फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Case of cheating the director of Yadupati Trade of Rs 1.97 crore

Kanpur: यदुपति ट्रेड के निदेशक से 1.97 करोड़ ठगने के बाद रिक्शा चालक के खाते में गए थे पांच लाख, दो गिरफ्तार

Sun, 03 Aug 2025 11:04 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: शिखा पांडेय Updated Sun, 03 Aug 2025 11:04 PM IST
सार

Kanpur News: लखनऊ निवासी दोनों आरोपियों को जाजमऊ से पकड़ा। टीमें मास्टरमाइंड की तलाश में जुटीं हैं। 

विज्ञापन
Case of cheating the director of Yadupati Trade of Rs 1.97 crore
साइबर ठगी के आरोप में पकड़े गए आरोपी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

यदुपति ट्रेड बिज के निदेशक से 69 लाख रुपये की साइबर ठगी के मामले में दो आरोपियों को रविवार को साइबर क्राइम टीम ने जाजमऊ से गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी लखनऊ के शहादतगंज निवासी हसन और ठाकुरगंज रानी कोठी नेपियर रोड काॅलोनी निवासी आशिम हैं। यह रिक्शा चालक के खाते का संचालन कर रहे थे, इसी खाते में ठगी के बाद पांच लाख रुपये ट्रांसफर किए गए थे। पुलिस को आरोपियों के पास से साइबर ठगी में इस्तेमाल किए गए तीन मोबाइल, चार चेकबुक और छह डेबिट कार्ड और एक कार बरामद हुई है।
विज्ञापन


यदुपति ट्रेड के निदेशक अनिल कुमार अग्रवाल के व्हाटसअप पर 20 जुलाई को एक अंजान नंबर से मैसेज आया था। डीपी में कंपनी के एमडी राघवपत सिंहानिया की फोटो लगी थी। मैसेज में नंबर को सेव करने का निर्देश था। अगले दिन 21 जुलाई को निदेशक के पास उसी नंबर से 1.97 करोड़ रुपये ट्रांसफर करने का मैसेज आया। उस दिन राघवपत दिल्ली में थे और निदेशक वहां जा रहे थे। उन्होंने रुपये ट्रांसफर कर दिए। कार्यालय में निदेशक ने उनसे मुलाकात के बाद रुपये ट्रांसफर करने की जानकारी दी तो उन्होंने ऐसा कोई मैसेज भेजने से ही इन्कार कर दिया।
विज्ञापन


इसके बाद उन्हें ठगी का अहसास हुआ तो तुरंत 1930 पर कॉल कर राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने के साथ ही साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। इसके बाद 1.28 करोड रुपये होल्ड करा दिए गए जबकि शातिरों ने 69 लाख रुपये कई खातों में ट्रांसफर कर दिए थे। जांच में सामने आया कि उनमें से एक बैंक खाता लखनऊ के रिक्शा चालक का है। पुलिस उस तक पहुंची तो उसने बताया कि खाता खुलवाने के बाद से उसका संचालन हसन और आशिम ही कर रहे थे। इसके बाद टीम ने उसकी मदद से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। एडीसीपी क्राइम अंजली विश्वकर्मा ने बताया आरोपियों को पकड़ने के साथ मुख्य आरोपी की तलाश जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed