जाह्नवी हत्याकांड: खुन्नस में मासूम की पीट-पीटकर हुई थी हत्या, जानवरों के लिए फेंका शव, इसलिए उतारे थे कपड़े
रैपुरा गांव में 25 फरवरी से लापता बच्ची का गांव के बाहर क्षतविक्षत शव मिला था। सजेती थाना पुलिस ने वारदात का खुलासा कर तीन आरोपियों को जेल भेजा है।
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कानपुर में सजेती के रैपुरा गांव में छह साल की जान्हवी की हत्या आरोपी पड़ोसियों ने ही गांव में हुई अपनी बेइज्जती का बदला लेने के लिए की थी। गुरुवार को पुलिस ने वारदात का खुलासा करते हुए हत्यारोपी सुल्तान, चंद्रभान व चंद्रभान की पत्नी सुधा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
हत्यारोपियों से घटना के संबंध में और जानकारी करने व साक्ष्य जुटाने के लिए पुलिस उन्हें रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में अपील करेगी। बीते 25 फरवरी की शाम किसान पंकज की बेटी जान्हवी घर के पास स्थित दुकान से टॉफी लेने गई थी, जिसके बाद से वह लापता हो गई थी।
परिजनों ने मोहल्ले के चंद्रभान, उसकी पत्नी सुधा, भाई सुल्तान व पिता रामप्रकाश पर अपहरण करने की रिपोर्ट दर्ज कराई। तीन दिन बाद जान्हवी का शव गांव के बाहर एक खेत में क्षतविक्षत(शव का सिर्फ ऊपरी कुछ हिस्सा) हालत में पड़ा मिला।
पूछताछ में आरोपियों ने कबूली वारदात
परिजनों ने आरोपी तीनों अपहरणकर्ताओं पर ही बेटी की हत्या करने का भी आरोप लगाया था। पुलिस ने सुल्तान, उसके भाई चंद्रभान व चंद्रभान की पत्नी सुधा को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो उन्होंने हत्या की बात कबूल ली। एसपी घाटमपुर दिनेश कुमार शुक्ला ने बताया कि पंकज की चाची शकुंतला आगंनबाड़ी कार्यकर्ता हैं।
जेठ को बुला लिया था गांव
वारदात से एक सप्ताह पहले उन्होंने कथित मंदबुद्धि चंद्रभान पर खाद्यान्न चोरी करने का आरोप लगाया था। यह बात उसकी पत्नी सुधा को बहुत बुरी लगी। इस पर उसने कानपुर बर्रा में किराये पर रहने वाले अपने जेठ सुल्तान को इसकी जानकारी देकर 25 फरवरी को ही गांव बुलवाया।
नजर पड़ते ही मासूम को उठा ले गया था सुल्तान
सुल्तान बदला लेने की नीयत से अपना मोबाइल घर पर ही छोड़कर सवारी वाहन से गांव पहुंचा। गांव के घर जाते समय उसकी नजर जाह्नवी पर पड़ी, तो उसे भी उठाकर साथ में ले गया। इसके बाद घर में सुल्तान ने सुधा के साथ मिलकर जान्हवी को जमकर पीटा, जिससे उसकी मौत हो गई।
इसलिए उतारे थे बच्ची के कपड़े
सुल्तान ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि उसने शव से कपडे़ इसलिए उतार दिए थे ताकि जानवर आसानी से उसके शव को खा सकें। गलती से कपड़े एक पेड़ के नीचे ही छूट गए थे। जल्दबाजी में वह रात को ही पैदल सजेती पहुंचा और वहां से अपने नौबस्ता स्थित घर आ गया।
घर में झूठ बोलकर निकला था सुल्तान
पुलिस की पूछताछ में सुल्तान और सुधा के बयान से शक और गहरा गया। सुल्तान ने पुलिस को बताया था कि वारदात के दिन वह अपने बर्रा स्थित घर पर था। इसकी पुष्टि के लिए पुलिस ने बर्रा में पहुंचकर सुल्तान की पत्नी व बच्चों से पूछताछ की।
तब पता चला कि सुल्तान 25 फरवरी की शाम को घर पर अपना मोबाइल रखकर पत्नी की कैंसर की दवा लेने के लिए मध्यप्रदेश जाने की बात बोलकर निकला था। जबकि, वारदात के लिए कुछ ग्रामीणों ने भी उसे गांव में ही देखने का दावा किया था।