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आरबीआई का आंकड़ा झूठा, जनता को दे रहे धोखा!

Thu, 24 Nov 2016 11:25 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Thu, 24 Nov 2016 11:25 AM IST
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rbi is not giving true information about recent currency
12 बजे के बाद ही खाली हो रहे बैंक, पब्लिक परेशान - फोटो : अमर उजाला
करेंसी की उपलब्धता न होने पर बैंक के अधिकारियों ने कानपुर कमिश्नर आवास में हुई बैठक में रिजर्व बैंक को कटघरे में खड़ा किया।
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डीएम कौशलराज शर्मा ने भी कहा कि आरबीआई की ओर से पेश किया जा रहा आंकडा सही नहीं है। सिर्फ कानपुर में सभी बैंकों को रोजाना करीब 350 करोड़ रुपये की जरूरत पड़ती है, जबकि रिजर्व बैंक की ओर से 50-60 करोड़ रुपये से ज्यादा नहीं दिया जा रहा है। दोपहर 12 बजे के बाद ही यहां के सैकड़ों बैंक खाली हो जा रहे हैं। बैंकों में रुपये न मिलने से परेशान लोगों के फोन दिन भर आते रहते हैं। रिजर्व बैंक की करेंसी सप्लाई यदि इतनी दुरुस्त है तो फिर बैंकों में करेंसी न होने के नोटिस क्यों चस्पा किए जा रहे हैं। 

रिजर्व बैंक के उप महाप्रबंधक सुशील द्विवेदी ने कहा कि करेंसी का फ्लो धीमा जरूर है लेकिन ऐसा नहीं है कि नोट न होने की वजह से कहीं काम बंद हुआ हो या किसी को कम रुपये दिए जा रहे हों।  इस पर डीएम ने कहा कि दो बातें एक साथ नहीं होनी चाहिए कि करेंसी का फ्लो ठीक है और बैंकों में रुपये पहुंच भी नहीं रहे हैं। कमिश्नर मो. इफ्तेखारुद्दीन ने आरबीआई अधिकारी से सवाल किया सही स्थिति क्या है वे खुद स्पष्ट करें। करेंसी की दिक्कत कितने दिनों में सामान्य हो पाएगी। इस आरबीआई अधिकारी ने बताया कि करीब तीन से चार सप्ताह में स्थिति दुरुस्त हो जाएगी। 
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