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छह माह में नहीं निपटीं शिकायतें, तीन अफसरों से जवाब तलब

Mon, 26 Jul 2021 01:27 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 26 Jul 2021 01:27 AM IST
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Complaints not settled in six months, three officers called for answers
कानपुर देहात। शासन की मंशा लोगों की समस्या के समयबद्ध संपूर्ण समाधान की है। इसी को लेकर समाधान दिवस में सुनवाई होती है। वहीं अफसरों की लापरवाही से शिकायतों का समाधान फंस जाता है। समीक्षा में छह माह पूर्व दर्ज हुई शिकायतों के निस्तारण की हकीकत सामने आ गई। इस पर एसडीएम मैथा, सहायक अभियंता सिंचाई, उप निदेशक कृषि से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। इसको लेकर अब अफसरों ने हड़कंप मचा है।
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मैथा तहसील में 19 जनवरी को संपूर्ण समाधान दिवस आयोजित हुआ था। शिकायत करने के छह माह बाद भी फरियादियों को समस्या का समाधान नहीं मिल सका। अफसरों ने सरसरी तौर पर निस्तारण की खानापूर्ति कर दी। पंजिका में शिकायतों के निस्तारण की आख्या भी दर्ज नहीं की गई। कोविड के चलते बंद संपूर्ण समाधान दिवस बीते 17 जुलाई को दोबारा से शुरू हो गए।
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अब मैथा तहसील में जनवरी में दर्ज हुई शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा की गई। इसमें डीएम ने खुद फरियादियों से फोन पर हकीकत जांची। फरियादियों ने समस्या का समाधान नहीं मिलने की बात कही। इस पर डीएम ने कड़ी आपत्ति जताई है। लापरवाही करने वाले तीन अफसरों से जवाब तलब किया है।
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जनवरी में मैथा तहसील में आई शिकायतों के निस्तारण की हकीकत जांची गई। सरसरी तौर पर निस्तारण की स्थिति मिली। समाधान नहीं मिलने की बात फरियादियों ने कही। लापरवाही मिलने पर जिम्मेदार अफसरों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। - जेपी सिंह, डीएम कानपुर देहात।
बसेही, नौबस्ता निवासी खुशी लाल ने फसल सिंचाई के लिए नाली खोदवाने की गुहार लगाई थी। सहायक अभियंता सिंचाई को जांच दी गई थी। पंजिका में निस्तारण आख्या अंकित नहीं मिली। हकीकत जांच में खुशी लाल ने फोन पर डीएम को बताया कि शिकायत की कोई सुनवाई नहीं हुई।
हृदयपुर के चंद्रपाल व ढाकन शिवली निवासी अरुण ने असंक्रमणीय भूमि को संक्रमणीय दर्ज कराने की मांग की थी। पंजिका में तहसीलदार की ओर से पत्रावली प्रक्रिया में होने का अंकन मिला। डीएम ने फोन पर हकीकत जांची तो दोनों किसानों ने समस्या समाधान नहीं होने की बात कही।
रामदीनपुरवा, काशीपुर निवासी कमलेश कुमार ने गलत खाता नंबर दर्ज होने से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि नहीं मिलने की शिकायत की थी। फोन पर किसान ने डीएम को बताया कि उसे सम्मान निधि नहीं मिली है। पंजिका में निस्तारण अंकित नहीं मिला। उप निदेशक कृषि ने तर्क दिया कि सभी किस्तें किसान को एक साथ मिलेगी। इस पर डीएम सहमत नहीं हुए।
पिता ने किया काम, बेटे को मजदूरी भुगतान
कानपुर देहात। मवैया के मनरेगा श्रमिक ने प्राथमिक विद्यालय की बाउंड्रीवॉल बनाने में काम किया था। खाता नंबर गलत होने पर बीडीओ ने भुगतान बेटे को कर दिया। मवैया के राम सिंह ने बाउड्रीवॉल बनाने की मजदूरी नहीं मिलने पर 19 जनवरी को मैथा तहसील जाकर संपूर्ण समाधान दिवस में गुहार लगाई। अफसरों ने शिकायत निस्तारण में खेल कर दिया।

बैंक खाता नंबर गलत होने पर श्रमिक को भुगतान नहीं हो सका। अफसरों ने उसके बेटे के बैंक खाते में मजदूरी का भुगतान कर दिया। समस्या का गुणवत्तापरक समाधान नहीं करने पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई। बीडीओ मैथा को कठोर चेतावनी जारी करने का निर्देश सीडीओ को दिया है।
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