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भारतीय बन बनवाया था पैन कार्ड
अमर उजाला ब्यूरो/कानपुर
Updated Tue, 14 Jun 2016 01:02 AM IST
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कानपुर। एसटीएफ द्वारा हमास आंतकी संगठन का सदस्य होने का दावा करते हुए गिरफ्तार किए गए जॉर्डन के नागरिक ने भारतीय बन कर पैन कार्ड बनवा लिया था। यह बड़ा खुलासा बार एसोसिएशन के पूर्व कोषाध्यक्ष विजय बक्शी की आरटीआई में हुआ है। जॉर्डन नागरिक को भारतीय होने का सबूत आरटीओ दफ्तर ने ड्राइविंग लाइसेंस बनाकर दिया था। ‘अमर उजाला’ में यह खुलासा होने पर आरटीओ दफ्तर ने यह लाइसेंस निरस्त कर दिया था।
वीजा की अवधि बीत जाने के बाद भी यहीं रुकने और आंतकी संगठन से जुड़े होने का दावा कर एसटीएफ ने जॉर्डन के युवक अदनान अली को गिरफ्तार किया था। उसके कानपुर में रहने की जानकारी मिलने पर पुलिस ने पूछताछ के बाद छोड़ दिया था। इसके बाद ‘अमर उजाला’ ने खुलासा किया था कि अदनान ने खुद को भारतीय बताते हुए अपना ड्राइविंग लाइसेंस बनवा लिया था।
इस खुलासे के बाद अधिवक्ता विजय बक्शी ने आयकर निदेशालय में आरटीआई डालकर पूछा था कि जॉर्डन के नागरिक का पैन कार्ड कैसे बन गया। इसका जवाब सेंट्रल पब्लिक इनफॉरमेशन ऑफीसर जनार्दन दास ने दिया है। इसमें कहा है कि अदनान ने अपने को भारतीय बताते हुए पैन कार्ड बनवाया है। अधिवक्ता का कहना है कि अदनान के पैन कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस पर नवीन नगर का पता है। इससे साबित हो रहा है कि ड्राइविंग लाइसेंस के सहारे उसने अपने को भारतीय बताते हुए पैन कार्ड हासिल किया था।
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खुलासे के बाद कार्रवाई
‘अमर उजाला’ में खुलासे के बाद आरटीओ दफ्तर ने जॉर्डन नागरिक का लाइसेंस निरस्त कर दिया था। अधिवक्ता की आरटीआई पर गृह मंत्रालय ने सभी स्टेट को आरटीआई में पूछे गए सवाल के जवाब देने को कहा है। अधिवक्ता के पास महाराष्ट्र सरकार का जवाब भी आ गया है।
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वीजा की अवधि बीत जाने के बाद भी यहीं रुकने और आंतकी संगठन से जुड़े होने का दावा कर एसटीएफ ने जॉर्डन के युवक अदनान अली को गिरफ्तार किया था। उसके कानपुर में रहने की जानकारी मिलने पर पुलिस ने पूछताछ के बाद छोड़ दिया था। इसके बाद ‘अमर उजाला’ ने खुलासा किया था कि अदनान ने खुद को भारतीय बताते हुए अपना ड्राइविंग लाइसेंस बनवा लिया था।
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इस खुलासे के बाद अधिवक्ता विजय बक्शी ने आयकर निदेशालय में आरटीआई डालकर पूछा था कि जॉर्डन के नागरिक का पैन कार्ड कैसे बन गया। इसका जवाब सेंट्रल पब्लिक इनफॉरमेशन ऑफीसर जनार्दन दास ने दिया है। इसमें कहा है कि अदनान ने अपने को भारतीय बताते हुए पैन कार्ड बनवाया है। अधिवक्ता का कहना है कि अदनान के पैन कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस पर नवीन नगर का पता है। इससे साबित हो रहा है कि ड्राइविंग लाइसेंस के सहारे उसने अपने को भारतीय बताते हुए पैन कार्ड हासिल किया था।
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खुलासे के बाद कार्रवाई
‘अमर उजाला’ में खुलासे के बाद आरटीओ दफ्तर ने जॉर्डन नागरिक का लाइसेंस निरस्त कर दिया था। अधिवक्ता की आरटीआई पर गृह मंत्रालय ने सभी स्टेट को आरटीआई में पूछे गए सवाल के जवाब देने को कहा है। अधिवक्ता के पास महाराष्ट्र सरकार का जवाब भी आ गया है।