Kanpur: ओईएफ में पहली बार 532 करोड़ का हुआ उत्पादन, TCL ने पहली बार कमाया मुनाफा, 900 करोड़ का उत्पादन लक्ष्य
Kanpur News: आयुध उपष्कर निर्माणी कानपुर ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 532 करोड़ का रिकॉर्ड उत्पादन कर 58% की अभूतपूर्व ग्रोथ दर्ज की है, जिससे इसकी मूल कंपनी टीसीएल पहली बार मुनाफे में आ गई है।
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कानपुर शहर की सबसे पुरानी और ट्रूप कंफर्ट्स लिमिटेड (टीसीएल) की इकाई आयुध उपष्कर निर्माणी कानपुर (ओईएफ) ने उत्पादन के क्षेत्र में लंबी छलांग लगाई है। पहली बार 532 करोड़ का उत्पादन किया गया है। रिकाॅर्ड तोड़ उत्पादन के चलते टीसीएल पहली बार मुनाफे में आ गई है। अभी तक ये घाटे में चल रही थी। वित्तीय 2025-26 में कंपनी ने 58 प्रतिशत की ग्रोथ दर्ज की है जो देश की सातों आयुध कंपनियों में सबसे ज्यादा है। ओईएफ में सेनाओं के लिए अलग-अलग प्रकार के उत्पादों को तैयार किया जाता है।
आयुध निर्माणियों के निगमीकरण के बाद टीसीएल के अधीन संचालित ओईएफ में उत्पादन का संकट आ गया था। हालांकि बाद में रक्षा मंत्रालय की ओर से ओर से बड़े ऑर्डर दिए गए थे। अब इकाई नई रफ्तार से चल रही है। वित्तीय वर्ष 2023-24 में ओईएफ में 135 करोड़ का उत्पादन हुआ था। 2024-25 में 302 और 2025-26 में 532 करोड़ का उत्पादन हुआ है। आर्मी और एयरफोर्स के अलावा बड़े पैमाने पर सिविलियन उत्पादों को तैयार किया गया। 501 करोड़ का राजस्व हासिल भी कर लिया गया है।
900 करोड़ का उत्पादन लक्ष्य निर्धारित किया
टीसीएल के अधीन चार आयुध इकाइयों का संचालन किया जाता है। टीसीएल की ओर से इस वित्तीय वर्ष में 800 करोड़ का उत्पादन हुआ। अकेले 532 करोड़ का उत्पादन ओईएफ में किया गया जबकि अन्य तीन इकाइयों में करीब 268 करोड़ का उत्पादन हुआ। बताया गया कि निर्माणी ने लगभग 1,91,507 बैग स्लीपिंग, 1,46,030 गद्दे, 2,749 टेंट और लगभग 7,25,000 जोड़ी जूतों का उत्पादन किया। वित्तीय वर्ष 2026–27 के लिए 900 करोड़ का उत्पादन लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
जल्द शुरू होगी आधुनिक प्रयोगशाला और लगेगी मोल्डिंग मशीन
आयुध इकाई ने जूता निर्माण में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। उत्पादों की गुणवत्ता बढ़ाने के आधुनिक प्रयोगशाला का निर्माण कार्य जल्द शुरू होगा। जूता निर्माण में इंजेक्शन मोल्डिंग मशीन लगाने की प्रक्रिया चल रही है जिससे जूता उत्पादन में आत्मनिर्भरता आएगी। इकाई ने कुछ समय पहले एक बहुराष्ट्रीय जूता कंपनी के साथ करार भी किया था जो नौसेना, कोस्ट गार्ड के लिए विशेष तौर पर जूता बनाएगी। इकाई में माइनस 50 और हाई ऐंकल बूट के निर्माण का कार्य भी किया जा रहा है।
टीसीएल प्रबंधन के निर्देशन और सहयोग से आयुध उपष्कर निर्माणी कानपुर ने उत्पादन में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में पहली बार 532.75 करोड़ उत्पादन लक्ष्य हासिल किया गया है। यह पहली बार हुआ है। पिछले साल की तुलना में 230 करोड़ अधिक उत्पादन हुआ है। इकाई में उत्पादन बढ़ने से टीसीएल पहली बार मुनाफा में आ गई है। देश की सभी सातों आयुध कंपनियों में से सबसे ज्यादा टीसीएल की 58 प्रतिशत ग्रोथ हुई है। -डाॅ. अनिल रंगा, मुख्य महाप्रबंधक, आयुध उपष्कर निर्माणी कानपुर