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Kanpur News: देश में पहली बार हैलट में हुई अपेंडिक्स की टांका रहित सर्जरी

Sat, 26 Jul 2025 01:48 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 26 Jul 2025 01:48 AM IST
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For the first time in the country, stitchless surgery of appendix was done in Hallet
कानपुर। हैलट अस्पताल में बिना टांके लगाए दूरबीन विधि से अपेंडिक्स की सफल सर्जरी की गई है। पूरे देश में हैलट ने इस तरह की पहली सर्जरी की है। 60 रोगियों की सर्जरी में न के बराबर रक्तस्राव, कम खर्च और कम समय लगा है। सभी पूरी तरह स्वस्थ हैं। सर्जरी पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. जीडी यादव के निर्देशन में टांका रहित लेप्रोस्कोपिक एपेंडेक्टॉमी यूजिंग हार्मोनिक स्कैल्पेल पर आधारित इस शोध को अंतरराष्ट्रीय मेडिकल जर्नल क्यूरियस में प्रकाशित किया गया है।
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डॉ. जीडी यादव ने बताया कि एपेंडिक्स की सर्जरी अभी तक लैप्रोस्कोपिक विधि से करते थे। इसमें अपेंडिक्स को काटकर टांके लगाए जाते थे। शरीर में उपकरणों का प्रवेश भी कई बार करना पड़ता था। इसमें रक्तस्राव भी होता था। नई विधि में टांके बिना लगाए ही हार्मोनिक मशीन से एपेंडिक्स व ब्लड वेसल को सील कर दिया। इसमें दवाएं भी ज्यादा नहीं लगती हैं। इसलिए खर्च भी कम होता है। गुरुवार को भी अभिषेक नाम के एक युवक की सर्जरी अस्पताल में की गई जो पूरी तरह स्वस्थ है। शोध में 60 रोगियों को शामिल किया गया। इसमें पारंपरिक टांका विधि की तुलना में हार्मोनिक स्कैल्पेल नामक आधुनिक अल्ट्रासोनिक यंत्र से सर्जरी के दौरान बिना टांके लगाए ही एपेंडिक्स को सुरक्षित रूप से हटाया गया। पहले सर्जरी में 40 से 45 मिनट लगता था पर अब 30 मिनट लगे। रोगियों को रिकवरी तेजी से हुई। रक्तस्राव कम हुआ और जटिलताएं न्यूनतम रहीं। उन्होंने बताया कि अभी हमारा शोध जर्नल में प्रकाशित हुआ है। जब इसे और देशों में भी अपनाया जाएगा तो इसकी किताब छपेगी। डॉ. यादव ने बताया कि अमेरिका के वर्ल्ड कांग्रेस ग्लोबल हेल्थ एंड मेडिसिन ने ई-मेल भेजकर हमें अपने यहां 17-18 नवंबर में होने वाली कॉन्फ्रेंस में आमंत्रित किया है ताकि हम अपना प्रस्तुतिकरण दें। शोध में डॉ. जीडी यादव के अलावा डॉ. श्रद्धा वर्मा, डॉ. प्रीयेश शुक्ला, डॉ. अपूर्वा माथुर ( जूनियर रेजिडेंट- 3) शामिल थे।
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