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Kanpur News: मकान व गली ढूंढने में प्रगणकों को हो रही परेशानी
Sun, 24 May 2026 01:23 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Sun, 24 May 2026 01:23 AM IST
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कानपुर देहात। जनगणना में मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का काम शुरू हो गया है। इधर लगाए गए प्रगणकों को दिए गए हाउस लिस्टिंग ब्लॉक (एचएलबी) नक्शे के अनुसार मकान व गली खोजन में परेशानी हो रही है। हालांकि परेशानी आने पर समाधान कराया जा रहा है।
जनगणना 2027 के प्रथम चरण की शुरुआत शुक्रवार को मकान सूचीकरण व मकानों की गणना से शुरू हो चुकी है। प्रगणक घर-घर पहुंचकर मकानों पर नंबर लिखने के साथ ही अन्य ब्योरा जुटा रहे हैं। इसके साथ ही मकानों की गणना का नक्शा नजरी भी बनाने का काम इन प्रगणकों को सौंपा गया है। मकानों की गणना और सूचीकरण की शुरुआत में दिए गए हाउस लिस्टिंग ब्लॉक के अनुसार मकान व गली खोजन में प्रगणकों को परेशानी हो रही है। गूगल मैप से एचएलबी बनाई गई है। इसमें धरातल पर कई जगह अंतर की स्थिति आ रही है।
प्राथमिक स्कूल की कई महिला शिक्षकों की ओर से मकान व गली न ढूंढ पाने की परेशानी तहसील स्तर पर बताई गई है। इसके बाद लेखपालों के जरिये समाधान कराया जा रहा है। बता दें कि प्रथम चरण में कुल 3460 हाउस लिस्टिंग ब्लॉक (एचएलबी) बनाए गए हैं। 550 पर्यवेक्षक व 3314 प्रगणक लगाए गए हैं। अकबरपुर, मैथा, सिकंदरा, डेरापुर, पुखरायां व रसूलाबाद तहसील क्षेत्र के ग्रामों और नगरीय क्षेत्र में प्रगणक पहुंच कर मकानों की गणना में लगे हैं। पहले तीन दिनों में मकान गणना का काम हर हाल में शुरू करने के निर्देश हैं। इसको लेकर अधिकांश प्रगणकों ने काम शुरू कर दिया है। कई महिला शिक्षकों को नक्शा नजरी बनाने में भी परेशानी हो रही है।
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दरअसल 150 से 200 घरों की गणना प्रति प्रगणक सौंपी गई है। रसूलाबाद तहसील के फतेहपुर, बिरहुन, टांडापुर, रिवरी व बहादुरपुर आदि गांवों में विभिन्न एचएलबी में प्रगणक ने पर्यवेक्षक की मौजूदगी में मकानों की गिनती और नक्शा नजरी बनाने का काम शुरू किया। मकानों की गणना के साथ ही परिवारों का ब्योरा भी लिया जा रहा है। नायब तहसीलदार अकबरपुर रवींद्र कुमार मिश्र ने बताया कि प्रथम चरण की जनगणना में कुल 33 सवालों के जवाब प्रगणक लेंगे। इसमें परिवार के सदस्यों की संख्या, आवासीय स्थिति, भोजन आदि का ब्योरा जुटाया जा रहा है। जनगणना डिजिटल है। मकान या गली खोजन में आ रही परेशानी का समाधान कराया जा रहा है।
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जनगणना 2027 के प्रथम चरण की शुरुआत शुक्रवार को मकान सूचीकरण व मकानों की गणना से शुरू हो चुकी है। प्रगणक घर-घर पहुंचकर मकानों पर नंबर लिखने के साथ ही अन्य ब्योरा जुटा रहे हैं। इसके साथ ही मकानों की गणना का नक्शा नजरी भी बनाने का काम इन प्रगणकों को सौंपा गया है। मकानों की गणना और सूचीकरण की शुरुआत में दिए गए हाउस लिस्टिंग ब्लॉक के अनुसार मकान व गली खोजन में प्रगणकों को परेशानी हो रही है। गूगल मैप से एचएलबी बनाई गई है। इसमें धरातल पर कई जगह अंतर की स्थिति आ रही है।
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प्राथमिक स्कूल की कई महिला शिक्षकों की ओर से मकान व गली न ढूंढ पाने की परेशानी तहसील स्तर पर बताई गई है। इसके बाद लेखपालों के जरिये समाधान कराया जा रहा है। बता दें कि प्रथम चरण में कुल 3460 हाउस लिस्टिंग ब्लॉक (एचएलबी) बनाए गए हैं। 550 पर्यवेक्षक व 3314 प्रगणक लगाए गए हैं। अकबरपुर, मैथा, सिकंदरा, डेरापुर, पुखरायां व रसूलाबाद तहसील क्षेत्र के ग्रामों और नगरीय क्षेत्र में प्रगणक पहुंच कर मकानों की गणना में लगे हैं। पहले तीन दिनों में मकान गणना का काम हर हाल में शुरू करने के निर्देश हैं। इसको लेकर अधिकांश प्रगणकों ने काम शुरू कर दिया है। कई महिला शिक्षकों को नक्शा नजरी बनाने में भी परेशानी हो रही है।
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दरअसल 150 से 200 घरों की गणना प्रति प्रगणक सौंपी गई है। रसूलाबाद तहसील के फतेहपुर, बिरहुन, टांडापुर, रिवरी व बहादुरपुर आदि गांवों में विभिन्न एचएलबी में प्रगणक ने पर्यवेक्षक की मौजूदगी में मकानों की गिनती और नक्शा नजरी बनाने का काम शुरू किया। मकानों की गणना के साथ ही परिवारों का ब्योरा भी लिया जा रहा है। नायब तहसीलदार अकबरपुर रवींद्र कुमार मिश्र ने बताया कि प्रथम चरण की जनगणना में कुल 33 सवालों के जवाब प्रगणक लेंगे। इसमें परिवार के सदस्यों की संख्या, आवासीय स्थिति, भोजन आदि का ब्योरा जुटाया जा रहा है। जनगणना डिजिटल है। मकान या गली खोजन में आ रही परेशानी का समाधान कराया जा रहा है।