Kanpur Fire Case: पीड़ित परिवार को शासन की आर्थिक मदद, कमिश्रर ने बेटों को सौंपा पांच-पांच लाख रुपये का चेक
कानपुर देहात में मां-बेटी की मौत के मामले में सरकार की ओर से परिजनों को घायल बेटों के इलाज के लिए प्रत्येक को पांच-पांच लाख रुपए की सहायता राशि प्रदान की गई है।
विस्तार
कानपुर देहात के मड़ौली अग्निकांड में कमिश्रर ने पीड़ित परिवार के दोनों बेटों को बुधवार को कानपुर स्थित कैंप कार्यालय में पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक मदद चेक दी। उन्होंने पट्टा, आवास आदि की मांग की कार्यवाही जल्द पूरी कराने का भरोसा दिया।
मंगलवार को शवों के उठाने की सहमति पर कमिश्रर डॉ. राजशेखर ने पीड़ित परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक मदद, पट्टा आवंटन, आवास दिलाने की बात कही थी। इधर, शासन स्तर की मांगों को पूरा कराने का भरोसा डिप्टी सीएम बूजेश पाठक ने दिया था।
बुधवार को कमिश्रर ने पीड़ित परिवार के शिवम व अंश के नाम पांच-पांच लाख रुपये का चेक दोनों को कैंप कार्यालय में सौंपा। कमिश्नर ने कहा कि बाकी मांगों को भी जल्द पूरा किया जाएगा। वह और पुलिस अधिकारी लगातार पीड़ित परिवार के संपर्क में रहेंगे।
भाजपा के प्रतिनिधि मंडल ने हर संभव मदद का दिया भरोसा
भाजपा प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर मड़ौली गांव में हुई घटना पर तीन सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल बुधवार शाम को परिजनों से मिला। दुखद घटना पर संवेदना जताई और हर संभव मदद का भरोसा दिया।
प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर भाजपा जिलाध्यक्ष/एमएलसी अविनाश सिंह चौहान, राज्यमंत्री अजीत सिंह पाल, रसूलाबाद विधायक पूनम संखवार ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की। यहां कृष्ण गोपाल दीक्षित व उनके बेटे शिवम दीक्षित से मिलकर विस्तार से घटनाक्रम को जाना।
आरोपियों पर होगी सख्त कार्रवाई
उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ की सरकार इस प्रकार की घटना पर कड़ी कार्रवाई कर रही है। दोषी अधिकारियों कर्मचारियों पर भी कड़ी से कड़ी कार्रवाई होगी। शिवम दीक्षित ने प्रतिनिधि मंडल से अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द किए जाने की मांग दोहराई।
जिलाध्यक्ष/एमएलसी अविनाश सिंह चौहान ने बताया कि पीड़ित परिवार से फीडबैक लिया गया है। इस प्रकरण में अधिकारियों की भूमिका को लेकर जानकारी ली गई है। इसकी रिपोर्ट प्रदेश नेतृत्व को सौंपी जाएगी। यहां अंशु त्रिपाठी, सत्येंद्र भदौरिया, हेमू सिंह गौर, रजोल शुक्ला व जिला मीडिया प्रभारी विकास मिश्रा मौजूद रहे।