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25 की उम्र में 105 किलो वजन नहीं आते थे शादी के रिश्ते, बेरियाटिक सर्जरी से फिर जी उठे शादी के अरमान
Mon, 19 Aug 2019 01:15 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Mon, 19 Aug 2019 01:15 PM IST
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मोटापा
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कानपुर के युवा कारोबारी का वजन 25 की उम्र में 100 किलो से अधिक होने की वजह से उसे शादी के रिश्ते नहीं आ रहे थे लेकिन अब मेडिकल साइंस की वजह से उसे एक उम्मीद जगी है। युवा कारोबारी के बेरियाटिक सर्जरी के बाद कई ख्वाब जग गए हैं।
मोटापे के कारण उनकी शादी के रिश्ते नहीं आ रहे थे। उन्हें उम्मीद जगी है कि बेरियाटिक सर्जरी से वजन कम होगा जिससे शादी के लिए रिश्ते आएंगे। इसके अलावा मोटापा के कारण घुटनों का दर्द कम होगा और डायबिटीज से सुरक्षा रहेगी।
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मोटापे के कारण उनकी शादी के रिश्ते नहीं आ रहे थे। उन्हें उम्मीद जगी है कि बेरियाटिक सर्जरी से वजन कम होगा जिससे शादी के लिए रिश्ते आएंगे। इसके अलावा मोटापा के कारण घुटनों का दर्द कम होगा और डायबिटीज से सुरक्षा रहेगी।
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जीएसवीएम मेडिकल कालेज के सर्जरी विभाग में आयोजित पहली बेरियाटिक सर्जरी कार्यशाला में रविवार को मोटापा से ग्रस्त दो रोगियों की सर्जरी की गई। बेरियाटिक सर्जरी कार्यशाला में दूसरी सर्जरी 60 वर्षीय महिला की हुई। उनका वजन 120 किग्रा था।
अधिक वजन होने की वजह से उन्हें पैरों के गठिया और डायबिटीज की शिकायत हो गई। उनका बीएमआई 26 के स्थान पर 47 रहा। सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. संजय काला ने बताया कि बेरियाटिक सर्जरी और अस्पताल में उपलब्ध सभी सुविधाएं रोगियों को निशुल्क मुहैया कराई गईं।
जो सामान अस्पताल में नहीं था, उसी को रोगियों को मंगाना पड़ा। फिस्टुला के एक और पाइल्स के दो रोगियों को लेजर सर्जरी सुविधा निशुल्क उपलब्ध कराई गई। बेरियाटिक सर्जरी डॉ. काला, दिल्ली के विशेषज्ञ डॉ. अतुल पीटर, डॉ. योगेश गौतम और डॉ. मनीष वर्मा ने की। उन्होंने बताया कि सर्जरी के बाद रोगी को खानपान में नियंत्रण और लाइफ स्टाइल बदलना जरूरी होता है।
अधिक वजन होने की वजह से उन्हें पैरों के गठिया और डायबिटीज की शिकायत हो गई। उनका बीएमआई 26 के स्थान पर 47 रहा। सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. संजय काला ने बताया कि बेरियाटिक सर्जरी और अस्पताल में उपलब्ध सभी सुविधाएं रोगियों को निशुल्क मुहैया कराई गईं।
जो सामान अस्पताल में नहीं था, उसी को रोगियों को मंगाना पड़ा। फिस्टुला के एक और पाइल्स के दो रोगियों को लेजर सर्जरी सुविधा निशुल्क उपलब्ध कराई गई। बेरियाटिक सर्जरी डॉ. काला, दिल्ली के विशेषज्ञ डॉ. अतुल पीटर, डॉ. योगेश गौतम और डॉ. मनीष वर्मा ने की। उन्होंने बताया कि सर्जरी के बाद रोगी को खानपान में नियंत्रण और लाइफ स्टाइल बदलना जरूरी होता है।