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फैक्टरी हुई बंद, पांच सौ मजदूरों का काम छिना

Sat, 05 Jun 2021 12:55 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 05 Jun 2021 12:55 AM IST
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Factory closed, work of five hundred laborers snatched
रनियां। जीपीएल फैक्टरी की दो यूनिट आग से पूरी तरह से जल गई। केवल एक यूनिट ही सुरक्षित बची है। बड़ा नुकसान होने और मशीनरी आदि बर्बाद होने से अब जल्द काम शुरू होने की उम्मीद नहीं है। फैक्टरी बंद होने से करीब पांच सौ मजदूरों का काम छिन गया है। अब इन मजदूरों को भरण पोषण की चिंता सता रही है।
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कच्चे माल से प्लास्टिक दाना बनाने वाली यूनिट सुरक्षित बची है। फैक्टरी में करीब पांच सौ मजदूर काम करते थे। गर्म कच्चा माल ठंडा करने वाली यूनिट व धागा बनाने वाली यूनिट में दो शिफ्ट में 150 मजदूर लगे थे। आग से दोनों यूनिट बर्बाद हो गई। जबकि कच्चा व तैयार माल भी जल गया।
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आग से फैक्टरी जलती देख यहां काम करने वाले मजदूर सुरेंद्र, कमलेश, रामसजीवन व ननखू आदि बेहद मायूस हो गए। उन्होंने बताया कि आग से फैक्टरी तबाह हो गई है। अब फैक्टरी कब शुरू होगी यह कहना मुश्किल है। आगजनी की घटना से काम छिन गया है। अब परिवार के भरण पोषण की ङ्क्षचता सता रही है।
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मायूस लौटे दूसरी शिफ्ट में काम करने आए मजदूर
रनियां। दूसरी शिफ्ट में काम करने के लिए कई मजदूर गुरुवार की सुबह जल्द पहुंच गए। यहां आने पर आग से फैक्टरी जलती देखकर मजदूर सन्न रह गए। गेट से ही वह दमकल का रेस्क्यू कार्य व अफरातफरी देखते रहे। बाद में मायूस होकर घर लौट गए।
संसाधन पूरे पर रखरखाव की कमी दे गई झटका
कानपुर देहात। रायपुर की फैक्टरी में आग बुझाने के संसाधन पूरे थे। इसी वजह से फायर एनओसी भी दी गई थी। हालांकि संसाधनों के रखरखाव की कमी और समय पर इनके प्रयोग की खामी बड़ा झटका दे गई। फैक्टरी में ओवरहेड वाटर टैंक, अंडर ग्राउंड वाटर टैंक, हाइड्रेंट लाइन व होजरील पाइप आदि का इंतजाम है। अलबत्ता संसाधनों के रखरखाव की कमी से लगी आग तत्काल काबू नहीं की जा सकी।
आग लगने पर फैक्टरी कर्मी इन संसाधनों का प्रयोग नहीं कर सके। इधर आग बुझाने पहुंचे दमकल जवानों को भी जगह जगह तैयार व कच्चा माल रखा मिला। इससे आग काबू करने में अधिक मशक्कत करनी पड़ी। मुख्य अग्निशमन अधिकारी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि पूर्व में दो बार निरीक्षण के दौरान फैक्टरी प्रबंधक को खाली स्थान रखने की चेतावनी दी थी। आग लगने पर तत्काल संसाधनों का प्रयोग न होने की खामी रही जिससे आग बढ़ गई।

बहती गर्म प्लास्टिक से मीडिया कर्मी झुलसा
रनियां। प्लास्टिक धागा फैक्टरी में आग की जानकारी पाकर मीडिया कर्मी भी पहुंच गए। आग की लपटों की फोटो लेने के लिए रनियां निवासी आशीष यादव परिसर में घुसे तो बहती गर्म प्लास्टिक से पैर झुलस गए। साथियों ने उसे निजी अस्पताल भेजा। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे घर भेजा गया है।
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