{"_id":"5d76cbcb8ebc3e93cb764461","slug":"nikhil-s-heart-liver-stomach-spleen-are-all-on-the-opposite-side","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"निखिल का दिल, लिवर, आमाशय, तिल्ली सब उल्टी तरफ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निखिल का दिल, लिवर, आमाशय, तिल्ली सब उल्टी तरफ
Tue, 10 Sep 2019 03:31 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Tue, 10 Sep 2019 03:31 AM IST
सार
- शरीर के अंदर के ये सारे अंग कुदरती स्थान के बजाए उल्टी जगह पर रहकर काम कर रहे हैं
- छात्र साइनस की समस्या लेकर सोमवार को ओपीडी में आया, लेकिन जांच के बाद अब शोध का विषय बन गया है
- यह उसके घरवालों को भी पता नहीं था
विज्ञापन
nikhil
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बिल्हौर के रहने वाले हाईस्कूल के छात्र निखिल कुमार (16) का अल्ट्रासाउंड और एक्सरे फिल्म देखकर डॉक्टर हैरत में पड़ गए। निखिल का दिल, आमाशय, तिल्ली बाएं के बजाए दाहिनी तरफ है। लिवर दाएं के बजाए बाईं तरफ है।
विज्ञापन
शरीर के अंदर के ये सारे अंग कुदरती स्थान के बजाए उल्टी जगह पर रहकर काम कर रहे हैं। यह छात्र साइनस की समस्या लेकर सोमवार को ओपीडी में आया, लेकिन जांच के बाद अब शोध का विषय बन गया है।
विज्ञापन
बिल्हौर के बिरहाना, ककवन रोड के रहने वाले ड्राइवर दीपू प्रजापति का पुत्र निखिल कुमार का मामला अजूबा है। यह उसके घरवालों को भी पता नहीं था। वह अपने दादा राम किशन के साथ जीएसवीएम मेडिकल कालेज के मेडिसिन विभाग के सीनियर फिजिशियन डॉ. प्रेम सिंह की ओपीडी में दिखाने आया। छाती पर आला रखते ही डॉ. प्रेम सिंह चौंके।
विज्ञापन
इसके बाद जांच हुई तो यह सब सामने आया। डॉ. सिंह का कहना है कि हार्ट के दाहिनी तरफ होने के के स कभी-कभार आते हैं, लेकिन एक साथ इतने अंगों के अपने निश्चित स्थान से विपरीत होने का यह दुर्लभ मामला है। लाखों में भी ऐसा केस होना मुश्किल होता है।
निखिल के सिर्फ एक ही अंडकोष है। इसे कार्टस जिनर सिंड्रोम कहते हैं। इसके अलावा उसे साइटस इनवर्सेस डेक्सट्रोकार्डिया भी है। निखिल का कहना है कि जब वह तेज दौड़ता है तो उसकी धड़कन दाहिनी तरफ होती है। निखिल को साइनस और सांस फूलने की शिकायत है।
मां के पेट में होती है अंगों की शिफ्टिंग
डाक्टरों का कहना है कि बच्चा जब अपनी मां के पेट में डेढ़ से दो महीने का होता है, उसी वक्त अंगों की अपने निश्चित स्थान पर शिफ्टिंग होती है। बच्चा मां के पेट में घूमा करता है। अंगों के स्थान बदलने की इस प्रक्रिया में दिक्कत आने पर अंग शिफ्ट नहीं हो पाते और यह स्थिति हो जाती है। यह बहुत दुर्लभ स्थिति होती है।
निखिल के सिर्फ एक ही अंडकोष है। इसे कार्टस जिनर सिंड्रोम कहते हैं। इसके अलावा उसे साइटस इनवर्सेस डेक्सट्रोकार्डिया भी है। निखिल का कहना है कि जब वह तेज दौड़ता है तो उसकी धड़कन दाहिनी तरफ होती है। निखिल को साइनस और सांस फूलने की शिकायत है।
मां के पेट में होती है अंगों की शिफ्टिंग
डाक्टरों का कहना है कि बच्चा जब अपनी मां के पेट में डेढ़ से दो महीने का होता है, उसी वक्त अंगों की अपने निश्चित स्थान पर शिफ्टिंग होती है। बच्चा मां के पेट में घूमा करता है। अंगों के स्थान बदलने की इस प्रक्रिया में दिक्कत आने पर अंग शिफ्ट नहीं हो पाते और यह स्थिति हो जाती है। यह बहुत दुर्लभ स्थिति होती है।