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कानपुर: नाक से वैक्सीन का ट्रायल आज से, आईसीएमआर की अनुमति मिली, 30 पर ट्रायल
Tue, 31 Aug 2021 09:16 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Tue, 31 Aug 2021 09:16 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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उत्तर प्रदेश में स्वदेशी कोरोना वैक्सीन कोवाक्सिन के नेजल स्प्रे का ट्रायल मंगलवार से कानपुर में होगा। इंडियन काउंसिल आफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) ने इसकी अनुमति दे दी है।
ट्रायल के चीफ इन्वेस्टीगेटर सीनियर फिजिशियन प्रोफेसर जेएस कुशवाहा ने बताया कि आर्यनगर स्थित प्रखर अस्पताल में 30 वालंटियर पर नाक से वैक्सीन डालकर ट्रायल किया जाएगा।
नेजल स्प्रे वैक्सीन का यह दूसरे चरण का ट्रायल है। पहले फेज का ट्रायल एम्स दिल्ली में हुआ था। इसके पहले प्रखर अस्पताल में कोवाक्सिन का वयस्क पर ट्रायल हुआ था। इसके बाद बच्चों पर वैक्सीन का पीडियाट्रिक ट्रायल हुआ।
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कोवाक्सिन के अलावा यहां जाइडस कैडिला की कोरोना वैक्सीन का भी ट्रायल हो चुका है। चीफ इन्वेस्टीगेटर प्रोफेसर कुशवाहा ने बताया कि आईसीएमआर की अनुमति रविवार को मिल गई थी। ट्रायल के लिए पहले से वॉलिटियर का चयन कर लिया गया है।
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ट्रायल के चीफ इन्वेस्टीगेटर सीनियर फिजिशियन प्रोफेसर जेएस कुशवाहा ने बताया कि आर्यनगर स्थित प्रखर अस्पताल में 30 वालंटियर पर नाक से वैक्सीन डालकर ट्रायल किया जाएगा।
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नेजल स्प्रे वैक्सीन का यह दूसरे चरण का ट्रायल है। पहले फेज का ट्रायल एम्स दिल्ली में हुआ था। इसके पहले प्रखर अस्पताल में कोवाक्सिन का वयस्क पर ट्रायल हुआ था। इसके बाद बच्चों पर वैक्सीन का पीडियाट्रिक ट्रायल हुआ।
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कोवाक्सिन के अलावा यहां जाइडस कैडिला की कोरोना वैक्सीन का भी ट्रायल हो चुका है। चीफ इन्वेस्टीगेटर प्रोफेसर कुशवाहा ने बताया कि आईसीएमआर की अनुमति रविवार को मिल गई थी। ट्रायल के लिए पहले से वॉलिटियर का चयन कर लिया गया है।