Etawah: हत्या के मामले में तीन भाइयों को आजीवन कारावास, तीनों पर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया
इटावा जिले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय श्वेता श्रीवास्तव ने 13 साल पुराने हत्या के मामले में तीन सगे भाइयों को दोषी पाया। उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 20-20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अपर जिला शासकीय अधिवक्ता वीरेंद्र सिंह वर्मा ने बताया कि बिठौली थानाक्षेत्र के गांव बंसरी निवासी अशोक सिंह ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
आरोप लगाया था कि उसकी गांव के ही रामबरन के परिवार से जमीन को लेकर रंजिश चल रही थी। नौ जनवरी 2009 को उनका भाई पुत्तू सिंह गांव के अमर सिंह के घर से लौट रहा था। दोपहर करीब दो बजे अमरोद सिंह, पूरन सिंह, हरिओम (तीनों भाई), नरेंद्र सिंह व विशंभर ने पुत्तू को रास्ते में रोक लिया। अमरोद ने तमंचे से पुत्तू पर फायर कर दिया। पूरन ने कुल्हाड़ी से सिर पर वार किया। शोर सुनकर वह मौके पर पहुंचे और शोर मचाया। लोगों को आता देखकर आरोपी फायरिंग कर भाग गए।
मौके पर जाकर देखा तो उसके भाई की मौत हो चुकी थी। अशोक सिंह की तहरीर पर पुलिस ने पांचों के खिलाफ हत्या की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस ने अमरोद की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा बरामद किया था। अपर जिला शासकीय अधिवक्ता की ओर से पेश किए सबूतों व गवाहों के आधार पर कोर्ट ने अमरोद सिंह, पूरन सिंह व हरिओम को हत्या का दोषी पाया और उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने नरेंद्र सिंह व विशंभर सिंह को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया।