{"_id":"643c92c0925ff288a8c6ec3040b14bb6","slug":"kidnapped-child-killed-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कर्नलगंज से अगवा बच्चे की हत्या, बवाल","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कर्नलगंज से अगवा बच्चे की हत्या, बवाल
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Sat, 16 May 2015 01:56 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कर्नलगंज पुलिस परिजनों को टरकाती रही और न्यू ईदगाह कालोनी से तीन दिन पहले अगवा हुए मासूम छात्र हर्षित चौधरी उर्फ ईशू (10) की हत्या कर दी गई। उसका शव बोरे में बंद कर ग्वालटोली में फेंक दिया गया। शुक्रवार सुबह पीले रंग के प्लास्टिक बोरे में शव एक रिक्शा चालक की झोपड़ी के बाहर मिला।
डॉग स्क्वायड बुलाया गया लेकिन वह 100 मीटर के दायरे में ही घूमकर रह गया। इधर, गुस्साए परिजनों ने कर्नलगंज पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाकर पोस्टमार्टम के बाहर हंगामा किया। ईदगाह के सामने पथराव और सड़क जाम कर गुस्सा उतारा। एएसपी, कई सर्किल के सीओ और छह-सात थानों की फोर्स ने मिलकर बवाल शांत कराया।
शाम को तीन डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया। फिलहाल शक के आधार पर पुलिस ने नाजिम को हिरासत में लिया है। उससे फजलगंज थाने में पूछताछ की जा रही थी। ईशू न्यू ईदगाह कालोनी निवासी राजेंद्र कुमार का इकलौता बेटा था। राजेंद्र परचून सामान और पान मसाला के थोक कारोबारी हैं।
विज्ञापन
परिवार में पत्नी सुनीता, मां सीता, भाई सुरेंद्र, सत्येंद्र और बहन लक्ष्मी हैं। राजेंद्र ने बताया कि ईशू 13 मई को दोपहर साढ़े तीन बजे घर के पास से लापता हुआ था। वह कभी भी घर से दूर नहीं जाता था, इस वजह से एक घंटे बाद ही तलाश शुरू कर दी थी।
कर्नलगंज पुलिस को गुमशुदगी की तहरीर दी तो कहा कि 24 घंटे बाद गुमशुदगी दर्ज होगी। इसके बाद से अब तक पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
शुक्रवार सुबह लगभग नौ बजे ग्वालटोली के बाल मंदिर महाराष्ट्र मंडल हायर सेकेंड्री स्कूल (महाराष्ट्र भवन) और शकुंतला श्रीवास्तव श्रमजीवी महिला छात्रावास के बीच वाली रोड पर लोगों को एक बोरे से तेज दुर्गंध महसूस हुई। यह बोरा महाराष्ट्र भवन से सटी दीवार से फुटपाथ तक बनी झोपड़ी के बाहर रखा था।
झोपड़ी रिक्शा चालक गोंडा निवासी जंगदबा की है। पुलिस लगभग सवा 12 बजे वहां पहुंची और बोरा खुलवाया तो उसमें बच्चे का शव निकला। एक दिन पहले ही यहां बच्चे के लापता होने का एनाउंसमेंट कराया गया था इसलिए आधे घंटे के भीतर ही परिजनों तक सूचना पहुंच गई और उन्होंने आकर शव की शिनाख्त कर ली।
बच्चे का चेहरा काला पड़ चुका था, आंखें बाहर की ओर निकली थीं और शरीर पर फफोले पड़ चुके थे। माना गया कि शव कम से कम तीन दिन पुराना है। एसपी पश्चिमी राजेश एस ने बताया कि कर्नलगंज पुलिस ने क्यों लापरवाही की, इसकी जांच कराई जाएगी। पुलिस की टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। जल्द ही हत्यारे गिरफ्त में होंगे।
विज्ञापन
डॉग स्क्वायड बुलाया गया लेकिन वह 100 मीटर के दायरे में ही घूमकर रह गया। इधर, गुस्साए परिजनों ने कर्नलगंज पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाकर पोस्टमार्टम के बाहर हंगामा किया। ईदगाह के सामने पथराव और सड़क जाम कर गुस्सा उतारा। एएसपी, कई सर्किल के सीओ और छह-सात थानों की फोर्स ने मिलकर बवाल शांत कराया।
विज्ञापन
शाम को तीन डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया। फिलहाल शक के आधार पर पुलिस ने नाजिम को हिरासत में लिया है। उससे फजलगंज थाने में पूछताछ की जा रही थी। ईशू न्यू ईदगाह कालोनी निवासी राजेंद्र कुमार का इकलौता बेटा था। राजेंद्र परचून सामान और पान मसाला के थोक कारोबारी हैं।
विज्ञापन
परिवार में पत्नी सुनीता, मां सीता, भाई सुरेंद्र, सत्येंद्र और बहन लक्ष्मी हैं। राजेंद्र ने बताया कि ईशू 13 मई को दोपहर साढ़े तीन बजे घर के पास से लापता हुआ था। वह कभी भी घर से दूर नहीं जाता था, इस वजह से एक घंटे बाद ही तलाश शुरू कर दी थी।
कर्नलगंज पुलिस को गुमशुदगी की तहरीर दी तो कहा कि 24 घंटे बाद गुमशुदगी दर्ज होगी। इसके बाद से अब तक पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
शुक्रवार सुबह लगभग नौ बजे ग्वालटोली के बाल मंदिर महाराष्ट्र मंडल हायर सेकेंड्री स्कूल (महाराष्ट्र भवन) और शकुंतला श्रीवास्तव श्रमजीवी महिला छात्रावास के बीच वाली रोड पर लोगों को एक बोरे से तेज दुर्गंध महसूस हुई। यह बोरा महाराष्ट्र भवन से सटी दीवार से फुटपाथ तक बनी झोपड़ी के बाहर रखा था।
झोपड़ी रिक्शा चालक गोंडा निवासी जंगदबा की है। पुलिस लगभग सवा 12 बजे वहां पहुंची और बोरा खुलवाया तो उसमें बच्चे का शव निकला। एक दिन पहले ही यहां बच्चे के लापता होने का एनाउंसमेंट कराया गया था इसलिए आधे घंटे के भीतर ही परिजनों तक सूचना पहुंच गई और उन्होंने आकर शव की शिनाख्त कर ली।
बच्चे का चेहरा काला पड़ चुका था, आंखें बाहर की ओर निकली थीं और शरीर पर फफोले पड़ चुके थे। माना गया कि शव कम से कम तीन दिन पुराना है। एसपी पश्चिमी राजेश एस ने बताया कि कर्नलगंज पुलिस ने क्यों लापरवाही की, इसकी जांच कराई जाएगी। पुलिस की टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। जल्द ही हत्यारे गिरफ्त में होंगे।