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Kanpur: भाई की मौत की खबर सुनकर छोटे भाई की भी गई जान, एक साथ उठी अर्थी; नम हुई हर आंख
Mon, 23 Jun 2025 10:09 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 23 Jun 2025 10:09 PM IST
सार
यूपी के कानपुर में दिल को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। भाई की मौत की खबर सुनकर छोटे भाई की भी जान चली गई। घटना बिठूर थानाक्षेत्र में टिकरा गांव की है।
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बिठूर थाना
- फोटो : amar ujala
विस्तार
बिठूर थानाक्षेत्र के टिकरा गांव में रविवार को उस समय माहौल गमगीन हो गया, जब बड़े भाई की मौत की खबर सुनकर छोटे भाई की भी सांसें थम गईं। चार घंटे के अंतर में दो भाइयों की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। दोनों की एक साथ अर्थी उठी तो सभी की आंखें नम हो गईं।
टिकरा निवासी बांकेलाल लाल दिवाकर (72) को गले का कैंसर था। बीमारी के चलते रविवार दोपहर उनका निधन हो गया। वहीं, कस्बे के दूसरी तरफ रह रहे छोटे भाई शंकर दिवाकर (50) को जब भाई के माैत की जानकारी हुई तो वह बेसुध हो गए और थोड़ी ही देर में दम तोड़ दिया। शंकर अविवाहित थे। बांकेलाल की पत्नी की मौत पहले ही हो चुकी। उनकी कोई संतान नहीं थी। सोमवार को सबसे छोटे भाई प्रेमशंकर और उनके बेटों ने दोनों को मुखाग्नि दी।
भाइयों के सहारे काट रहे थे जिंदगी
परिजनों ने बताया कि बांकेलाल ने कई वर्षों तक होमगार्ड की नौकरी की। बीमारी के कारण वह शिथिल हो गए थे। वह अपने भाई मंगली दिवाकर के साथ रहते रहे थे। वहीं, शंकर दिवाकर प्रेमशंकर के साथ रहते थे। घटना के बाद पूरे गांव में गम का माहौल है।
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टिकरा निवासी बांकेलाल लाल दिवाकर (72) को गले का कैंसर था। बीमारी के चलते रविवार दोपहर उनका निधन हो गया। वहीं, कस्बे के दूसरी तरफ रह रहे छोटे भाई शंकर दिवाकर (50) को जब भाई के माैत की जानकारी हुई तो वह बेसुध हो गए और थोड़ी ही देर में दम तोड़ दिया। शंकर अविवाहित थे। बांकेलाल की पत्नी की मौत पहले ही हो चुकी। उनकी कोई संतान नहीं थी। सोमवार को सबसे छोटे भाई प्रेमशंकर और उनके बेटों ने दोनों को मुखाग्नि दी।
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भाइयों के सहारे काट रहे थे जिंदगी
परिजनों ने बताया कि बांकेलाल ने कई वर्षों तक होमगार्ड की नौकरी की। बीमारी के कारण वह शिथिल हो गए थे। वह अपने भाई मंगली दिवाकर के साथ रहते रहे थे। वहीं, शंकर दिवाकर प्रेमशंकर के साथ रहते थे। घटना के बाद पूरे गांव में गम का माहौल है।
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