फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Chitrakoot: Attempt to make fifth Mukharbind, police stopped it

Chitrakoot: पांचवां मुखारबिंद बनाने की कोशिश, पुलिस ने लगाई रोक, साधु-संतों में आक्रोश, आरोपी को ले गई पुलिस

Sat, 20 Jul 2024 06:42 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट Published by: शिखा पांडेय Updated Sat, 20 Jul 2024 06:42 PM IST
सार

Chitrakoot News: परिक्रमा मार्ग पर भगवान कामदनाथ का पांचवां द्वार बनाने की कोशिश में पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया है। मामले से साधु-संतों में आक्रोश है।

विज्ञापन
Chitrakoot: Attempt to make fifth Mukharbind, police stopped it
पांचवां मुखारबिंद बनाने की कोशिश - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

तीर्थक्षेत्र के परिक्रमा मार्ग पर भगवान कामदनाथ के चार द्वार हैं। कुछ लोगों ने पांचवां द्वार बनाने की कोशिश की। जानकारी होते ही साधु-संतों ने विरोध किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को कोतवाली में बैठाया। तृतीय मुखारबिंद खोही के लक्ष्मीनारायण मंदिर के महंत श्यामदास ने बताया कि परिक्रमा मार्ग पर चार मुखारबिंदों का ही वर्णन है।

विज्ञापन


कुछ लोग पांचवां मुखारबिंद बनाने की कोशिश कर रहे हैं, जो धार्मिकता के बिल्कुल खिलाफ है। आरोप लगाया कि तृतीय मुखारबिंद के पुजारी रहे तुलसीदास तिवारी व सुशील कुमार पर मंदिर में चोरी के आरोप लगे थे। उन्हें मंदिर से हटा दिया था। यही दोनों मिलकर अपने घर के पास पांचवा मुखारबिंद बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
विज्ञापन


पुलिस अधीक्षक को लिखे पत्र में महंत ने इस मंदिर के निर्माण कराने पर रोक लगवाने की मांग की है। इस पर सीतापुर चौकी प्रभारी गौरव तिवारी व खोही चौकी प्रभारी रमेश यादव फोर्स लेकर पहुंचे। कोतवाल उपेंद्र सिंह ने बताया कि किसी नई परंपरा को नहीं शुरू किया जाएगा। इसे लेकर पुलिस टीम आरोपी को पूछताछ के लिए कोतवाली लाई है। मंदिर निर्माण कराने पर रोक लगाई गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed