली बूंदों से संक्रमण फैल सकता है।
स्वाइन फ्लू के प्रमुख लक्षण
-तेज बुखार या ठंड लगना
-खांसी और गले में खराश
-नाक बहना या नाक बंद होना
-सिरदर्द और बदन दर्द
-अत्यधिक थकान और कमजोरी
-कुछ लोगों में उल्टी या दस्त भी हो सकते हैं
-गंभीर स्थिति में सांस लेने में परेशानी या सांस फूलना हो सकता है
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बचाव के उपाय
-खांसते या छींकते समय मुंह-नाक ढकें
-हाथों को साबुन-पानी से बार-बार धोएं
-बीमार व्यक्ति के बेहद करीब जाने से बचें
-आंख, नाक और मुंह को बार-बार छूने से बचें
-लक्षण होने पर भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें और चिकित्सकीय सलाह लें
-डॉक्टर की सलाह पर फ्लू वैक्सीन लगवाएं
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गंजडुंडवारा निवासी एक वृद्ध एवं एक महिला को बुखार की शिकायत होने पर परिजन इलाज को अलीगढ़ ले गए। इसके बाद वहां उनमें स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इसके बाद अलीगढ़ से सूचना जिले के स्वास्थ्य विभाग को मिली।
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अलीगढ़ मंडल की रिपोर्ट के अनुसार, शनिवार तक मंडल में स्वाइन फ्लू के 14 मरीजों की पुष्टि हो चुकी है। इनमें अलीगढ़ जिले के नौ, कासगंज के दो, हाथरस के दो और एटा का एक मरीज शामिल है। विभाग ने जिले में दो मरीज सामने आने के बाद सतर्कता बढ़ा दी है।
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सीएमओ डॉ. अजय कुमार ने बताया कि स्वाइन फ्लू के संभावित संक्रमण को रोकने के लिए अस्पताल में जरूरी सावधानियां बरती जा रही हैं। आवश्यक दवाओं की डिमांड भी भेजी गई है।
डाॅक्टरों से लेकर गंभरी मरीजों का होगा टीकाकरण
जिला अस्पताल में जांच के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं। इसके साथ ही आइसोलेशन वार्ड भी तैयार किया गया है ताकि आवश्यकता पड़ने पर मरीजों को भर्ती किया जा सके। जिला अस्पताल में टीकाकरण को लेकर आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ और चिह्नित गंभीर मरीजों को वैक्सीन लगाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके साथ ही डायलिसिस, अस्थमा, बीपी, शुगर के गंभीर मरीजों को वैक्सीन लगेगी।
ये है स्वाइन फ्लू
स्वाइन फ्लू इन्फ्लूएंजा-ए वायरस से होने वाला श्वसन संक्रमण है। इसे आमतौर पर एच1एन1 फ्लू भी कहा जाता है। संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने या सांस के जरिए निकली बूंदों से संक्रमण फैल सकता है।
स्वाइन फ्लू के प्रमुख लक्षण
-तेज बुखार या ठंड लगना
-खांसी और गले में खराश
-नाक बहना या नाक बंद होना
-सिरदर्द और बदन दर्द
-अत्यधिक थकान और कमजोरी
-कुछ लोगों में उल्टी या दस्त भी हो सकते हैं
-गंभीर स्थिति में सांस लेने में परेशानी या सांस फूलना हो सकता है
बचाव के उपाय
-खांसते या छींकते समय मुंह-नाक ढकें
-हाथों को साबुन-पानी से बार-बार धोएं
-बीमार व्यक्ति के बेहद करीब जाने से बचें
-आंख, नाक और मुंह को बार-बार छूने से बचें
-लक्षण होने पर भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें और चिकित्सकीय सलाह लें
-डॉक्टर की सलाह पर फ्लू वैक्सीन लगवाएं