इलाज में लापरवाही पर महिला की मौत
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मुस्करा कस्बे के कालका देवी मंदिर के निकट रहने वाली मंजी (40) के पति संतराम की मौत करीब तीन साल पहले हो चुकी है। महिला के देवर स्वामी श्रीवास ने बताया कि करीब दो माह पूर्व भाभी मंजी का गर्भपात कस्बे के ट्रक चालक संदीप पुत्र मुनेश ने राठ कस्बे में कराया था। तभी से उसकी हालत तबियत खराब रहने लगी थी।
उसने बताया कि बुधवार को हालत बिगड़ने पर संदीप उसकी भाभी को मुस्करा सीएचसी ले गया। वहां से चिकित्सकों ने सदर अस्पताल रेफर कर दिया। जिस पर 108 नंबर एंबुलेंस सेे रात करीब 11 बजे भाभी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया। कुछ देर बाद चिकित्सक उसे महिला अस्पताल ले जाने को कहने लगे। आरोप लगाया कि ठीक से इलाज न करने पर उसकी मौत हो गई। इस पर स्टाफ ने शव को मरचरी हाउस में न रखवाकर बाहर रख दिया।
बच्चे हो गए अनाथ
बताया कि वह लोग रात भर बाहर बैठे रहे। सदर अस्पताल में मौजूद मृतका के पुत्र शनि (13) ने बताया कि उसके पिता संतराम ट्रक चालक थे। जिनकी करीब तीन साल पहले मौत हो चुकी है। कहा कि वह दो भाई और तीन बहनें है। बताया कि उसके घर ट्रक चालक संदीप का आना जाना था। उसी ने मां का गर्भपात कराया था। तभी से उसकी तबियत खराब हुई है। मां की मौत की सूचना पर कालपी से आई बेटी वर्षा ने आरोप लगाया कि उसके 25 हजार रुपये कीमत के जेवर मां के पास रखे थे जिसे संदीप ने बेच डाला है।
परिजनों ने जिला अस्पताल में ठीक से इलाज न करने का आरोप लगाया। वहीं संदीप के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की। सूचना पर एडीएम रामभुवन तिवारी अस्पताल पहुंचे। वहीं नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि कुलदीप निषाद और बसपा प्रत्याशी संजय दीक्षित, राजेश श्रीवास ने पीड़ित परिजनों को अंतिम संस्कार के लिए आर्थिक मदद दी। इस मामले में मुस्करा थानाध्यक्ष राजीव मिश्रा का कहना है कि शव का पीएम करा रहे हैं। अगर पीड़ित पक्ष ने तहरीर दी तो मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।